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वृंदावन में भजन करते जिंदा जली कोलकाता की वृद्धा
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आग की घटना के बाद पटना वाली कुंज में बिखरा हुआ सामान
- फोटो : VRINDAVAN
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वृंदावन (मथुरा)। राधारमण मंदिर के निकट पटना वाली कुंज में बीती रात भजन करते वक्त दीपक की आग से वृद्धा गंभीर रूप से झुलस गई। पड़ोसियों ने आनन-फानन में दरवाजा तोड़कर वृद्धा को बाहर निकाला। उपचार के दौरान आगरा में उसकी मौत हो गई।
राधारणम मंदिर के निकट स्थित पटना वाली कुंज में करीब 20 परिवार रहते हैं। यहां कमला चक्रवर्ती (80) भी छोटी सी कोठरी में अकेली रहती थीं। कोलकाता मूल निवासी कमला बीती रात करीब 11:15 बजे बैठकर भजन-पूजन कर रहीं थीं। इसी बीच दीपक गिरने से आग की चपेट में आ गईं। इसी दौरान शादी समारोह से आए कुंज के एक अन्य परिवार ने खिड़की से आग की लपटें देखी तो तत्काल उन्हें बचाने के लिए दौड़ पड़े।
बैठने की मुद्रा में ही कमला चक्रवर्ती को आग से बुरी तरह से घेर लिया था। पड़ोसियों ने कमरे का दरवाजा तोड़कर उन्हें आनन-फानन में बाहर निकाला। पहले निजी वाहन फिर एंबुलेंस की सहायता से उपचार के लिए जिला अस्पताल ले गए। गंभीर स्थिति होने पर उन्हें आगरा रेफर कर दिया गया। उपचार के दौरान कमला चक्रवर्ती की मौत हो गई।
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कुंज में रहने वाली कृष्णा ने बताया कि कमला चक्रवर्ती करीब 40 साल सेे ही वृंदावन रह रही थीं। यहां कोई संबंधी भी उनके साथ नहीं रहता था। सरकारी राशन से उनका जीवन यापन होता था। कोतवाल संजीव कुमार दुबे ने बताया कि महिला का पोस्टमार्टम होगा। उसके परिजनों से संपर्क किया गया तो उन्होंने फिलहाल आने में असमर्थता व्यक्त की है।
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राधारणम मंदिर के निकट स्थित पटना वाली कुंज में करीब 20 परिवार रहते हैं। यहां कमला चक्रवर्ती (80) भी छोटी सी कोठरी में अकेली रहती थीं। कोलकाता मूल निवासी कमला बीती रात करीब 11:15 बजे बैठकर भजन-पूजन कर रहीं थीं। इसी बीच दीपक गिरने से आग की चपेट में आ गईं। इसी दौरान शादी समारोह से आए कुंज के एक अन्य परिवार ने खिड़की से आग की लपटें देखी तो तत्काल उन्हें बचाने के लिए दौड़ पड़े।
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बैठने की मुद्रा में ही कमला चक्रवर्ती को आग से बुरी तरह से घेर लिया था। पड़ोसियों ने कमरे का दरवाजा तोड़कर उन्हें आनन-फानन में बाहर निकाला। पहले निजी वाहन फिर एंबुलेंस की सहायता से उपचार के लिए जिला अस्पताल ले गए। गंभीर स्थिति होने पर उन्हें आगरा रेफर कर दिया गया। उपचार के दौरान कमला चक्रवर्ती की मौत हो गई।
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कुंज में रहने वाली कृष्णा ने बताया कि कमला चक्रवर्ती करीब 40 साल सेे ही वृंदावन रह रही थीं। यहां कोई संबंधी भी उनके साथ नहीं रहता था। सरकारी राशन से उनका जीवन यापन होता था। कोतवाल संजीव कुमार दुबे ने बताया कि महिला का पोस्टमार्टम होगा। उसके परिजनों से संपर्क किया गया तो उन्होंने फिलहाल आने में असमर्थता व्यक्त की है।