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झांकियों संग निकली गोवर्द्घन नाथ जू की सवारी
ब्यूरो अमर उजाला, महोबा
Updated Sat, 14 Nov 2015 12:06 AM IST
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रियासती नगर में एक माह तक चलने वाले 133 वां सहस्त्र श्री स्वामी गोवर्द्घन्नाथ जू महाराज मेला का शुभारंभ हो गया। नगर में भव्य झांकियों के साथ स्वामी गोवर्द्घन्नाथ की सवारी निकालकर प्रतिमा की मेला परिसर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा अर्चना कर स्थापना की गई। बसपा के पूर्व विधायक राकेश गोस्वामी ने मेला का शुभारंभ किया।
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बुंदेलखंड का कश्मीर कहे जाने वाले चरखारी में ऐतिहासिक स्वामी गोवर्द्घन्नाथ जू मेले का शुभारंभ हो गया। गुरुवार को सदर मंदिर में स्थापित सहस्त्र श्री स्वामी गोवर्द्घन्नाथ जू महराज की भव्य सवारी निकाली गई। पुजारी रवींद्र गुरूदेव ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच प्रतिमा की मेेला परिसर में प्राण प्रतिष्ठा की गई।
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मुख्य अतिथि और बसपा के पूर्व विधायक राकेश गोस्वामी ने पूजा अर्चना कर मेले का उद्घाटन किया। इस मौके पर पूर्व विधायक ने कहा दिनों दिन मेले का बढ़ता स्वरूप लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच रहा है।
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इस मौके पर चेयरमैन प्रतिनिधि मुईनुद्दीन उर्फ मुईया भाई, नगर पालिका परिषद समाजसेवी सुखनंदन शास्त्री, रमण गोस्वामी, शिवकुमार गोस्वामी, सपा जिलाध्यक्ष बाबू मंसूरी, तहसीलदार नन्हकू, पूर्व पालिका अरविंद सिंह चौहान, मनोज पाठक, अरविंद यादव डा. उमाशंकर तिवारी, अयूब खान, नरेंद्र श्रीवास्तव, नियाज अहमद मौजूद रहे।
राष्ट्रीय मेले का दर्जा मिला, सुविधाएं नहीं- चरखारी। राष्ट्रीय मेला का दर्जा मिलने के बाद भी मेले को आज तक सरकारी सुविधाएं और सहायता नहीं मिल सकी है।
मुख्यमंत्री ने दो वर्ष पहले कजली मेला और चरखारी मेले को राष्ट्रीय मेले का दर्जा दे दिया था, लेकिन प्रदेश स्तर से मेला के लिए सहायता नहीं मिल पा रही है। मेला की आयोजक चरखारी नगर पालिका परिषद 20 लाख रूपये खर्च कर किसी तरह मेला की परंपरा को निभा रही है।