{"_id":"6a3ec1eed9141f50ea03fb8e","slug":"chhatrapati-shahu-ji-maharaj-a-symbol-of-social-justice-mau-news-c-295-1-mau1001-147659-2026-06-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"छत्रपति शाहूजी महाराज सामाजिक न्याय के प्रतीक : सपा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छत्रपति शाहूजी महाराज सामाजिक न्याय के प्रतीक : सपा
विज्ञापन
नगर के सपा कार्यालय पर छात्रपति साहू जी महाराज की जयंती पर उनकी चित्र पर पुष्प अर्पित करते श्रद
नगर के बालनिकेतन तिराहा स्थित समाजवादी पार्टी कार्यालय पर शुक्रवार को छत्रपति शाहूजी महाराज की जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर पार्टी के जिला अध्यक्ष दूधनाथ यादव और पूर्व मंत्री राजेंद्र कुमार सहित कई नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।
वक्ताओं ने शाहूजी महाराज को आरक्षण का जनक और सामाजिक न्याय का प्रतीक बताया। जिलाध्यक्ष दूधनाथ यादव ने कहा कि छत्रपति शाहूजी महाराज ने दलितों, पिछड़ों और वंचितों के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण लागू किया था। उन्हें आरक्षण का जनक कहा जाता है।
शाहूजी महाराज ने छुआछूत का विरोध किया और सार्वजनिक स्थानों को सभी के लिए खोल दिया। उन्होंने बाल विवाह पर रोक लगाई और विधवा पुनर्विवाह को मान्यता दी।
वहीं पूर्व मंत्री और विधायक राजेंद्र कुमार ने कहा कि शाहूजी महाराज ने शोषितों और वंचितों के लिए संघर्ष किया। उन्होंने वर्तमान सरकार पर सामंतवादी मानसिकता का आरोप लगाया। उन्होंने अखिलेश यादव के पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) नारे का जिक्र किया। उन्होंने सभी वंचितों से एकजुट होकर संघर्ष करने का आह्वान किया। कार्यक्रम को शिव प्रताप यादव मुन्ना, संजय सिंह पटेल, शिवचंद्र राम, पंकज उपाध्याय, सितारा यादव सहित कई अन्य नेताओं ने भी संबोधित किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
वक्ताओं ने शाहूजी महाराज को आरक्षण का जनक और सामाजिक न्याय का प्रतीक बताया। जिलाध्यक्ष दूधनाथ यादव ने कहा कि छत्रपति शाहूजी महाराज ने दलितों, पिछड़ों और वंचितों के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण लागू किया था। उन्हें आरक्षण का जनक कहा जाता है।
विज्ञापन
शाहूजी महाराज ने छुआछूत का विरोध किया और सार्वजनिक स्थानों को सभी के लिए खोल दिया। उन्होंने बाल विवाह पर रोक लगाई और विधवा पुनर्विवाह को मान्यता दी।
वहीं पूर्व मंत्री और विधायक राजेंद्र कुमार ने कहा कि शाहूजी महाराज ने शोषितों और वंचितों के लिए संघर्ष किया। उन्होंने वर्तमान सरकार पर सामंतवादी मानसिकता का आरोप लगाया। उन्होंने अखिलेश यादव के पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) नारे का जिक्र किया। उन्होंने सभी वंचितों से एकजुट होकर संघर्ष करने का आह्वान किया। कार्यक्रम को शिव प्रताप यादव मुन्ना, संजय सिंह पटेल, शिवचंद्र राम, पंकज उपाध्याय, सितारा यादव सहित कई अन्य नेताओं ने भी संबोधित किया।
विज्ञापन