फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   A major fire in a chemical warehouse , four Scorched

केमिकल गोदाम में भीषण आग, चार झुलसे

Sun, 25 Oct 2015 02:19 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ Updated Sun, 25 Oct 2015 02:19 AM IST
विज्ञापन
A major fire in a chemical warehouse , four Scorched

टीपीनगर क्षेत्र के जगन्नाथ पुरी में शनिवार दोपहर केमिकल के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग की चपेट में आकर कई दुकानें भी आ गईं। केमिकल ड्रमों में धमाके होने पर गोदाम समेत मार्केट का लेंटर गिर गया। जिससे लोगों में अफरातफरी मच गई। चार घंटे तक फायरब्रिगेड की टीम आग पर काबू नहीं पा सकी। आग की चपेट में आकर चार लोग झुलस गए।

विज्ञापन


टीपीनगर क्षेत्र के श्रीराम पैलेस निवासी सचिन गुप्ता का जगन्नाथ पुरी स्थित साहनी कांपलेक्स में केमिकल का गोदाम है। जिसमें टायरों की रबरिंग करने में इस्तेमाल किया जाता है। दोपहर को कर्मचारी गोदाम में काम कर रहे थे, तभी अचानक आग लग गई। आग की लपटें इतनी भयंकर थीं कि कांपलेक्स में लोगों को दुकानें बंद कर भागना पड़ा। देखते देखते आग ने भयंकर रूप ले लिया और केमिकल के ड्रमों तक पहुंच गई।
विज्ञापन


केमिकल के ड्रमों में आग लगने पर धमाके होने लगे। जिसके चलते कांपलेक्स और गोदाम का लेंटर नीचे गिर गया। लोगों में अफरातफरी मच गई। लोगों की सूचना पर पुलिस और फायरब्रिगेड की करीब दस गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। कांपलेक्स में बनीं करीब 15 दुकानें भी जल र्गइं। फायर कर्मियों के चार घंटे मशक्कत करने के बाद आग पर काबू पाया जा सका। इस आग में चार लोग भी झुलस गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

 
धमाकों के साथ फटे केमिकल ड्रम
एक के बाद एक करीब बीस केमिकल के ड्रम फटे। धमाकों के साथ केमिकल ड्रम फटने से हड़कंप मच गया। धमाकों की आवाज सुनकर आसपास के लोगों में दहशत फैल गई। जगन्नाथपुरी की अधिकांश दुकानें बंद हो र्गइं। लोगों का कहना है कि अगर लेंटर नहीं गिरता तो बड़ा हादसा हो सकता था।

मौके से चले गए गोदाम मालिक
जगन्नाथ पुरी में केमिकल गोदाम में आग लगने की सूचना शहर में आग की तरफ फैल गई। इतनी भयंकर आग कैसे और किसकी लापरवाही से लगी, इसका खुलासा अभी नहीं हो सका। पुलिस का कहना है कि गोदाम मालिक वहां से चले गए थे। आग का कारण जानने के लिए फायरब्रिगेड की टीम देर रात तक कांपलेक्स में लगी रही।

आग से बचते रहे फायरकर्मी
आग लगने की सूचना पर घंटाघर, परतापुर और पुलिस लाइन से फायरब्रिगेड की करीब दस गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। आग पर काबू करने में फायर कर्मियों को करीब चार घंटे लगे। फायरकर्मियों को कांपलेक्स में अंदर जाने का रास्ता तक नहीं मिला। लेंटर गिरा, तब जाकर आग पर काबू पाया जा सका। लोगों ने बताया कि फायरकर्मी आग से बचते रहे।

लेंटर नहीं गिरता तो होता बड़ा हादसा
केमिकल गोदाम में आग भीषण रूप ले चुकी थी। लोगोें ने बताया कि लेंटर नहीं गिरता तो पड़ोस में गांधी ट्रांसपोर्टर के नाम से गौरव शर्मा का बड़े गोदाम तक आग पहुंच सकती थी। मेरठ व्यापारी संघ के मंत्री और ट्रांसपोर्टनगर व्यापार संघ के अध्यक्ष गौरव शर्मा का कहना है कि उनके गोदाम में टायर, कपड़ा, महंगे पार्ट्स सहित करोड़ों का माल पड़ा रहता है।


केमिकल की कई अवैध फैक्ट्रियां
ट्रांसपोर्ट संघ अध्यक्ष गौरव शर्मा ने बताया कि संघ की ओर से पहले भी केमिकल की फैक्ट्रियों के खिलाफ शिकायत की जा चुकी है। लेकिन कोई भी कार्रवाई नहीं हुई। यही कारण है कि ट्रांसपोर्ट नगर में एक बड़ा हादसा होने से बच गया। भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए ट्रांसपोर्ट संघ ऐसी फैक्ट्रियों के खिलाफ डीएम से मिलकर शिकायत करेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed