{"_id":"5b47c1d04f1c1b08278b6382","slug":"141531429328-meerut-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंस्पेक्टरों को रास नहीं आया डीजीपी का आदेश","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
इंस्पेक्टरों को रास नहीं आया डीजीपी का आदेश
Updated Fri, 13 Jul 2018 02:32 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेरठ। इंस्पेक्टरों को डीजीपी का नया आदेश रास नहीं आया और ये आदेश हवा में उड़ा दिए गए। 15 दिन पहले एसएसपी ने सर्किल वाले थानों में नए शासनादेश के तहत प्रभारी निरीक्षक के अलावा तीन-तीन अन्य इंस्पेक्टर भी तैनात किए थे। लेकिन सदर बाजार थाने को छोड़कर किसी भी थाने में सभी इंस्पेक्टर नहीं पहुंचे। इंस्पेक्टरों ने कप्तान के आदेश भी दरकिनार कर दिए हैं।
अपराध नियंत्रण को लेकर डीजीपी ओपी सिंह ने प्रदेश के सभी जिलों में नया आदेश जारी किया था। जिसमें प्रभारी निरीक्षक के अलावा थाने में इंस्पेक्टर कानून व्यवस्था, इंस्पेक्टर प्रशासन और इंस्पेक्टर अपराध को लेकर भी तैनाती के निर्देश दिए गए थे। निर्देश थे कि नई व्यवस्था को सभी थानों में न करकर पहले सर्किल वाले थाने में की जाए। 15 दिन पहले एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने जिले में सर्किल के नौ थानों में प्रभारी निरीक्षक के अलावा तीन-तीन अन्य इंस्पेक्टर भी तैनात किए थे।
इन थानो में तैनात किए थे इंस्पेक्टर
सदर बाजार थाने में तीनों इंस्पेक्टरों ने पहुंचकर आमद करा ली। इस थाने के अलावा अन्य किसी भी थाने में अधिकांश ने आमद नहीं नहीं कराई। कंकरखेड़ा थाने में एक, सिविल लाइन थाने में एक, ब्रह्मपुरी थाने में एक, सदर देहात सर्किल के गंगानगर थाने में तीनों इंस्पेक्टर नहीं पहुंचे। किठौर में एक इंस्पेक्टर ने आमद कराई और एक इंस्पेक्टर ट्रेनिंग पर चले गए। सरधना थाने में भी आमद नहीं कराई। मवाना में एक इंस्पेक्टर ने आमद कराई है। किठौर में एक इंस्पेक्टर ने आमद कराई और एक इंस्पेक्टर ट्रेनिंग पर हैं। कोतवाली में एक इंस्पेक्टर पहुंचे और दो ट्रेनिंग पर चले गए।
विज्ञापन
बैठने की जगह को लेकर भी परेशान
कानून व्यवस्था, प्रशासन और अपराध के पद पर जो इंस्पेक्टर तैनात किए गए थे, उनमें से नई व्यवस्था अधिकांश को पसंद नहीं आयी। गंगानगर थाना तो दो कमरों में ही चल रहा है। ऐसे में पहले से ही वहां बैठने की जगह नहीं है तो फिर तीन इंस्पेक्टर कहां बैठेंगे।
विज्ञापन
अपराध नियंत्रण को लेकर डीजीपी ओपी सिंह ने प्रदेश के सभी जिलों में नया आदेश जारी किया था। जिसमें प्रभारी निरीक्षक के अलावा थाने में इंस्पेक्टर कानून व्यवस्था, इंस्पेक्टर प्रशासन और इंस्पेक्टर अपराध को लेकर भी तैनाती के निर्देश दिए गए थे। निर्देश थे कि नई व्यवस्था को सभी थानों में न करकर पहले सर्किल वाले थाने में की जाए। 15 दिन पहले एसएसपी राजेश कुमार पांडेय ने जिले में सर्किल के नौ थानों में प्रभारी निरीक्षक के अलावा तीन-तीन अन्य इंस्पेक्टर भी तैनात किए थे।
विज्ञापन
इन थानो में तैनात किए थे इंस्पेक्टर
सदर बाजार थाने में तीनों इंस्पेक्टरों ने पहुंचकर आमद करा ली। इस थाने के अलावा अन्य किसी भी थाने में अधिकांश ने आमद नहीं नहीं कराई। कंकरखेड़ा थाने में एक, सिविल लाइन थाने में एक, ब्रह्मपुरी थाने में एक, सदर देहात सर्किल के गंगानगर थाने में तीनों इंस्पेक्टर नहीं पहुंचे। किठौर में एक इंस्पेक्टर ने आमद कराई और एक इंस्पेक्टर ट्रेनिंग पर चले गए। सरधना थाने में भी आमद नहीं कराई। मवाना में एक इंस्पेक्टर ने आमद कराई है। किठौर में एक इंस्पेक्टर ने आमद कराई और एक इंस्पेक्टर ट्रेनिंग पर हैं। कोतवाली में एक इंस्पेक्टर पहुंचे और दो ट्रेनिंग पर चले गए।
विज्ञापन
बैठने की जगह को लेकर भी परेशान
कानून व्यवस्था, प्रशासन और अपराध के पद पर जो इंस्पेक्टर तैनात किए गए थे, उनमें से नई व्यवस्था अधिकांश को पसंद नहीं आयी। गंगानगर थाना तो दो कमरों में ही चल रहा है। ऐसे में पहले से ही वहां बैठने की जगह नहीं है तो फिर तीन इंस्पेक्टर कहां बैठेंगे।