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Mau News: घर में घुसकर चोरी करने के पांच आरोपियों को सात वर्ष की सजा
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मऊ। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट/ सिविल जज सीनियर डिवीजन फास्ट ट्रैक कोर्ट की पीठासीन अधिकारी प्रीति भूषण ने घर में घुसकर चोरी करने और सामान बरामदगी के मामले में सुनवाई के बाद सोमवार को पांच आरोपियों को दोषी पाया। दोषी पाए जाने के बाद पांचों को सात-सात वर्ष की सजा के साथ ही कुल 7-7 हजार रुपये अर्थदंड निर्धारित किया। अर्थदंड न देने पर दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। मामला दोहरीघाट थाना क्षेत्र का है।
अभियोजन के अनुसार वादी मुकदमा पनईल गांव निवासी उमाशंकर राय की पुत्रबधू शेषमाणि राय चकेसर स्कूल में एनएम की ट्रेनिंग करती थी। वह अपना गहना घर में रखी थी। आरोप है कि 26 दिसंबर 2019 की रात्रि में 11 से 3 बजे के बीच अज्ञात चोर घर में बने शौचालय के दरवाजे के रास्ते घर में घुसकर के दो अटैची और अन्य सामान और जेवरात चुरा ले गए। घटना की जानकारी दूसरे दिन सुबह हुई।
पुलिस ने मामले की एफआईआर दर्ज कर विवेचना के दौरान चंदौली जनपद के बलुआ थाना क्षेत्र के पक्खेपुर गांव निवासी राजू बनवासी पुत्र सुक्खू बनवासी, सुक्खू बनवासी पुत्र मुधुरा उर्फ लक्खन बनवासी, टिर्रू बनवासी पुत्र काशी बनवासी और गाजीपुर जनपद के बहरियाबाद थाना क्षेत्र के देईपुर रामपुर गांव निवासी मनोज बनवासी पुत्र रामराज बनवासी तथा जौनपुर जिला के केराकत थाना क्षेत्र के नेहालपुर गांव निवासी दीपक बनवासी पुत्र मुल्लू बनवासी को गिरफ्तार किया। उनके पास से चोरी गए सामान आदि बरामद करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। कोर्ट में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए अभियोजन अधिकारी ने कुल पांच गवाहों को पेशकर अभियोजन का पक्ष रखा। बचाव पक्ष से कहा गया कि उनके पास से कोई बरामदगी नहीं हुई है, उन्हें झूठा फंसाया गया है। एसीजेएम प्रीति भूषण ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने तथा पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपीगण राजू बनवासी, सुक्खू बनवासी, टिर्रू बनवासी, मनोज बनवासी और दीपक बनवासी को रात्रि में घर में घुसकर चोरी करने और चोरी का सामान बरामदगी के मामले में दोषी पाया। दोषी पाए जाने के बाद सभी को 7-7 वर्ष के की सजा के साथ ही 5-5 हजार रुपये अर्थदंड, चोरी के मामले में चार-चार साल की सजा के साथ ही एक-एक हजार रुपये अर्थदंड तथा चोरी का सामान बरामदगी के मामले में दो-दो वर्ष की सजा के साथ ही एक-एक हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड न देने पर दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
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अभियोजन के अनुसार वादी मुकदमा पनईल गांव निवासी उमाशंकर राय की पुत्रबधू शेषमाणि राय चकेसर स्कूल में एनएम की ट्रेनिंग करती थी। वह अपना गहना घर में रखी थी। आरोप है कि 26 दिसंबर 2019 की रात्रि में 11 से 3 बजे के बीच अज्ञात चोर घर में बने शौचालय के दरवाजे के रास्ते घर में घुसकर के दो अटैची और अन्य सामान और जेवरात चुरा ले गए। घटना की जानकारी दूसरे दिन सुबह हुई।
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पुलिस ने मामले की एफआईआर दर्ज कर विवेचना के दौरान चंदौली जनपद के बलुआ थाना क्षेत्र के पक्खेपुर गांव निवासी राजू बनवासी पुत्र सुक्खू बनवासी, सुक्खू बनवासी पुत्र मुधुरा उर्फ लक्खन बनवासी, टिर्रू बनवासी पुत्र काशी बनवासी और गाजीपुर जनपद के बहरियाबाद थाना क्षेत्र के देईपुर रामपुर गांव निवासी मनोज बनवासी पुत्र रामराज बनवासी तथा जौनपुर जिला के केराकत थाना क्षेत्र के नेहालपुर गांव निवासी दीपक बनवासी पुत्र मुल्लू बनवासी को गिरफ्तार किया। उनके पास से चोरी गए सामान आदि बरामद करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। कोर्ट में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए अभियोजन अधिकारी ने कुल पांच गवाहों को पेशकर अभियोजन का पक्ष रखा। बचाव पक्ष से कहा गया कि उनके पास से कोई बरामदगी नहीं हुई है, उन्हें झूठा फंसाया गया है। एसीजेएम प्रीति भूषण ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने तथा पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपीगण राजू बनवासी, सुक्खू बनवासी, टिर्रू बनवासी, मनोज बनवासी और दीपक बनवासी को रात्रि में घर में घुसकर चोरी करने और चोरी का सामान बरामदगी के मामले में दोषी पाया। दोषी पाए जाने के बाद सभी को 7-7 वर्ष के की सजा के साथ ही 5-5 हजार रुपये अर्थदंड, चोरी के मामले में चार-चार साल की सजा के साथ ही एक-एक हजार रुपये अर्थदंड तथा चोरी का सामान बरामदगी के मामले में दो-दो वर्ष की सजा के साथ ही एक-एक हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड न देने पर दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
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