{"_id":"61ee3fdb0dc6e51f611746e0","slug":"assembly-election-2022-samajwadi-party-have-not-won-on-three-seat-of-meerut-in-all-elections","type":"story","status":"publish","title_hn":"जीत की उम्मीद: मेरठ की इन सीटों पर कभी नहीं दौड़ी सपा की साइकिल, इस बार भी रहेगा कांटे मुकाबला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जीत की उम्मीद: मेरठ की इन सीटों पर कभी नहीं दौड़ी सपा की साइकिल, इस बार भी रहेगा कांटे मुकाबला
Mon, 24 Jan 2022 11:27 AM IST
कपिल kapil
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ
Published by: कपिल kapil
Updated Mon, 24 Jan 2022 11:27 AM IST
सार
मेरठ के इतिहास में तीन ऐसी विधानसभा सीटें हैं, जिन पर कभी भी सपा की साइकिल नहीं दौड़ी। इन तीनों सीटों पर इस बार भी कांटे का मुकाबला रहेगा।
विज्ञापन
फाइल फोटो।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अखिलेश सरकार ने भले ही मेरठ में साइकिल ट्रैक बनाया हो पर यहां आजादी के बाद से 2017 तक तीन सीटों पर कभी भी उनकी साइकिल नहीं दौड़ सकी। इन तीन में से इस बार कैंट सीट सपा ने गठबंधन में रालोद को दे दी है, जबकि दक्षिण और सरधना में अपने प्रत्याशी उतारे हैं।
विज्ञापन
चार अक्तूबर 1992 को गठन के बाद से ही सपा मेरठ की सभी सीटों पर चुनाव लड़ती रही है। पार्टी को सबसे ज्यादा सफलता यहां किठौर सीट पर मिली है। यहां 2002, 2007 और 2012 के तीन विधानसभा चुनाव सपा के शाहिद मंजूर ने जीते हैं। सपा ने प्रदेश सरकार में मंत्री बनाकर शाहिद को इसका इनाम भी दिया। प्रभुदयाल वाल्मीकि ने सपा के टिकट पर 2002 और 2012 में हस्तिनापुर सीट रालोद की झोली में डाली थी।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें: मेरठ : परतापुर में महिला का बोरे में बंद शव तालाब में पड़ा मिला, हत्या की आशंका
विज्ञापन
वहीं शहर सीट पर 2007 में पहली बार सपा के रफीक अंसारी ने जीत दर्ज की तो 2012 में सिवालखास से हाजी गुलाम मोहम्मद जीते। इस सीट पर भी एक-एक बार उनका खाता खुला है। रफीक अंसारी (2007) और गुलाम मोहम्मद (2012) में जीते। कैंट, दक्षिण और सरधना में सपा को खाता खोलने का इंतजार है।
यह भी पढ़ें: यूपी चुनाव: मेरठ में अमित शाह बोले- विधायक-मंत्री नहीं, मोदी का चेहरा देखकर करें वोट, पढ़िए गृहमंत्री का पूरा भाषण
किस सीट पर सपा कितनी बार जीती
सीट जीते
किठौर 3
हस्तिनापुर 2
शहर 1
सिवालखास 1
इन सीटों पर कभी नहीं मिली जीत
कैंट, सरधना, दक्षिण
2017 में कहां किस नंबर पर रही सपा
किठौर: 79800 मत लेकर शाहिद मंजूर दूसरे नंबर पर रहे थे।
सिवालखास: 61421 मत पाकर हाजी गुलाम मोहम्मद दूसरे नंबर पर रहे।
शहर: भाजपा के डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेई को हराकर सपा के रफीक अंसारी जीते।
कैंट: सपा ने गठबंधन में सीट कांग्रेस को दे दी थी। कांग्रेस प्रत्याशी तीसरे नंबर पर रहे।
मेरठ दक्षिण: सपा ने गठबंधन में यह सीट कांग्रेस को दी। कांग्रेस प्रत्याशी 39650 मतों के साथ तीसरे नंबर पर रहे।
सरधना: सपा के अतुल प्रधान 76296 मत लेकर दूसरे नंबर पर रहे।
हस्तिनापुर:63374 मत के साथ सपा के प्रभुदयाल वाल्मीकि दूसरे नंबर पर रहे।