पात्रों के चयन में लापरवाही के खिलाफ किया प्रदर्शन
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि पात्र गृहस्थी के सूची में पहले 302 नाम दर्ज किए गए थे। पात्र लाभार्थियों का नाम विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत से नाम काट दिया गया है। सूची में क्रम संख्या 64 से 132 के बीच 64 नाम गायब कर दिया गया इनके स्थान पर अपात्रों का नाम दर्ज कर दिया गया है। कई बार शिकायती पत्र दिया गया बावजूद मामले को लटका दिया गया है। मामले की निष्पक्ष जांच कराकर समस्या का अविलंब समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन करने को बाध्य हो जाएंगेे।
इस बाबत खंड विकास अधिकारी मनोज कुमार वर्मा ने कहा कि लापरवाही के मामले की जांच कराई जाएगी। इस अवसर पर ग्राम प्रधान शमशेर बहादुर, गोरख नाथ, उमेश यादव, श्रीराम, मनोज कुमार, दीनानाथ आदि शामिल थे।