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दो सगे भाइयों ने जेईई-मेन परीक्षा की उत्तीर्ण
mahoba
Updated Tue, 01 May 2018 11:05 PM IST
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महोबा। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड का ज्वांइट इंट्रेेंस एग्जामिनेशन (जेईई-मेन ) का परीक्षा परिणाम घोषित होने पर जिले के तीन मेधावियों ने कामयाबी हासिल की है। दो सगे भाईयों ने बिना कोचिंग के घर पर पढ़ाई करके जेईई-मेन की परीक्षा उत्तीर्ण कर जिले का नाम रोशन किया है। दोनों बेटों को एक साथ मिली कामयाबी से माता पिता खुशी से फूले नहीं समा रहे हैं।
शहर के गांधीनगर निवासी देवीदीन वर्मा एलआईसी महोबा में नोडल अधिकारी के पद पर कार्यरत है। इनके छोटे बेटे अमित प्रकाश ने वर्ष 2016 में हाईस्कूल की परीक्षा 10सीजीपी के साथ उत्तीर्ण की थी। इस साल इंटरमीडिएट में होने के कारण जेईई की तैयारी के साथ इंटरमीडिएट परीक्षा की भी तैयारी की। एक साल में दोनों परीक्षाओं की तैयारी करने के बाद भी उसने 8000 रेंक के साथ जेईई-मेन में कामयाबी हासिल की। इस कामयाबी के लिए वह अपने पिता देवीदीन वर्मा और मां इंदिरा वर्मा को श्रेय देता है।
देवीदीन के दूसरे बेटे तीव्र प्रकाश ने वर्ष 2015 में हाईस्कूल की परीक्षा 75 फीसदी अंकों के साथ उत्तीर्ण की। एक साल बाद 2018 में तीव्र प्रकाश ने भी बोर्ड परीक्षा की तैयारी की साथ ही जेईई-मेन की तैयारी घर पर करता रहा और 10050 रेंक के साथ कामयाबी हासिल की। इसी तरह नीरज सिंह राजपूत के बेटे अनुज राजपूत ने कोटा, राजस्थान में रहकर तैयारी की और इस साल 7878 रैंक के साथ जेईई-मेन की परीक्षा उत्तीर्ण कर जिले का नाम रोशन किया है। वह इस कामयाबी के लिए अपने गुरुजनों के साथ माता पिता को श्रेय देता है।
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छात्राओं ने भी दिखाया दमखम
ब्यूरो
महोबा। हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा में जीजीआईसी महोबा की 75 फीसदी छात्राओं ने कामयाबी हासिल कर विद्यालय का नाम रोशन किया। स्टाफ की भारी कमी के बाद भी परीक्षा परिणाम बेहतर आने से टीचर भी खासा खुश है।
इंटरमीडिएट में संध्या राठौर ने 86 प्रतिशत, कोमल ने 85.4 प्रतिशत और अमिषा पटेल ने 84.6 प्रतिशत अंक हासिल किए है। इसी तरह हाईस्कूल परीक्षा में निष्ठा पटेरिया 80 प्रतिशत, प्रतिभा ने 79 प्रतिशत और नेहा ने 78 प्रतिशत अंक हासिल किए। छात्राएं अच्छा परीक्षाफल आने से खुशी से फूली नहीं समा रही है।
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शहर के गांधीनगर निवासी देवीदीन वर्मा एलआईसी महोबा में नोडल अधिकारी के पद पर कार्यरत है। इनके छोटे बेटे अमित प्रकाश ने वर्ष 2016 में हाईस्कूल की परीक्षा 10सीजीपी के साथ उत्तीर्ण की थी। इस साल इंटरमीडिएट में होने के कारण जेईई की तैयारी के साथ इंटरमीडिएट परीक्षा की भी तैयारी की। एक साल में दोनों परीक्षाओं की तैयारी करने के बाद भी उसने 8000 रेंक के साथ जेईई-मेन में कामयाबी हासिल की। इस कामयाबी के लिए वह अपने पिता देवीदीन वर्मा और मां इंदिरा वर्मा को श्रेय देता है।
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देवीदीन के दूसरे बेटे तीव्र प्रकाश ने वर्ष 2015 में हाईस्कूल की परीक्षा 75 फीसदी अंकों के साथ उत्तीर्ण की। एक साल बाद 2018 में तीव्र प्रकाश ने भी बोर्ड परीक्षा की तैयारी की साथ ही जेईई-मेन की तैयारी घर पर करता रहा और 10050 रेंक के साथ कामयाबी हासिल की। इसी तरह नीरज सिंह राजपूत के बेटे अनुज राजपूत ने कोटा, राजस्थान में रहकर तैयारी की और इस साल 7878 रैंक के साथ जेईई-मेन की परीक्षा उत्तीर्ण कर जिले का नाम रोशन किया है। वह इस कामयाबी के लिए अपने गुरुजनों के साथ माता पिता को श्रेय देता है।
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छात्राओं ने भी दिखाया दमखम
ब्यूरो
महोबा। हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा में जीजीआईसी महोबा की 75 फीसदी छात्राओं ने कामयाबी हासिल कर विद्यालय का नाम रोशन किया। स्टाफ की भारी कमी के बाद भी परीक्षा परिणाम बेहतर आने से टीचर भी खासा खुश है।
इंटरमीडिएट में संध्या राठौर ने 86 प्रतिशत, कोमल ने 85.4 प्रतिशत और अमिषा पटेल ने 84.6 प्रतिशत अंक हासिल किए है। इसी तरह हाईस्कूल परीक्षा में निष्ठा पटेरिया 80 प्रतिशत, प्रतिभा ने 79 प्रतिशत और नेहा ने 78 प्रतिशत अंक हासिल किए। छात्राएं अच्छा परीक्षाफल आने से खुशी से फूली नहीं समा रही है।