मेरठ-मुजफ्फरनगर और बिजनौर में भारी बवाल, आठ की मौत, दो पुलिस चौकी समेत दर्जनों वाहन फूंके
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नागरिकता संसोधन कानून के विरोध में मेरठ, मुजफ्फरनगर और बिजनौर में शुक्रवार को भारी बवाल हुआ है। जहां मेरठ में गोली लगने से पांच की मौत हुई तो वहीं बिजनौर में गोली लगने से दो लोगों की मौत हो गई। मुजफ्फरनगर में भी एक की मौत हो गई है। मेरठ में इंटरनेट सेवा भी शनिवार शाम तक बंद कर दी गई है।
मेरठ में शुक्रवार को जमकर बवाल हुआ। बवालियों ने पुलिस की दो दर्जन से ज्यादा गाड़ियों को फूंक दिया। जमकर पथराव और फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में तीन बवालियों की पुलिस की गोली लगने से मौत हो गई, जबकि तीन-चार बवाली गोली लगने से घायल हुए हैं। तीन सिपाहियों को भी गोली लगी है। पथराव में डीएम, एसएसपी, एसपी सिटी और एडीएम सिटी समेत कई पुलिसकर्मी चोटिल हो गए।
मेरठ में बवाल होने का इनपुट था। जुमे की नमाज को देखते हाई अलर्ट घोषित किया गया था। दोपहर करीब दो बजे कोतवाली स्थित जामा मस्जिद से नमाज के बाद लोगों की भीड़ सीएए के विरोध में काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन करते हुए बाहर निकली। पुलिस फोर्स ने उनको रोकने की कोशिश की तो भीड़ ने नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को खदेड़ दिया। उसके बाद 15-20 बवाली लिसाड़ीगेट चौराहे पर पहुंचकर हंगामा करने लगे। भीड़ बढ़ती गई। जिसके बाद बवालियों ने पुलिस पर पथराव और फायरिंग करनी शुरू कर दी।
सूचना पर डीएम और एसएसपी फोर्स लेकर लिसाड़ी गेट में पहुंचे। दोनों तरफ से पथराव होने के साथ गोलियां चलने लगीं। इसके बाद हापुड़ अड्डे पर पहुंचे बवालियों ने पुलिसकर्मियों पर पथराव करते उनकी गाड़ियों में तोड़फोड़ करनी शुरू कर दी। हापुड़ रोड पर पुलिस फोर्स की कमी होने के चलते बवालियों की भीड़ बढ़ गई। एसडीएम सहित 20 रंगरूट (ट्रेनी सिपाहियों) को एक मकान में बवालियों ने बंधक बना लिया। पथराव और पुलिस के वाहनों में आगजनी होने पर हापुड़ रोड पर भगदड़ मच गई। जिसके बाद पुलिस ने जवाबी फायरिंग की।
पुलिस की गोली से आसिफ (20) पुत्र जुग्गी निवासी झिलमिल कालोनी दिल्ली, जहीर (25) पुत्र मुंशी निवासी रशीदनगर लिसाड़ीगेट, मोहसिन (25) पुत्र अहसान निवासी भूमिया पुल ब्रह्मपुरी और आसिफ (30) पुत्र शाहिद निवासी ऊंचा सद्दीक नगर थाना लिसाड़ी गेट और एक अन्य की मौत हो गई। जबकि चार बवाली रहसू, अमजद निवासी भूमिया का पुल, समीर निवासी मुजफ्फरनगर और खुर्शीद निवासी लखनऊ घायल हुए हैं। बवालियों ने पुलिसकर्मियों पर कई राउंड फायरिंग की, जिसमें सिपाही बीडी शुक्ला, अनुज कुमार और अंकित राठी गोली लगने से घायल हो गए। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। देर रात तक हापुड़ रोड और लिसाड़ी गेट में बवाल चलता रहा और पुलिस फोर्स हालात काबू पाने के प्रयास में लगी थी।
नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोगों ने जमकर उपद्रव मयाया। बिजनौर और मुजफ्फरनगर में बवाल हुआ। तोड़फोड़, आगजनी और पथराव किया गया। बिजनौर में गोली लगने से दो लोगों की मौत हो गई, जबकि मुजफ्फरनगर में गोली लगने से तीन लोग घायल हो गए।
बिजनौर में नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ पूरे जिले में खूब उत्पात मचाया गया। तिरंगा हाथ में लेकर जुलूस निकालकर पुलिस व दुकानों पर पथराव और जमकर तोड़फोड़ की। नहटौर में पुलिस की गाड़ी फूंक दी। सड़क किनारे खड़ी गाड़ियों के शीशे तोड़ डाले। मीडियाकर्मियों को पीटा। नहटौर में गोली लगने से एक युवक की मौत हुई है। पथराव होने से सड़कों पर भगदड़ मच गई। पथराव करके लौट रहे कुछ युवकों को बाद में पुलिस ने दबोच दिया। पथराव में दर्जन भर राहगीर, एक इंस्पेक्टर व कई पुलिसकर्मी घायल हुए।
उधर, मुजफ्फरनगर में भी एक युवक की मौत हो गई है। शहर के मीनाक्षी चौक के पास उग्र भीड़ ने प्रदर्शन कर पथराव, तोड़फोड़ और आगजनी कर दी। पांच बाइक और स्कूटी के अलावा कारों में आग लगा दी। अस्थायी पुलिस चौकी भी फूंक दी। गोली बारी में तीन लोग घायल हुए। पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया। मीनाक्षी चौक और शिव चौक पर अलग अलग पक्ष की भीड़ इकट्ठा हो गई। मीनाक्षी चौक के अलावा महावीर चौक पर पथराव और लाठीचार्ज हुआ। कच्ची सड़क पर प्रदर्शनकारियों को रोकने के दौरान लाठीचार्ज हुआ। सरवट चौक पर जाम लगाया, पुलिस ने भीड़ को खदेड़ा।
वहीं, सहारनपुर शहर में घंटाघर पर बड़ी संख्या में लोगों ने नारेबाजी के साथ प्रदर्शन किया। दहशत में बाजार बंद रहे। देवबंद में खानाकाह चौकी से शुरू होकर प्रदर्शनकारियों ने जुलूस निकाला। बाजार से होकर दारुल उलूम पर पहुंचकर संपन्न हुआ। खानकाह पुलिस चौकी के पास दीवार गिर गई, जिसमें तीन लोग दब गए। अफरा तफरी मची रही।
शामली शहर के आजाद चौक में प्रदर्शन किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें बाहर निकलने से रोक दिया। बागपत के रटौल गांव में बाजार बंद रहे। पुलिस ने सतर्कता बरती।
नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/