{"_id":"5ef0b8ec7d971d7e301896bc","slug":"baghpat-a-couple-drowning-in-the-yamuna-after-a-solar-eclipse-died-due-to-drowning","type":"story","status":"publish","title_hn":"बागपत: सूर्यग्रहण के बाद यमुना में स्नान करने गए दंपती की डूबने से मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बागपत: सूर्यग्रहण के बाद यमुना में स्नान करने गए दंपती की डूबने से मौत
Mon, 22 Jun 2020 07:28 PM IST
Dimple Sirohi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बागपत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बागपत
Published by: Dimple Sirohi
Updated Mon, 22 Jun 2020 07:28 PM IST
सार
- सुल्तानपुर हटाना गांव का मामला, क्षेत्र में गम का माहौल
- गर्भवती पत्नी को बचाने के चक्कर में पति भी यमुना में डूब गया
विज्ञापन
मौके पर मौजूद पुलिस, विवाहिता का फाइल फोटो
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश के बागपत में रविवार को साल के सबसे लंबे सूर्यग्रहण का प्रकोप कम करने के लिए सुल्तानपुर हटाना गांव के निकट यमुना नदी में नहाने गए दंपती की डूब जाने से मौत हो गई।
विज्ञापन
महिला गर्भवती थी, स्नान करते समय गहरे पानी में चले जाने के कारण वह डूबने लगी तो पति उसे बचाने की कोशिश में डूब गया। स्थानीय गोताखोरों ने करीब पांच घंटे की मशक्कत के बाद दंपति के शव को यमुना से निकाला। बिना पोस्टमार्टम कराए दोनों का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
विज्ञापन
सुल्तानपुर हटाना गांव निवासी सचिन उर्फ जोनी कश्यप (23) पुत्र अशोक कश्यप अपनी पत्नी मोनी कश्यप (22) के साथ सोमवार को गांव से कुछ ही दूर बह रही यमुना में स्नान करने गया था। गांव के कुछ लोग भी किनारे पर मौजूद थे।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें बड़ा हादसा: हाईटेंशन लाइन से टकराया ट्रक, मौके पर तीन लोगों की मौत, कई गंभीर रूप से घायल
मोनी नहाते हुए गहरे पानी में चली गई। उसे डूबते देख सचिन भी गहरे पानी की तरफ चला गया। किनारे पर खड़े लोगों ने मदद के लिए शोर मचाना शुरू किया, लेकिन तब तक दंपती यमुना में डूब चुका था। गांव में हादसे की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे।
स्थानीय गोताखोर बुलाए गए। ग्राम प्रधान रविंद्र कुमार और बड़ौत कोतवाली प्रभारी अजय शर्मा मौके पर पहुंचे। करीब पांच घंटे की मशक्कत के बाद स्थानीय गोताखोरों ने दंपती के शवों को बाहर निकाला। परिजनों ने बिना पुलिस कार्रवाई के ही गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया। हादसे के बाद पूरे गांव में गम का माहौल है।