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सीसीएसयू में रुकेगा दाखिले का फर्जीवाड़ा
ब्यूरो/अमर उजाला, मेरठ
Updated Thu, 07 Jan 2016 02:12 AM IST
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नये सेशन से चौधरी चरण सिंह विवि अपने ऑनलाइन सिस्टम को मजबूत करने जा रहा है, जिसके बाद कई तरह के फर्जीवाड़े रोके जा सकेंगे। प्रवेश के दौरान दिए जाने वाला डाटा ही परीक्षा फॉर्म में भरा जाएगा। इससे परीक्षा फॉर्म भरने में होने वाले खेल को रोका जा सके।
मंगलवार को संपन्न हुए दीक्षांत समारोह के दौरान कार्यवाहक कुलपति प्रो. एचएस सिंह ने प्रवेश प्रक्रिया से लेकर परीक्षा फॉर्म भरे जाने तक के ऑनलाइन सिस्टम को अपग्रेड करने की बात कही।
विवि प्रवेश प्रक्रिया के डाटा को परीक्षा फॉर्म से कुछ इसी तरह से लिंकअप करेगा कि परीक्षा फॉर्म भरते वक्त जैसे ही छात्र अपना पंजीकरण नंबर डालेगा तो उसका तमाम डाटा आ जाएगा। जब सारा रिकॉर्ड का मिलान हो जाएगा तो उसके बाद ही परीक्षा फॉर्म सबमिट कर पाएगा। अगर छात्र परीक्षा फॉर्म में प्रवेश के दौरान दिए गए डाटा से अतिरिक्त कोई भी जानकारी देता है तो उसका फॉर्म नहीं भरा जाएगा।
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इस प्रक्रिया से विवि सब्जेक्ट में बदलाव किये जाने को लेकर होने वाले धांधली को रोक पाएगा। अकसर विवि में सब्जेक्ट बदने पर विवाद होता है। सारा रिकार्ड लिंकअप होने के बाद विवि को उम्मीद है कि उससे प्रवेश प्रक्रिया के दौरान फर्जी डाक्यूमेंट लगाकर एडमिशन पाने वाले छात्रों पर भी लगाम लगेगी। ऐसी संभावना जताई जा रही है कि विवि नए शैक्षिक सत्र से इसे प्रभावी रूप से लागू कर देगा।
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मंगलवार को संपन्न हुए दीक्षांत समारोह के दौरान कार्यवाहक कुलपति प्रो. एचएस सिंह ने प्रवेश प्रक्रिया से लेकर परीक्षा फॉर्म भरे जाने तक के ऑनलाइन सिस्टम को अपग्रेड करने की बात कही।
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विवि प्रवेश प्रक्रिया के डाटा को परीक्षा फॉर्म से कुछ इसी तरह से लिंकअप करेगा कि परीक्षा फॉर्म भरते वक्त जैसे ही छात्र अपना पंजीकरण नंबर डालेगा तो उसका तमाम डाटा आ जाएगा। जब सारा रिकॉर्ड का मिलान हो जाएगा तो उसके बाद ही परीक्षा फॉर्म सबमिट कर पाएगा। अगर छात्र परीक्षा फॉर्म में प्रवेश के दौरान दिए गए डाटा से अतिरिक्त कोई भी जानकारी देता है तो उसका फॉर्म नहीं भरा जाएगा।
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इस प्रक्रिया से विवि सब्जेक्ट में बदलाव किये जाने को लेकर होने वाले धांधली को रोक पाएगा। अकसर विवि में सब्जेक्ट बदने पर विवाद होता है। सारा रिकार्ड लिंकअप होने के बाद विवि को उम्मीद है कि उससे प्रवेश प्रक्रिया के दौरान फर्जी डाक्यूमेंट लगाकर एडमिशन पाने वाले छात्रों पर भी लगाम लगेगी। ऐसी संभावना जताई जा रही है कि विवि नए शैक्षिक सत्र से इसे प्रभावी रूप से लागू कर देगा।