फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mau News ›   The partner was killed by miscreants shot

साथी बदमाश ने ही दीपक को मारी थी गोली

Sat, 06 Dec 2014 11:10 PM IST
ब्यूरो, मऊ, अमर उजाला
ब्यूरो, मऊ, अमर उजाला Updated Sat, 06 Dec 2014 11:10 PM IST
विज्ञापन
The partner was killed by miscreants shot
मधुबन थाना क्षेत्र के दुबारी मोड़ पर स्थित डाक्टर उमेश चंद्र
विज्ञापन
गुप्ता के घर में बदमाश दीपक की हत्या नहीं हुई थी, बल्कि साथी बदमाश रामप्रताप सिंह ने गोली मारकर की थी।

इसके बाद दीपक के शव को डाक्टर के घर के सामने फेंक कर भाग गए थे। यह खुलासा सीओ वंशीधर मिश्रा ने दो बदमाशों को पकड़ने के बाद शनिवार को की। पुलिस की मानें तो पैसे के लेन देन को लेकर दरगाह में तीनों के बीच विवाद हुआ था इसके बाद रामप्रताप ने दीपक को गोली मार दी थी।

पुलिस ने हत्या में शामिल दोनों बदमाशों को फतहपुर ताल रतोय स्थित पुलिया के पास हल्की मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है।


  शनिवार को इस मामले का खुलासा करते हुए सीओ वंशीधर मिश्रा ने बताया कि डा. उमेश चंद गुप्ता की तहरीर पर पुलिस हत्या के कारणों का पता लगाने में जुटी थी।

दीपक राय के पास से मिली मोबाइल व सर्विलांस के जरिए पुलिस ने अनिल कुमार थाना रसड़ा ग्राम मांदा जिला बलिया व कोपागंज थाना क्षेत्र के लारपुर गांव निवासी रामप्रताप सिंह को शुक्रवार को उस समय गिरफ़्तार कर लिया जब दोनों फतहपुर की तरफ से आ रहे थे।

 श्री मिश्र ने बताया कि पुलिस ने जब घेराबंदी करके उक्त दोनों को पकड़ना चाहा तो दोनों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। हालांकि किसी तरह पुलिस ने दोनों को धर दबोचा।


तलाशी लेने पर दोनों के पास से 315 बोर के दो अदद कट्टा व दो जिंदा कारतूस बरामद हुए। पूछताछ में रामप्रताप सिंह व अनिल ने बताया कि 25 नवंबर को पैसे के लेन देन को लेकर हम लोगों के बीच विवाद हुआ। कहासुनी बढ़ने पर रामप्रताप सिंह ने दीपक पर गोली चला दी। जिससे वह मौके पर गिरकर छटपटाने लगा।


आनन फानन में रामप्रताप व अनिल दीपक को लेकर मधुबन के दुबारी मोड़ पर स्थित डाक्टर उमेश चंद गुप्ता के क्लिनिक पर पहुंचे और मरा हुआ समझकर वहीं छोड़कर भाग गए। हड़बड़ी में अनिल की मोबाइल दीपक के पास छूट गई। पुलिस ने राम प्रताप सिंह व अनिल को हत्या, हत्या का

प्रयास और 25 आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत कर जेल भेज दिया।  गौरतलब है कि घटना के बाद से ही कई प्रकार के कयास लगाए जा रहे थे। डाक्टर से लेकर पुलिस की भूमिका संदिग्ध लग रही थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed