बांग्लादेश हिंसा: मेरठ के बाजारों में रहा सन्नाटा, चिकित्सकों द्वारा बंद का समर्थन, दोपहर तक नहीं खोले क्लिनिक
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार और नरसंहार के विरोध में आईएमए के चिकित्सकों ने आज दोपहर एक बजे तक अपने क्लिनिक बंद रखे। इसके साथ ही बाजार भी बंद रहे।
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बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के विरोध में आज मेरठ में बंद किया गया। सब व्यापारी संगठन बंद को लेकर एकजुट हुए। व्यापारियों को अन्य संगठनों का समर्थन भी मिला। शहर के डॉक्टरों ने भी एक बजे तक अपने क्लीनिक बंद रखे।
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार और नरसंहार के विरोध में आईएमए के चिकित्सक भी समर्थन में आ गए। शहर के सभी चिकित्सकों ने आज दोपहर एक बजे तक अपने क्लिनिक बंद रखे। इस बीच ओपीडी कार्य स्थगित रहा, लेकिन मरीजों की परेशानियों को देखते हुए सभी प्रकार आपातकालीन सेवाएं सुचारू रहीं।
शहर के बुढ़ाना गेट से जिला अधिकारी कार्यालय तक पैदल मार्च निकालकर व्यापारियों ने प्रधानमंत्री के नाम जिला अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। शहर में सभी व्यापारिक प्रतिष्ठान दोपहर तक पूरी तरह बंद रहे। व्यापारियों के द्वारा बुढ़ाना गेट से मौन जुलूस निकाला गया।
संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने कहा कि केंद्र सरकार हस्तक्षेप कर बांग्लादेश में हिंदुओं के साथ हो रहे अत्याचार को तुरंत रुकवाए। इसी उद्देश्य के साथ शहर के व्यापारियों ने बाजार बंद कर अपना विरोध प्रकट किया है।
संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष अजय गुप्ता ने कहा शहर के सभी व्यापारी पूरी तरह बांग्लादेश में रह रहे हिंदुओं के साथ है। संगठन के द्वारा जो मदद की आवश्यकता होगी वह की जाएगी।
महामंत्री दलजीत सिंह ने कहा कि 1:00 तक बाजार बंद रखकर व्यापारियों ने दिखा दिया है कि वह क्या चाहते हैं। सरकार को व्यापारियों के हित में बांग्लादेश में हो रहे हिंदुओं पर अत्याचार को रुकवाना चाहिए। महामंत्री संजय जैन ने कहा कि व्यापारी पूरी तरह बांग्लादेश में रह रहे हिंदुओं के साथ हैं।
आर्य समाज थापरनगर के प्रधान राजेश सेठी और केंद्रीय आर्य समिति के मंत्री रविंद्र सिंह ने बताया कि आर्य समाज पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ इस प्रदर्शन में सहभागी रहे।