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अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर खबर

Wed, 23 Jan 2019 11:54 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 23 Jan 2019 11:54 PM IST
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अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर खबर
राष्ट्रीय बालिका दिवस गुरुवार को मनाया जाएगा। जिले के कई युवतियां अपने संघर्ष के बल विभिन्न क्षेत्रों में अपना लोहा मनवा रही हैं। साथ ही लक्ष्य की ओर अग्रसर बालिकाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनी हुई हैं। सभी का यही मानना है कि बेटियां जब तक आत्मनिर्भर नहीं होंगी, तब तक समाज में बदलाव नहीं आ सकता है। यहां कुछ ऐसी ही बेटियों की कहानी उन्हीं की जुबानी...
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रतनपुरा ब्लाक क्षेत्र की अइलख इमिलिया निवासी रश्मि सिंह ने हॉकी खेल की शुरुआत डॉ. भीमराव अंबेडकर स्पोर्ट्स स्टेडियम से किया था। बेहतर खेल प्रदर्शन के आधार पर स्पोर्ट्स हॉस्टल में दाखिला मिला। इसके बाद पीछे मुड़कर नहीं देखा। आज वह खेल कोटे से भारतीय रेलवे मुंबई में तैनात हैं। सीनियर टीम के साथ आस्ट्रेलिया में वर्ष 2013 में जीत हासिल की। वर्ष 2014 में हालैंड में दो टेस्ट मैच में जीती थी। उनका कहना था कि बालिकाएं तभी सशक्त होंगी जब इच्छाशक्ति मजबूत होगी। लक्ष्य तय कर कठिन परिश्रम करते हुए अपना कार्य करते रहें मंजिल मिलना तय है।
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कोपागंज ब्लाक क्षेत्र के मुंगेसर निवासी प्रियंका राय संघर्ष के बल पर साहित्य क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाया है। आज वह विभिन्न टीवी चैनलों तथा कवि सम्मेलनों में राष्ट्रीय कवि सम्मान हासिल कर चुकी हैं। उनका मानना है कि लड़कियां लड़कों से कम नहीं हैं। उच्च शिक्षा हासिल कर स्वावलंबी बनने से ही महिलाओं की तरक्की संभव है।
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नगर के मुंशीपुरा निवासी हुमा रिजवी अपने संघर्ष के बल पर वर्ष 1992 में जिले की प्रथम महिला अधिवक्ता बनने का गौरव हासिल किया। विभिन्न क्षेत्रों में कार्य करने के चलते कई पुरस्कार हासिल हो चुका है। वर्ष 2015 में जिला स्तर पर महिला शिक्षा और सुरक्षा पर पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया था। उनका कहना था कि लड़कियों को अपने को कम नहीं आंकना चाहिए। बस आत्मविश्वास बनाए रखना चाहिए।

नगर के मुंशीपुरा मुहल्ला निवासी ऐरम रिजवी कड़ी मेहनत के बल पर खेल कोटे से चंडीगढ़ पुलिस में इंस्पेक्टर पद पर तैनात हैं। 22 हॉकी नेशनल खेल चुकी हैं। टीम को तीन गोल्ड और चार सिल्वर मेडल दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई हैं। उन्होंने माना कि विपरीत परिस्थति में भी हिम्मत नहीं हारना चाहिए। लक्ष्य तय कर परिश्रम किया जाए तो सफलता मिलना तय है।
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