फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   53 prisoners died in Meerut jail in five years

Meerut News: मेरठ जेल में पांच साल में 53 बंदियों की मौत

Mon, 14 Oct 2024 05:06 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Mon, 14 Oct 2024 05:06 AM IST
विज्ञापन
53 prisoners died in Meerut jail in five years
- सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत जेल प्रशासन ने दी जानकारी
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। चौधरी चरण सिंह जिला कारागार में पिछले पांच साल में 53 दोषी या विचाराधीन बंदियों की विभिन्न कारणों से मौत हो गई। जेल की क्षमता 1,707 कैदियों को रखने की है, लेकिन 30 सितंबर तक जेल में 2,205 कैदी थे। सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत जेल प्रशासन ने यह सूचना दी है। जेल में मेडिकल कंसल्टेंट का पद भी खाली पड़ा है। आरटीआई के जवाब में मौतों का कारण नहीं बताया गया। यह आंकड़े जनवरी 2020 से 7 सितंबर 2024 तक के हैं।
चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के छात्र नेता विनीत चपराना ने यह सूचना मांगी थी। उनका कहना है कि जिला जेल में कैदियों की मौत चिंता का विषय हैं। प्रदेश की डासना, बागपत, मुजफ्फरनगर और बिजनौर जेल में भी कैदियों की संख्या बहुत अधिक है। कई बुनियादी सुविधाओं का अभाव है। उपलब्ध सुविधाओं पर भी दबाव है, जिससे कैदियों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि जेलों में अत्यधिक भीड़ के मुद्दे पर मानवाधिकार आयोग में शिकायत दर्ज कराएंगे।
विज्ञापन

विनीत चपराना ने बताया कि इस साल मई में गैरइरादतन हत्या के दोषी 66 वर्षीय मोहम्मद रईसुद्दीन की टीबी से मौत हो गई। इसी महीने 28 वर्षीय रियाजुद्दीन को नमाज के दौरान दिल का दौरा पड़ा और उसे जेल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उसे बचाया नहीं जा सका। धोखाधड़ी के एक मामले में 58 वर्षीय विचाराधीन कैदी ओम प्रकाश गुप्ता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, वह जेल में गिर गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

----
जेलों में क्षमता से काफी ज्यादा हैं बंदी
मुख्यालय कारागार प्रशासन एवं सुधार सेवाएं की ओर से दी गई सूचना के मुताबिक गौतमबुद्धनगर जेल कि स्थिति सबसे अच्छी है। इस जेल में 2744 बंदी हैं और इसकी क्षमता 3750 है। गाजियाबाद की डासना जेल में 4222 बंदी निरुद्ध हैं और इसकी क्षमता 1704 बंदियों की है। मुजफ्फरनगर में 2473 बंदी निरुद्ध है और इसकी क्षमता 870 बंदियों की है। बागपत जेल में 843 बंदी निरुद्ध है और इसकी क्षमता 660 बंदियों की है। बिजनौर जेल में 1612 बंदी निरुद्ध है और इसकी क्षमता 654 है। यूपी में कुल 76 कारागार हैं। इनमें वर्तमान में 91,436 बंदी निरुद्ध हैं जबकि इन जेलों में बंदियों को रखने की क्षमता 75,512 है।
-----
वर्ष मौतों की संख्या
वर्ष 2020 10
वर्ष 2021 12
वर्ष 2022 16
वर्ष 2023 08
अब सात सितंबर तक 07
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed