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बीए, बीएससी-बीकॉम में लड़कियां तो प्रोफेशनल में लड़के आगे
Sat, 08 Jun 2019 03:47 AM IST
Gaurav sharma
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
Published by: Gaurav sharma
Updated Sat, 08 Jun 2019 03:47 AM IST
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सीसीएसयू फाइल फोटो
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सीसीएसयू से संबद्ध कॉलेजों में यूजी कोर्सों में एडमिशन में बीए-बीएससी-बीकॉम में अब तक सबसे ज्यादा आवेदन किए गए हैं। इनमें लड़कियों की संख्या लड़कों से काफी अधिक है। लड़कियों की पसंद जहां यह तीनों कोर्स बने हुए हैं। वहीं, प्रोफेशनल कोर्सों में लड़कों की संख्या ज्यादा है। शुक्रवार रात तक हुए रजिस्ट्रेशन की बात करें तो 82750 छात्र-छात्राओं ने आवेदन किया है। यूजी में रजिस्ट्रेशन की अंतिम तिथि जहां 13 जून है वहीं, पीजी कोर्सों में रजिस्ट्रेशन 15 जून से शुरू होंगे।
यूजी कोर्सों में रजिस्ट्रेशन की बात करें तो बीए नंबर वन पर है। इसमें 40 हजार से ज्यादा छात्र-छात्राओं ने रजिस्ट्रेशन किए हैं। इसमें लड़कियों की सख्ंया 25 हजार के करीब है। बीकॉम में 12 हजार के करीब रजिस्ट्रेशन हुए हैं। इनमें भी लड़कियों की संख्या अधिक है। बीएससी में भी 12 हजार के करीब रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं। इसमें भी लड़कियां ज्यादा हैं। एक तरफ जहां इन तीनों विषयों को छात्र-छात्राएं खूब पसंद कर रहे हैं वहीं, प्रोफेशनल कोर्सों का बुरा हाल है। रजिस्ट्रेशन ओपन हुए 14 दिन बीतने के बाद भी इनमें रजिस्ट्रेशन बहुत धीमी गति से हो रहे हैं। बीए-एलएलबी में भी सीसीएसयू के कॉलेजों में जहां सात हजार से ज्यादा सीटें हैं उनमें अभी दो हजार भी रजिस्ट्रेशन नहीं हो पाए हैं। बीएससी एग्रीकल्चर में भी खूब आवेदन किए जा रहे हैं। पहली बार कॉलेजों में शुरू हुए पांच वर्षीय बीकॉम-एलएलबी कोर्स में भी छात्रों की संख्या अभी अधिक नहीं है। 30 छात्र-छात्राओं ने ही आवेदन किए हैं। इसके अलावा प्रोफेशनल कोर्सों में बीबीए-बीसीए का हाल भी अच्छा नहीं है। सेल्फ फाइनेंस प्रोफेशनल में कई कोर्स तो ऐसे हैं जिनमें अभी तक महज एक-एक रजिस्ट्रेशन ही हो पाए हैं। यह भी तब है जबकि मेरठ-सहारनपुर मंडल में इस बार 12वीं में ढाई लाख छात्र पास हुए हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में सीटें खाली रह सकती हैं।
आर्थिक आधार पर आरक्षण की 10 फीसदी सीटों पर आज लगेगी मुहर
कैंपस में शनिवार को होने वाली कार्य परिषद की बैठक में आर्थिक आधार पर आरक्षण के तहत बढ़ाई जाने वाली 10 फीसदी सीटों पर मुहर लगेगी। यूजी फर्स्ट ईयर में सीटों की संख्या 1 लाख 60 हजार से ज्यादा हो जाएगी। फिलहाल मेरठ और सहारनपुर मंडल के नौ जिलों के एडेड-राजकीय और सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में बीए, बीएससी, बीकॉम, बीएससी एजी में 142851 सीटें हैं। इनमें बीए में एडेड-राजकीय कॉलेजों में 22 हजार और सेल्फ फाइनेंस में 54 हजार से ज्यादा, बीकॉम में एडेड-राजकीय कॉलेजों में 4600 और सेल्फ फाइनेंस में 22000 से ज्यादा सीटें हैं। बीएससी बायो-मैथ-स्टैटिस्टिक्स में एडेड-राजकीय कॉलेजों में 9463 और सेल्फ फाइनेंस में 20 हजार से ज्यादा सीटें हैं। बीएससी एजी में एडेड और सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में 2840 सीटें हैं। 12वीं के बाद पांच वर्षीय बीए-एलएलबी और बीकॉम-एलएलबी में छह हजार से ज्यादा सीटें हैं। कार्य परिषद में सवा सौ से ज्यादा कॉलेजों में सीटों के विस्तार, संबद्घता आदि पर भी फैसला होगा।
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यूजी कोर्सों में रजिस्ट्रेशन की बात करें तो बीए नंबर वन पर है। इसमें 40 हजार से ज्यादा छात्र-छात्राओं ने रजिस्ट्रेशन किए हैं। इसमें लड़कियों की सख्ंया 25 हजार के करीब है। बीकॉम में 12 हजार के करीब रजिस्ट्रेशन हुए हैं। इनमें भी लड़कियों की संख्या अधिक है। बीएससी में भी 12 हजार के करीब रजिस्ट्रेशन हो चुके हैं। इसमें भी लड़कियां ज्यादा हैं। एक तरफ जहां इन तीनों विषयों को छात्र-छात्राएं खूब पसंद कर रहे हैं वहीं, प्रोफेशनल कोर्सों का बुरा हाल है। रजिस्ट्रेशन ओपन हुए 14 दिन बीतने के बाद भी इनमें रजिस्ट्रेशन बहुत धीमी गति से हो रहे हैं। बीए-एलएलबी में भी सीसीएसयू के कॉलेजों में जहां सात हजार से ज्यादा सीटें हैं उनमें अभी दो हजार भी रजिस्ट्रेशन नहीं हो पाए हैं। बीएससी एग्रीकल्चर में भी खूब आवेदन किए जा रहे हैं। पहली बार कॉलेजों में शुरू हुए पांच वर्षीय बीकॉम-एलएलबी कोर्स में भी छात्रों की संख्या अभी अधिक नहीं है। 30 छात्र-छात्राओं ने ही आवेदन किए हैं। इसके अलावा प्रोफेशनल कोर्सों में बीबीए-बीसीए का हाल भी अच्छा नहीं है। सेल्फ फाइनेंस प्रोफेशनल में कई कोर्स तो ऐसे हैं जिनमें अभी तक महज एक-एक रजिस्ट्रेशन ही हो पाए हैं। यह भी तब है जबकि मेरठ-सहारनपुर मंडल में इस बार 12वीं में ढाई लाख छात्र पास हुए हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में सीटें खाली रह सकती हैं।
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आर्थिक आधार पर आरक्षण की 10 फीसदी सीटों पर आज लगेगी मुहर
कैंपस में शनिवार को होने वाली कार्य परिषद की बैठक में आर्थिक आधार पर आरक्षण के तहत बढ़ाई जाने वाली 10 फीसदी सीटों पर मुहर लगेगी। यूजी फर्स्ट ईयर में सीटों की संख्या 1 लाख 60 हजार से ज्यादा हो जाएगी। फिलहाल मेरठ और सहारनपुर मंडल के नौ जिलों के एडेड-राजकीय और सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में बीए, बीएससी, बीकॉम, बीएससी एजी में 142851 सीटें हैं। इनमें बीए में एडेड-राजकीय कॉलेजों में 22 हजार और सेल्फ फाइनेंस में 54 हजार से ज्यादा, बीकॉम में एडेड-राजकीय कॉलेजों में 4600 और सेल्फ फाइनेंस में 22000 से ज्यादा सीटें हैं। बीएससी बायो-मैथ-स्टैटिस्टिक्स में एडेड-राजकीय कॉलेजों में 9463 और सेल्फ फाइनेंस में 20 हजार से ज्यादा सीटें हैं। बीएससी एजी में एडेड और सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों में 2840 सीटें हैं। 12वीं के बाद पांच वर्षीय बीए-एलएलबी और बीकॉम-एलएलबी में छह हजार से ज्यादा सीटें हैं। कार्य परिषद में सवा सौ से ज्यादा कॉलेजों में सीटों के विस्तार, संबद्घता आदि पर भी फैसला होगा।
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