{"_id":"5f0081928ebc3e42b0510105","slug":"guru-purnima-chandra-grahan-today-mathura-vrindavan-mathura-news-agr4489771155","type":"story","status":"publish","title_hn":"गुरु पूर्णिमा के दिन आज चंद्र ग्रहण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गुरु पूर्णिमा के दिन आज चंद्र ग्रहण
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गुरु पूर्णिमा के दिन आज चंद्र ग्रहण
- देश में नहीं दिखाई देगा, यहां उपछाया चंद्रग्रहण, सूतक भी मान्य नहीं, धनु राशि पर प्रभाव
संवाद न्यूज एजेंसी
वृंदावन। रविवार को गुरु पूर्णिमा के दिन चंद्र ग्रहण है, लेकिन यह भारत मे नहीं दिखेगा। यहां उपछाया चंद्रग्रहण दिखाई देगा। इस ग्रहण की अवधि 2 घंटा, 43 मिनट और 24 सेकेंड की रहेगी, जो सुबह 8 बजकर 38 मिनट से आरंभ होगा। ज्योतिषियों के अनुसार इसका प्रभाव सबसे अधिक धनु राशि पर ही देखा जाएगा।
ज्योतिषाचार्य आलोक कुमार गुप्ता बताते हैं कि इस ग्रहण के कारण धनु राशि पर मानसिक तनाव, सेहत से जुड़ी कोई समस्या और माता को कष्ट आदि हो सकता है। ग्रहण के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए भगवान शिव की पूजा करें और सोमवार का व्रत रखें। उन्होंने बताया कि गुरु पूर्णिमा पर चंद्र ग्रहण भारत में नहीं दिखेगा। इस चंद्र ग्रहण के दौरान सूतक काल मान्य नहीं होगा। ज्योतिष शास्त्र में सूतक काल को एक शुभ समय अवधि नहीं माना गया है। सूतक काल में किसी भी प्रकार के धार्मिक और शुभ कार्य नहीं किए जाते हैं, लेकिन 5 जुलाई को लगने जा रहे चंद्र ग्रहण में सूतक काल नहीं माना जाएगा। इस ग्रहण को उपछाया ग्रहण कहा जाता है।
विज्ञापन
- देश में नहीं दिखाई देगा, यहां उपछाया चंद्रग्रहण, सूतक भी मान्य नहीं, धनु राशि पर प्रभाव
संवाद न्यूज एजेंसी
वृंदावन। रविवार को गुरु पूर्णिमा के दिन चंद्र ग्रहण है, लेकिन यह भारत मे नहीं दिखेगा। यहां उपछाया चंद्रग्रहण दिखाई देगा। इस ग्रहण की अवधि 2 घंटा, 43 मिनट और 24 सेकेंड की रहेगी, जो सुबह 8 बजकर 38 मिनट से आरंभ होगा। ज्योतिषियों के अनुसार इसका प्रभाव सबसे अधिक धनु राशि पर ही देखा जाएगा।
ज्योतिषाचार्य आलोक कुमार गुप्ता बताते हैं कि इस ग्रहण के कारण धनु राशि पर मानसिक तनाव, सेहत से जुड़ी कोई समस्या और माता को कष्ट आदि हो सकता है। ग्रहण के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए भगवान शिव की पूजा करें और सोमवार का व्रत रखें। उन्होंने बताया कि गुरु पूर्णिमा पर चंद्र ग्रहण भारत में नहीं दिखेगा। इस चंद्र ग्रहण के दौरान सूतक काल मान्य नहीं होगा। ज्योतिष शास्त्र में सूतक काल को एक शुभ समय अवधि नहीं माना गया है। सूतक काल में किसी भी प्रकार के धार्मिक और शुभ कार्य नहीं किए जाते हैं, लेकिन 5 जुलाई को लगने जा रहे चंद्र ग्रहण में सूतक काल नहीं माना जाएगा। इस ग्रहण को उपछाया ग्रहण कहा जाता है।
विज्ञापन