{"_id":"9ff5d2608679fbe3d1eb5452088ecff8","slug":"insult-of-woman-by-police-in-mathura-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":" ‘मरेगी तो कपड़े में लपेट मोर्चरी पहुंचा देंगे’","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
‘मरेगी तो कपड़े में लपेट मोर्चरी पहुंचा देंगे’
ब्यूरो, अमर उजाला मथुरा
Updated Mon, 18 May 2015 12:12 AM IST
विज्ञापन
शादी का झांसा देकर यौन शोषण की शिकार एक युवती गोकुल बैराज पर आत्महत्या करने जा रही थी तभी दो युवकों ने उसे पकड़ लिया। सूचना देकर पुलिस बुला ली। मामला फरह थाने का बताकर उसे वहां भेज दिया गया। ऐसे हालातों में पुलिस ने संवेदनशीलता रवैये के साथ कार्रवाई करने के बजाय युवती को लताड़ डाला। एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि तू मरेगी तो कपड़े में लपेटकर पीएम पहुंचा देंगे। इसके बाद युवती फिर से नदी में कूदने पहुंच गई। किसी ने उसे बचाया और समझाकर एसएसपी के पास भेजा। एसएसपी ने युवती को महिला थाने भेजकर फरह पुलिस को मेडिकल कराने के आदेश दिए हैं।
यह कहानी थाना फरह क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली करीब 23 वर्षीय युवती की है। बाल विवाह के दो साल बाद पति ने उसका साथ छोड़ दिया। चार साल पहले वह अपने पिता के पास रहने आ गई। पिता की भी माली हालत खराब होने के चलते वह परिवार पर बोझ बनी तो उसने एक ऑटोमोबाइल कंपनी में नौकरी कर ली। इसी दौरान चुरमुरा निवारी करीब 23 वर्षीय युवक ने उससे शादी करने का भरोसा दिलाया और उसे अपने साथ घुमाने ले गया। इस दौरान उसने उससे नौ मई को शादी करने का वाद किया और उससे शारीरिक संबंध बनाए। नौ मई को युवक लापता हो गया।
10 मई को मिला तो उसने युवती को फटकार कर भगा दिया। इस हाल में युवती के घर वालों ने भी उसका साथ छोड़ दिया। दो दिन पहले वह गोकुल बैराज पर आत्महत्या करने पहुंच गई। दो युवकों ने उसे पकड़ लिया और सदर पुलिस को सूचना दे दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामला फरह थाने का बताकर उसे फरह पुुलिस के पास भेज दिया। यहां मौजूद अधिकारी ने मामले में कोई कार्रवाई करने बजाया युवती को ही लताड़ लगाकर भगा दिया।
विज्ञापन
पीड़ितों की थाने पर तरीके से बात सुनकर निस्तारण कराए जाने के निर्देश हैं। पीड़ित युवती से यदि इस तरह फरह थाने में कहा गया है तो इसकी जानकारी कराऊंगा, पीड़ित से कोई पुलिसकर्मी अपशब्द कहे, यह बर्दास्त नहीं किया जाएगा।
- डॉ. राकेश सिंह, एसएसपी मथुरा
विज्ञापन
यह कहानी थाना फरह क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली करीब 23 वर्षीय युवती की है। बाल विवाह के दो साल बाद पति ने उसका साथ छोड़ दिया। चार साल पहले वह अपने पिता के पास रहने आ गई। पिता की भी माली हालत खराब होने के चलते वह परिवार पर बोझ बनी तो उसने एक ऑटोमोबाइल कंपनी में नौकरी कर ली। इसी दौरान चुरमुरा निवारी करीब 23 वर्षीय युवक ने उससे शादी करने का भरोसा दिलाया और उसे अपने साथ घुमाने ले गया। इस दौरान उसने उससे नौ मई को शादी करने का वाद किया और उससे शारीरिक संबंध बनाए। नौ मई को युवक लापता हो गया।
विज्ञापन
10 मई को मिला तो उसने युवती को फटकार कर भगा दिया। इस हाल में युवती के घर वालों ने भी उसका साथ छोड़ दिया। दो दिन पहले वह गोकुल बैराज पर आत्महत्या करने पहुंच गई। दो युवकों ने उसे पकड़ लिया और सदर पुलिस को सूचना दे दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामला फरह थाने का बताकर उसे फरह पुुलिस के पास भेज दिया। यहां मौजूद अधिकारी ने मामले में कोई कार्रवाई करने बजाया युवती को ही लताड़ लगाकर भगा दिया।
विज्ञापन
पीड़ितों की थाने पर तरीके से बात सुनकर निस्तारण कराए जाने के निर्देश हैं। पीड़ित युवती से यदि इस तरह फरह थाने में कहा गया है तो इसकी जानकारी कराऊंगा, पीड़ित से कोई पुलिसकर्मी अपशब्द कहे, यह बर्दास्त नहीं किया जाएगा।
- डॉ. राकेश सिंह, एसएसपी मथुरा