कोचिंग संस्थान में यौन शोषण का मामलाः डर के साये में पीड़िता, घर से निकलना मुश्किल, बाइक सवार करते हैं पीछा
मथुरा में एक कोचिंग संस्थान में छात्रा को नशीला पदार्थ देकर उसका अश्लील वीडियो बनाया गया। इसके बाद आरोपी उसे ब्लैकमेल करके उसका यौन शोषण करते रहे। इसके बाद उसे आत्महत्या के लिए नदी किनारे छोड़कर फरार हो गए। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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वृंदावन में एक कोचिंग संस्थान में छात्रा को नशीला पदार्थ देकर अश्लील वीडियो बनाने और ब्लैकमेल कर यौन शोषण करने का मामला बीती 25 जनवरी को सामने आया है। काफी समय से उत्पीड़न और शोषण झेल रही छात्रा ने आत्महत्या करने की कोशिश की। लेकिन, उसे बचा लिया गया। लोगों के समझाने पर जब वह हिम्मत करके सामने आई तो यह बात आरोपियों को नागवार गुजरी। वह उसके सामने नई-नई मुसीबतें खड़ी करने लगे।
शोषण से तंग आकर अपनी जान देने पर आमादा छात्रा ने जब पुलिस से न्याय की गुहार लगाई तो मुसीबतें आ रही हैं। पीड़िता के मुताबिक पुलिस से शिकायत करने के बाद उसका परिवार हर दिन डर के साए में जी रहा है। अब उसका घर से निकलना भी मुश्किल हो गया है।
बाइक सवार करते हैं पीछा
कनकधारा फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. लक्ष्मी गौतम ने बताया कि पीड़िता के भाई ने उन्हें बताया कि कुछ लोगों ने उन पर नजर रखनी शुरू कर दी है। कई युवक उसके घर के आसपास देखे जा रहे हैं। बताया कि शुक्रवार को महिला पुलिस अभिरक्षा में जब बहन मेडिकल के लिए अस्पताल जा रही थी, तब कुछ लोग उस टेंपो के पीछे-पीछे बाइक पर जा रहे थे।
इस दौरान महिला पुलिसकर्मी ने अटल्ला के पास टेंपो को रोका और वहां पर्यटकों से बात करने लगी। इस दौरान भी कुछ युवक उन पर नजर रखे थे। इसके बाद कुछ आगे जाने के बाद वही युवक उनका फिर से पीछा करते दिखाई दिए। उन्होंने बताया कि उनकी बहन और परिवार का अब घर से निकलना भी खतरे से खाली नहीं है। डॉ. लक्ष्मी गौतम ने कहा कि वह किसी को दोषी नहीं ठहरा रही है। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच हो।
यह है पूरा मामला
ज्ञात हो कि नगर की एक कोचिंग की छात्रा ने कोचिंग संचालक अभिषेक सक्सेना, उसके परिवार, राहुल शर्मा, उसकी बहन प्रियंका, पिता हीरालाल, रामानुजाचार्य एवं उदय ठाकुर के खिलाफ शुक्रवार को वृंदावन कोतवाली में यौन उत्पीड़न एवं वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस मामले में जांच कर रही है। इधर, शनिवार की दोपहर कोचिंग में पढ़ने वाले अन्य विद्यार्थी और उनके अभिभावक हाथों में तख्तियां लेकर कोतवाली पहुंचे।
इन लोगों यहां पहले प्रदर्शन करते हुए अपनी बात रखी। वह हाथों में प्रधानमंत्री मोदी, मुख्यमंत्री योगी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं कोतवाली प्रभारी हमें न्याय दो, इंसाफ दो स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर पहुंचे। उन्होंने छात्रा द्वारा कोचिंग संचालक समेत अन्य लोगों पर लगाए गए आरोपों को निराधार व झूठा बताया।
साथ ही पुलिस को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच करने की मांग की है। विद्यार्थियों का कहना है कि वह काफी समय से कोचिंग में पढ़ रहे हैं। कभी भी इस तरह की हरकत उन्होंने नहीं देखी है। वहीं पुलिस ने उन्हें सभी बिंदुओं पर गौर करते हुए जांच करने का भरोसा दिलाया है।
पुलिस ने पूछताछ के लिए कई लोगों को उठाया
इधर, पीड़िता ने बताया कि आज जो कुछ भी कोतवाली में हुआ वह एक सोची समझी नीति है। मेरे सामने आ जाने से कुछ तथाकथित इज्जतदार अपनी झूठी इज्जत के लिए मेरे खिलाफ साजिश रच रहे हैं। इस मामले में पुलिस ने कई और लोगों को पूछताछ के लिए उठाया है।
कोतवाल विजय कुमार सिंह ने बताया कि अभी मामले की जांच की जा रही है। कई लोगों से पूछताछ की गई है। कोचिंग में पढ़ने वाले अन्य विद्यार्थी भी आए थे, उनकी बात सुनी गई है। जो उचित होगा किया जाएगा। अनजान लोगों द्वारा छात्रा का पीछा किए जाने की कोई शिकायत नहीं की है। फिर भी वह इस पर ध्यान देंगे।