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बसे चुनाव में जा रहीं, यात्री परेशान
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आजमगढ़ रीजन में मौजूद सात डिपो से चुनाव में 139 बसों का अधिग्रहण किया गया है। हालांकि पहले चरण के लिए महज 85 बसें फोर्स लेकर रवाना हुई है। विभागीय अधिकारियों की मानें तो दूसरे चरण के बाद शेष बची अन्य बसों को भी चुनाव में भेज दिया जाएगा। ऐसे में बसों के न होने से यात्रियों दिक्कतें आने लगी हैं।
मऊ जिले में मौजूद दो डिपो मऊ और दोहरीघाट भी आजमगढ़ रीजन में ही आता है। इसके अलावा आजमगढ़ में दो डिपो में आजमगढ़ और अंबेडकर नगर दो डिपो हैं। दोनों डिपो मिलाकर 176 बसें है, इसमें से महज 33 अधिग्रहित की गई है। इसीक्रम में बलिया में दो डिपो में बलिया और बेल्थरा रोड मिलाकर 129 बसों में से सिर्फ 11 बसे अधिग्रहित की गई। इसीक्रम में जौनपुर जिले के शाहगंज डिपो भी आजमगढ़ रीजन में ही आता है। यहां मौजूद 32 में से 12 बस अधिग्रहित की गई है। बताते चले सातो डिपो को मिलाकर रीजन में कुल 442 बसें मौजूद है। इसमें से करीब पचास बसें लंबी दूरी पर संचालित होती है। लोक सभा चुनाव में सातो डिपो से कुल 85 बसों को अधिग्रहित किया गया है। इसमें लंबी दूरी के साथ लोकल चलने वाली बसें भी शामिल है। बसों के अधिग्रहीत होने से यात्रियों की समस्या बढ़ गई है। परिवार के साथ दूर की यात्रा करने वाले यात्री परेशान हो रहे।
शुक्रवार को मऊ डिपो पर यात्रियों की भीड़ जमा थी, लेकिन आजमगढ़ होकर लखनऊ और इलहाबाद रुट पर कोई बस नहीं थी। लखनऊ की यात्रा करने वाले यात्री रमेश कुुमार ने बताया कि बीते एक घंटे से डिपो पर बस नहीं है। कही से आने की बात अधिकारी बता रहें है। इसी तरह से प्रति दिन मऊ नौकरी करने के लिए आने वाले कर्मचारियों को भी बस न होने से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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एआरएम मऊ डिपो आरएन पाल ने बताया कि आयोग के आदेश पर बसों को भेजा गया है। लेकिन यात्रियों को समस्या न हो इसका ध्यान रखा जा रहा है। जिस रुट पर यात्रियों की भीड़ ज्यादा होती है। उस पर बस की व्यवस्था की जाती है। लोकल यात्रियों को दिक्कत जरूर दिक्कत हो रही है।
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मऊ जिले में मौजूद दो डिपो मऊ और दोहरीघाट भी आजमगढ़ रीजन में ही आता है। इसके अलावा आजमगढ़ में दो डिपो में आजमगढ़ और अंबेडकर नगर दो डिपो हैं। दोनों डिपो मिलाकर 176 बसें है, इसमें से महज 33 अधिग्रहित की गई है। इसीक्रम में बलिया में दो डिपो में बलिया और बेल्थरा रोड मिलाकर 129 बसों में से सिर्फ 11 बसे अधिग्रहित की गई। इसीक्रम में जौनपुर जिले के शाहगंज डिपो भी आजमगढ़ रीजन में ही आता है। यहां मौजूद 32 में से 12 बस अधिग्रहित की गई है। बताते चले सातो डिपो को मिलाकर रीजन में कुल 442 बसें मौजूद है। इसमें से करीब पचास बसें लंबी दूरी पर संचालित होती है। लोक सभा चुनाव में सातो डिपो से कुल 85 बसों को अधिग्रहित किया गया है। इसमें लंबी दूरी के साथ लोकल चलने वाली बसें भी शामिल है। बसों के अधिग्रहीत होने से यात्रियों की समस्या बढ़ गई है। परिवार के साथ दूर की यात्रा करने वाले यात्री परेशान हो रहे।
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शुक्रवार को मऊ डिपो पर यात्रियों की भीड़ जमा थी, लेकिन आजमगढ़ होकर लखनऊ और इलहाबाद रुट पर कोई बस नहीं थी। लखनऊ की यात्रा करने वाले यात्री रमेश कुुमार ने बताया कि बीते एक घंटे से डिपो पर बस नहीं है। कही से आने की बात अधिकारी बता रहें है। इसी तरह से प्रति दिन मऊ नौकरी करने के लिए आने वाले कर्मचारियों को भी बस न होने से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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एआरएम मऊ डिपो आरएन पाल ने बताया कि आयोग के आदेश पर बसों को भेजा गया है। लेकिन यात्रियों को समस्या न हो इसका ध्यान रखा जा रहा है। जिस रुट पर यात्रियों की भीड़ ज्यादा होती है। उस पर बस की व्यवस्था की जाती है। लोकल यात्रियों को दिक्कत जरूर दिक्कत हो रही है।