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रोडवेज की 32 बसों से घरों को रवाना हुए 1350 मजदूर
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राष्ट्रीय राजमार्ग पर अपने गंतव्य की ओर जाते प्रवासी मजदूर।
- फोटो : MATHURA
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मथुरा। बिहार और मध्य प्रदेश के 1350 प्रवासी मजदूरों को यूपी रोडवेज की 32 बसें सोमवार को लेकर निकलीं। ये बसें गोरखपुर और झांसी के बार्डर पर इन मजदूरों को छोड़ेंगी। कोसीकलां की मंडी में डेरा डाले इन मजदूरों को सुबह से ही निकालना शुरू कर दिया गया।
रविवार को खाना-पीना न मिलने पर भड़के प्रवासी मजदूरों ने हाईवे जाम करने के बाद टायर और झाड़ियों में आग लगाकर जिला प्रशासन की उदासीनता का विरोध किया था। सात घंटे तक हंगामा करने वाले इन मजदूरों को खाना-पीना दिया गया और इन सभी को गंतव्य तक पहुंचाया भी गया।
फिर भी कई प्रवासी मजदूर कोसीकलां मंडी में रुके हुए थे। सोमवार को बिहार और मप्र को जाने वाले मजदूरों के लिए यूपी रोडवेज की बसें लगाई गईं। करीब 1350 प्रवासी मजदूरों को 32 बसों से गोरखपुर और झांसी बार्डर तक छुड़वाया गया।
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एआरएम विनोद कुमार शुक्ला ने बताया कि रोडवेज की 32 बसें गोरखपुर और झांसी भेजी गई हैं। इन बसों में एमपी और बिहार के प्रवासी मजदूर सवार हुए हैं। फिलहाल कोसीकलां मंडी पर मजदूर नहीं हैं।
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रविवार को खाना-पीना न मिलने पर भड़के प्रवासी मजदूरों ने हाईवे जाम करने के बाद टायर और झाड़ियों में आग लगाकर जिला प्रशासन की उदासीनता का विरोध किया था। सात घंटे तक हंगामा करने वाले इन मजदूरों को खाना-पीना दिया गया और इन सभी को गंतव्य तक पहुंचाया भी गया।
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फिर भी कई प्रवासी मजदूर कोसीकलां मंडी में रुके हुए थे। सोमवार को बिहार और मप्र को जाने वाले मजदूरों के लिए यूपी रोडवेज की बसें लगाई गईं। करीब 1350 प्रवासी मजदूरों को 32 बसों से गोरखपुर और झांसी बार्डर तक छुड़वाया गया।
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एआरएम विनोद कुमार शुक्ला ने बताया कि रोडवेज की 32 बसें गोरखपुर और झांसी भेजी गई हैं। इन बसों में एमपी और बिहार के प्रवासी मजदूर सवार हुए हैं। फिलहाल कोसीकलां मंडी पर मजदूर नहीं हैं।