{"_id":"5b215c204f1c1b2b428b4a8b","slug":"21528912928-mau-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कैदियों को योग से जीवन बदलने का प्राशिक्षण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कैदियों को योग से जीवन बदलने का प्राशिक्षण
Updated Wed, 13 Jun 2018 11:36 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राष्ट्रीय आयूष मिशन के तहत राज्य आयूष सोसायटी द्वारा संचालित योग सेंटर के तत्वाधन में जिला जेल प्रशासन के सहयोग से परिसर में दो दिवसीय योग शिविर का शुभारंभ बुधवार को किया गया। प्रशिक्षकों ने योग से शरीर, विचार से जीवन बदलने की बात समझाई।
योग प्रशिक्षक विश्वा गुप्ता ने कैदियों को यौगिग जॉगिग, सूर्य नमस्कार, शीर्षासन, कपालभाती सहित दूसरे योगों का अभ्यास कराते हुए कहा कि स्वामी राम देव के योगासन से शरीर व मन स्वस्थ रखा जा सकता है। बंदी किसी प्रकार का नशा ने करें, इससे जीवन बर्बाद होता है। शराब, तंबाकू और सिगरेट सभी प्रकार के नशीले पदार्थ शारीरिक, मानसिक व आर्थिक नुकसान करते हैं। बंदी अपराध वे नशे से दूर रहें, इसी में भलाई है। योग प्रशिक्षक राजन विश्वकर्मा ने दो दिन तक बंदियों को प्रेरणाप्रद बातें बता कर अपराध की दुनिया से दूर रहने की बात कही। इसके अलावा योग के चमत्कारिक लाभ की जानकारी दी। साथ ही कहा कि शुद्ध आहार, विचार से जीवन की दिशा बदल सकते हैं। शिविर में यूनानी अधिकारी डा. शमुसद्दीन अंसारी, जेल अधिक्षक प्रदीप अस्थाना सहित अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन
योग प्रशिक्षक विश्वा गुप्ता ने कैदियों को यौगिग जॉगिग, सूर्य नमस्कार, शीर्षासन, कपालभाती सहित दूसरे योगों का अभ्यास कराते हुए कहा कि स्वामी राम देव के योगासन से शरीर व मन स्वस्थ रखा जा सकता है। बंदी किसी प्रकार का नशा ने करें, इससे जीवन बर्बाद होता है। शराब, तंबाकू और सिगरेट सभी प्रकार के नशीले पदार्थ शारीरिक, मानसिक व आर्थिक नुकसान करते हैं। बंदी अपराध वे नशे से दूर रहें, इसी में भलाई है। योग प्रशिक्षक राजन विश्वकर्मा ने दो दिन तक बंदियों को प्रेरणाप्रद बातें बता कर अपराध की दुनिया से दूर रहने की बात कही। इसके अलावा योग के चमत्कारिक लाभ की जानकारी दी। साथ ही कहा कि शुद्ध आहार, विचार से जीवन की दिशा बदल सकते हैं। शिविर में यूनानी अधिकारी डा. शमुसद्दीन अंसारी, जेल अधिक्षक प्रदीप अस्थाना सहित अन्य मौजूद रहे।
विज्ञापन