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आरक्षण से वंचित है मुस्लिम धोबी समाज
Updated Sun, 24 Dec 2017 08:33 PM IST
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मेरठ। ऑल इंडिया जमीअतुल कस्सार (मुस्लिम धोबी संगठन) की रविवार को आयोजित सभा में समाज की बदहाली पर चर्चा की गई।
जिमखाना मैदान के सामने अपार चैम्बर में संगठन की ओर से आयोजित सभा में राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. खुर्शीद कस्सार ने कहा कि सरकार द्वारा हिंदू धोबी समाज को आरक्षण दिया जा रहा है परंतु मुस्लिम धोबी को वंचित रखा हुआ है। यह हालत तब है जब मुस्लिम धोबी समाज की संख्या हिंदू धोबी के मुकाबले अधिक है। केंद्र एवं राज्य सरकारें मुस्लिम धोबी समाज का उत्थान करने के बजाए अनदेखी एवं उत्पीड़न कर रही हैं। अध्यक्ष ने बताया कि यदि मुस्लिम धोबी समाज की मांगों को स्वीकार नहीं किया गया तो उपेक्षित कस्सार समाज आंदोलन करने को मजबूर होगा। सभा में प्रदेशाध्यक्ष मेहरुद्दीन कस्सार ने कहा कि सरकार की अनदेखी की वजह से मुस्लिम धोबी समाज उच्च शिक्षा में पिछड़ रहा है। जिससे सरकारी नौकरियों में समाज का कोई भी व्यक्ति अहम पद पर नहीं है। उन्होंने बताया कि समाज का संगठन कमजोर रहने से राजनीति में आवाज दबी रह जाती है। राजनीतिक दल मुस्लिम धोबी समाज को बैंक वोट मानकर इस्तेमाल कर रहे हैं। संगठन में युवा वर्ग को जोड़कर समाज अपने हक के लिए लखनऊ से दिल्ली तक संघर्ष करेगा। जिलाध्यक्ष इस्लाम पहलवान ने समाज में फैली बुराइयों को दूर करने एवं संगठन को मजबूती प्रदान करने के लिए एकजुटता का आह्वान किया। सभा में मेरठ, बागपत, गाजियाबाद, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, अमरोहा, बिजनौर आदि जनपदों से आए समाज के लोग शामिल हुए। सभा में कस्सार समाज के मोहम्मद कासिम, रियाजुद्दीन, मोहम्मद शकील, हाजी शफीक, मोहम्मद अली, मुस्ताक अहमद, मोहम्मद इकबाल, मोहम्मद शमशाद एवं सलीम आदि रहे।
मुख्य बातें
समाज की अनदेखी कर रही है सरकार
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जिमखाना मैदान के सामने अपार चैम्बर में संगठन की ओर से आयोजित सभा में राष्ट्रीय अध्यक्ष डा. खुर्शीद कस्सार ने कहा कि सरकार द्वारा हिंदू धोबी समाज को आरक्षण दिया जा रहा है परंतु मुस्लिम धोबी को वंचित रखा हुआ है। यह हालत तब है जब मुस्लिम धोबी समाज की संख्या हिंदू धोबी के मुकाबले अधिक है। केंद्र एवं राज्य सरकारें मुस्लिम धोबी समाज का उत्थान करने के बजाए अनदेखी एवं उत्पीड़न कर रही हैं। अध्यक्ष ने बताया कि यदि मुस्लिम धोबी समाज की मांगों को स्वीकार नहीं किया गया तो उपेक्षित कस्सार समाज आंदोलन करने को मजबूर होगा। सभा में प्रदेशाध्यक्ष मेहरुद्दीन कस्सार ने कहा कि सरकार की अनदेखी की वजह से मुस्लिम धोबी समाज उच्च शिक्षा में पिछड़ रहा है। जिससे सरकारी नौकरियों में समाज का कोई भी व्यक्ति अहम पद पर नहीं है। उन्होंने बताया कि समाज का संगठन कमजोर रहने से राजनीति में आवाज दबी रह जाती है। राजनीतिक दल मुस्लिम धोबी समाज को बैंक वोट मानकर इस्तेमाल कर रहे हैं। संगठन में युवा वर्ग को जोड़कर समाज अपने हक के लिए लखनऊ से दिल्ली तक संघर्ष करेगा। जिलाध्यक्ष इस्लाम पहलवान ने समाज में फैली बुराइयों को दूर करने एवं संगठन को मजबूती प्रदान करने के लिए एकजुटता का आह्वान किया। सभा में मेरठ, बागपत, गाजियाबाद, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, अमरोहा, बिजनौर आदि जनपदों से आए समाज के लोग शामिल हुए। सभा में कस्सार समाज के मोहम्मद कासिम, रियाजुद्दीन, मोहम्मद शकील, हाजी शफीक, मोहम्मद अली, मुस्ताक अहमद, मोहम्मद इकबाल, मोहम्मद शमशाद एवं सलीम आदि रहे।
मुख्य बातें
समाज की अनदेखी कर रही है सरकार