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नगदी के लिए देर रात तक लगी रही लाइन
अमर उजाला ब्यूरो/मऊ
Updated Thu, 15 Dec 2016 10:48 PM IST
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नगर क्षेत्र के संस्कृत पाठशाला स्थित पंजाब नेशनल बैंक पर गुरुवार को पैसा निकालने के लिए लगी महिलाओं की कतार।
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नोटबंदी के 38 वें दिन भी व्यवस्था में कोई सुधार नहीं दिखा, अब रुपया एक्सचेंज और जमा कराने की भीड़ न के बराबर है। अब लोग रुपया पाने के लिए लाइन में लग रहे हैं। लाइन चाहे एटीएम पर हो या फिर बैंक परिसर में चेक और विड्राल फार्म भरकर पैसे निकालने की, उपभोक्ता भोर से ही कतार में खड़े हो जा रहें हैं। हालांकि गुरुवार को जिला मुख्यालय पर एक और केनरा बैंक के एटीएम ने काम करना शुरू कर दिया है। इसके बाद भी लोगों की लाइन देर रात तक खत्म नहीं हुई थी।
बताते चले नोटबंदी के एक महीना बीत चुका है। इसके बाद भी करेंसी की आवक कम होने के कारण लोगों को उनकी जरूरत के हिसाब से रुपया उपलब्ध नहीं हो पा रहा। इसका परिणाम है कि लोग घर चलाने और जरूरत को पूरा करने के लिए अल सुबह से ही बैंकों और एटीएम पर लाइन लगा ले रहें हैं। जगह-जगह कड़कड़ाती ठंड के बाद भी लोगों को लाइन में लगा देखा जा सकता है। इसके चलते लोगों को तमाम समस्याओं का सामना करना पड़ता है। सबसे बड़ी दिक्कत उन लोगों को झेलनी पड़ी, जिनके यहां शादी विवाह से लेकर अन्य कार्यक्रमों का आयोजन हुआ।
शहर में गुरुवार को मिर्जाहादीपुरा, गाजीपुर तिराहा, नरईबांध, रौजा सहित हर बैंकों पर लोगों की लंबी-लंबी लाइनें देखने को मिली। यही हाल ग्रामीण क्षेत्रों का भी रहा। लाइन में खड़े महेश कुमार ने बताया कि उन्हें दस हजार रुपये की आवश्यकता है। एटीएम से पैसा निकालने के लिए वह दो दिन से लाइन में लग रहे हैं। बैंक में कैश न होने से उन्हें एकमुश्त दस हजार रुपये नहीं मिल रहे हैं। सरिता देवी का कहना है कि वह दो दिन से बैंक आफ बड़ौदा का चेक लेकर कैश निकालने बैंक जा रही हैं लेकिन उन्हें कैश न होने के चलते रुपया नहीं मिला। बताया कि शादी विवाह के इस मौसम में रुपये की सख्त आवश्यकता है। शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित बैंक, एटीएम पर अभी भी लाइन कम नहीं हो रही है।
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बताते चले नोटबंदी के एक महीना बीत चुका है। इसके बाद भी करेंसी की आवक कम होने के कारण लोगों को उनकी जरूरत के हिसाब से रुपया उपलब्ध नहीं हो पा रहा। इसका परिणाम है कि लोग घर चलाने और जरूरत को पूरा करने के लिए अल सुबह से ही बैंकों और एटीएम पर लाइन लगा ले रहें हैं। जगह-जगह कड़कड़ाती ठंड के बाद भी लोगों को लाइन में लगा देखा जा सकता है। इसके चलते लोगों को तमाम समस्याओं का सामना करना पड़ता है। सबसे बड़ी दिक्कत उन लोगों को झेलनी पड़ी, जिनके यहां शादी विवाह से लेकर अन्य कार्यक्रमों का आयोजन हुआ।
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शहर में गुरुवार को मिर्जाहादीपुरा, गाजीपुर तिराहा, नरईबांध, रौजा सहित हर बैंकों पर लोगों की लंबी-लंबी लाइनें देखने को मिली। यही हाल ग्रामीण क्षेत्रों का भी रहा। लाइन में खड़े महेश कुमार ने बताया कि उन्हें दस हजार रुपये की आवश्यकता है। एटीएम से पैसा निकालने के लिए वह दो दिन से लाइन में लग रहे हैं। बैंक में कैश न होने से उन्हें एकमुश्त दस हजार रुपये नहीं मिल रहे हैं। सरिता देवी का कहना है कि वह दो दिन से बैंक आफ बड़ौदा का चेक लेकर कैश निकालने बैंक जा रही हैं लेकिन उन्हें कैश न होने के चलते रुपया नहीं मिला। बताया कि शादी विवाह के इस मौसम में रुपये की सख्त आवश्यकता है। शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित बैंक, एटीएम पर अभी भी लाइन कम नहीं हो रही है।
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