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दीपों की रोशनी से जगमग हुए देवघर
mau news
Updated Sat, 04 Nov 2017 11:56 PM IST
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देव दीपावली में मां शीतला मंदिर पर दीपक जलातीं महिलाएं।
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मऊ। कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर शनिवार को नगर सहित जिले के विभिन्न इलाकों में स्थापित प्रमुख मंदिरों में देव दीपावली के अवसर पर घी के दीपक जलाए गए। दीपों की रोशनी से रात भर मंदिर जगमगाते रहे। विशेषकर नगर के शीतला माता मंदिर, घोसी कस्बे का नरोखर पोखरा, चिरैयाकोट स्थित खाकी बाबा की कुटी पर 11 हजार तथा देवलास के सूर्यकुंड पर 51 हजार दीप जलाए जाने से मंदिर परिसर जगमगा उठा। इस अवसर पर धार्मिक कार्यक्रमों के आयोजन से देर शाम तक चहल पहल रही।
कार्तिक पूर्णिमा के दिन देव दीपावली मनाने से समाज में सुख शांति और समृद्घि आती है। इस दिन आकाशदीप को बांधने की परंपरा होती है। इसी मान्यता के तहत देव दीपावली का पर्व उत्साह पूर्वक मनाया गया। इस मौके पर नगर के शीतला माता धाम, मठिया टोला शिवाला, भीटी स्थित शिव मंदिर, कतुआ पुरा स्थित शिव मंदिर, कतुआपुरा स्थित मातृ मंदिर, आजमगढ़ मेड स्थित शिव मंदिर, जिला अस्पताल स्थित शिव मंदिर, ब्रह्मस्थान स्थित और रोडवेज स्थित मंदिर, सिंधी कालोनी स्थित मंदिर, वनदेवी धाम, निधियांव स्थित अष्टभुजी मंदिर, देवलास का सूर्यकुंड, दोहरीघाट के गौरीशंकर घाट, रामघाट सहित तमसा नदी के तट पर स्थापित मंदिरों में घी के दीपक जलाए गए। दीपों की रोशनी से मंदिर जगमगा उठे। बाबा विश्वनाथ सेवा समिति के तत्वावधान में पक्का पोखरा स्थित बाबा उच्चेेश्वर नाथ मंदिर पर दीपोत्सव का कार्यक्रम आयोजित किया गया। घोसी कस्बे के पकड़ी मोड़ पर स्थित मां शारदा मंदिर व नरोखर जलाशय पर देव दीपावली दीपक प्रज्जवलित किए गए। इस मौके पर भक्तों की ओर से मंदिरों को को सजाया गया था। साथ ही इस मौके पर विभिन्न स्थानों पर देर शाम तक विविध धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मंदिर परिसर में बिजली सजावट, आतिशबाजी, रंगोली प्रतियोगिताओं में भाग लेने पहुंचे श्रद्घालुओं ने भी मंदिरों में अपनी ओर से दीए जलाए। साथ ही वहां लगे मिठाइयों, चाट, पकौड़े और खिलौने आदि के स्टालों पर लोगों ने जमकर खरीददारी की। अमिला संवाददाता के अनुसार कार्तिक पूर्णिमा व देव दीपावली के अवसर पर क्षेत्र के मांदी- सिपाह स्थित मां कोयल मर्याद भवानी मंदिर परिसर में हजारों दीपों से मंदिर परिसर जगमगा उठा। मंदिर समिति की तरफ से भंडारे काआयोजन किया गया।भक्तों ने प्रसाद के रूप में ग्रहण किया। मां कोयल मर्याद भवानी परिसर में मंदिर समिति द्वारा एक हजार एक सौ एक दीपक जलाए गए। क्षेत्र से आए सैकड़ों लोगों ने दीप जलाया।
इनसेट
मुख्य द्वार से पूरे परिसर में सजे थे दीपक
मऊ। देव दीपावली के अवसर पर नगर क्षेत्र के दक्षिणटोला मुहल्ला स्थित शीतला धाम दीपों की जगमग से रोशन हो उठा था। इस दौरान यहां 11 हजार दीपों का दान किया गया। इसका परिणाम था कि शीतलाधाम मंदिर के मुख्य द्वारा से लेकर पूरे परिसर में दीपों की जगमद देखी गई। मानों देव धरती पर उतरें हो। इसी के साथ परिसर में आतिशबाजी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें एक से बढ़कर एक रोशनी और फूलझड़ी छोड़ी गई। जिसे देखने के लिए शीतला धाम पर भारी भीड़ जमा थी। धाम के एक क्षेत्र में रंगोली बनाने की प्रतियोगिता आयोजित की गई। कुल मिलाकर पूरा क्षेत्र दीपों की जगमग से जहां रोशनी में नहाया था, वहीं सजावट को देख लोग संम्मोहित हो गए थे।
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कार्तिक पूर्णिमा के दिन देव दीपावली मनाने से समाज में सुख शांति और समृद्घि आती है। इस दिन आकाशदीप को बांधने की परंपरा होती है। इसी मान्यता के तहत देव दीपावली का पर्व उत्साह पूर्वक मनाया गया। इस मौके पर नगर के शीतला माता धाम, मठिया टोला शिवाला, भीटी स्थित शिव मंदिर, कतुआ पुरा स्थित शिव मंदिर, कतुआपुरा स्थित मातृ मंदिर, आजमगढ़ मेड स्थित शिव मंदिर, जिला अस्पताल स्थित शिव मंदिर, ब्रह्मस्थान स्थित और रोडवेज स्थित मंदिर, सिंधी कालोनी स्थित मंदिर, वनदेवी धाम, निधियांव स्थित अष्टभुजी मंदिर, देवलास का सूर्यकुंड, दोहरीघाट के गौरीशंकर घाट, रामघाट सहित तमसा नदी के तट पर स्थापित मंदिरों में घी के दीपक जलाए गए। दीपों की रोशनी से मंदिर जगमगा उठे। बाबा विश्वनाथ सेवा समिति के तत्वावधान में पक्का पोखरा स्थित बाबा उच्चेेश्वर नाथ मंदिर पर दीपोत्सव का कार्यक्रम आयोजित किया गया। घोसी कस्बे के पकड़ी मोड़ पर स्थित मां शारदा मंदिर व नरोखर जलाशय पर देव दीपावली दीपक प्रज्जवलित किए गए। इस मौके पर भक्तों की ओर से मंदिरों को को सजाया गया था। साथ ही इस मौके पर विभिन्न स्थानों पर देर शाम तक विविध धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मंदिर परिसर में बिजली सजावट, आतिशबाजी, रंगोली प्रतियोगिताओं में भाग लेने पहुंचे श्रद्घालुओं ने भी मंदिरों में अपनी ओर से दीए जलाए। साथ ही वहां लगे मिठाइयों, चाट, पकौड़े और खिलौने आदि के स्टालों पर लोगों ने जमकर खरीददारी की। अमिला संवाददाता के अनुसार कार्तिक पूर्णिमा व देव दीपावली के अवसर पर क्षेत्र के मांदी- सिपाह स्थित मां कोयल मर्याद भवानी मंदिर परिसर में हजारों दीपों से मंदिर परिसर जगमगा उठा। मंदिर समिति की तरफ से भंडारे काआयोजन किया गया।भक्तों ने प्रसाद के रूप में ग्रहण किया। मां कोयल मर्याद भवानी परिसर में मंदिर समिति द्वारा एक हजार एक सौ एक दीपक जलाए गए। क्षेत्र से आए सैकड़ों लोगों ने दीप जलाया।
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मुख्य द्वार से पूरे परिसर में सजे थे दीपक
मऊ। देव दीपावली के अवसर पर नगर क्षेत्र के दक्षिणटोला मुहल्ला स्थित शीतला धाम दीपों की जगमग से रोशन हो उठा था। इस दौरान यहां 11 हजार दीपों का दान किया गया। इसका परिणाम था कि शीतलाधाम मंदिर के मुख्य द्वारा से लेकर पूरे परिसर में दीपों की जगमद देखी गई। मानों देव धरती पर उतरें हो। इसी के साथ परिसर में आतिशबाजी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें एक से बढ़कर एक रोशनी और फूलझड़ी छोड़ी गई। जिसे देखने के लिए शीतला धाम पर भारी भीड़ जमा थी। धाम के एक क्षेत्र में रंगोली बनाने की प्रतियोगिता आयोजित की गई। कुल मिलाकर पूरा क्षेत्र दीपों की जगमग से जहां रोशनी में नहाया था, वहीं सजावट को देख लोग संम्मोहित हो गए थे।
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