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Meerut News: वेस्ट में हाईकोर्ट बनने पर मिलेगा सस्ता और सुलभ न्याय

Thu, 18 Dec 2025 01:04 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 18 Dec 2025 01:04 AM IST
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Cheap and accessible justice will be available if the High Court is established in the West
बिजनौर। अधिवक्ताओं का कहना है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाईकोर्ट की बेंच पुरानी है लेकिन इसे पूरा नहीं किया जा रहा। यहां बेंच की स्थापना से वादकारियों को सस्ता और सुलभ न्याय मिल सकेगा।
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वरिष्ठ अधिवक्ता अनिल का कहना है कि शर्मा वेस्ट यूपी में विगत 44 वर्षों से हाईकोर्ट बेंच की मांग चली आ रही है। सरकार को चाहिए कि इस मांग को जल्द पूरा करे, ताकि वादकारियों को न्याय के लिए लंबा सफर तय न करना पड़े।
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जिला बार के प्रवक्ता पंकज विश्नोई का कहना है कि वेस्ट के 22 जिलों के समस्त अधिवक्ता हाईकोर्ट बेंच की मांग को लेकर निरंतर संघर्षरत हैं। इस समस्या को नजरअंदाज किया जा रहा है। यहां हाईकोर्ट बेंच की स्थापना आवश्यक है।
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जिला बार के सदस्य अमित कुमार चौहान का कहना है कि हाई कोर्ट बेंच की स्थापना हेतु संसद के वर्तमान शीतकालीन सत्र में अविलंब कानून बनाकर प्रस्ताव पारित किया जाए। हाई कोर्ट बेंच बनने से वादकारियों को शीघ्र न्याय मिल सकेगा तथा उनके समय और धन की बचत होगी। एडवोकेट भास्कर सिंह का कहना है कि पउप्र देश के सबसे अधिक आबादी और मुकदमों वाले क्षेत्रों में से एक है। फिर भी यहां हाईकोर्ट की बेंच नहीं है। महाराष्ट्र में चार हाईकोर्ट बेंच हैं, जबकि पश्चिमी यूपी के नागरिकों को आज भी सैकड़ों किलोमीटर दूर इलाहाबाद जाना पड़ता है। यह स्थिति न्याय तक आसान पहुंच के संवैधानिक अधिकार के विरुद्ध है।

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अधिवक्ताओं ने एसडीएम को दिया ज्ञापन
फोटो-

चांदपुर। हाईकोर्ट बेंच की मांग को लेकर सिविल बार एसोसिएशन चांदपुर व सीनियर बार एसोसिएशन चांदपुर ने प्रधानमंत्री के नाम एसडीएम नितिन तेवतिया को ज्ञापन दिया। सीनियर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष संदीप कुमार, महासचिव मनोज कुमार, शेखर चौधरी, अर्चना शर्मा आदि मौजूद रहे। वहीं सिविल बार एसोसिएशन की शमशाद अहमद की अध्यक्षता व हरिश्वर सिंह के संचालन में हुई बैठक में न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया। सुनील शर्मा, रियाज आलम, छत्रपाल सिंह, तुलाराम, नौशाद अली, हाजी सिराजुद्दीन आदि अधिवक्ता शामिल रहे।
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