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Mahoba News: 30 साल बाद पर्यटकों के लिए खुला किला, जुट रही भीड़
Thu, 03 Jul 2025 11:06 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महोबा
संवाद न्यूज एजेंसी, महोबा
Updated Thu, 03 Jul 2025 11:06 PM IST
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चरखारी (महोबा)। बुंदेलखंड के कश्मीर के नाम से प्रसिद्ध झीलों के शहर चरखारी में 30 साल बाद पर्यटकों के लिए ऐतिहासिक किले को खोल दिया गया है। इससे अब यहां पर्यटकों की भीड़ जुट रही है। किले से झीलों का अनूठा नजारा देखते ही बन रहा है। एसपी प्रबल प्रताप सिंह ने किले का भ्रमण कर नैसर्गिक सुंदरता की सराहना की। साथ ही सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस बल तैनात करने के निर्देश दिए।
चरखारी के ऐतिहासिक किले का निर्माण 16वीं शताब्दी में महाराजा छत्रसाल के द्वितीय पुत्र महाराजा जगतराज ने कराया था। रियासत समाप्त होने के बाद यह किला प्रदेश सरकार के आधीन रहा और जिला पंचायत हमीरपुर की ओर से इसकी देखरेख की जाती रही। हालांकि, बाद में यह किला सेना के आधीन चला गया। यहां 30 साल तक किले पर जाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहा।
एक सप्ताह पहले सेना के जवानों ने चौकी और सुरक्षा समाप्त करते हुए किला खाली कर दिया। इससे अब पर्यटक किले को देखने के लिए पहुंचने लगे हैं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अधीक्षक प्रबल प्रताप सिंह प्रशासनिक अधिकारियों के साथ किले पर पहुंचे। उन्होंने प्राचीन दुर्ग की बनावट, किले में रखी तोपें और किले से झीलों का नजारा देखा।
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उन्होंने पर्यटकों की बढ़ती संख्या को देखते हुए कोतवाली प्रभारी प्रवीण कुमार सिंह को किले में पुलिस की निगरानी बनाए रखने और सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। इस दौरान एसडीएम डॉ. प्रदीप कुमार, सीओ रविकांत गोंड आदि मौजूद रहे।
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चरखारी के ऐतिहासिक किले का निर्माण 16वीं शताब्दी में महाराजा छत्रसाल के द्वितीय पुत्र महाराजा जगतराज ने कराया था। रियासत समाप्त होने के बाद यह किला प्रदेश सरकार के आधीन रहा और जिला पंचायत हमीरपुर की ओर से इसकी देखरेख की जाती रही। हालांकि, बाद में यह किला सेना के आधीन चला गया। यहां 30 साल तक किले पर जाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहा।
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एक सप्ताह पहले सेना के जवानों ने चौकी और सुरक्षा समाप्त करते हुए किला खाली कर दिया। इससे अब पर्यटक किले को देखने के लिए पहुंचने लगे हैं। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अधीक्षक प्रबल प्रताप सिंह प्रशासनिक अधिकारियों के साथ किले पर पहुंचे। उन्होंने प्राचीन दुर्ग की बनावट, किले में रखी तोपें और किले से झीलों का नजारा देखा।
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उन्होंने पर्यटकों की बढ़ती संख्या को देखते हुए कोतवाली प्रभारी प्रवीण कुमार सिंह को किले में पुलिस की निगरानी बनाए रखने और सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। इस दौरान एसडीएम डॉ. प्रदीप कुमार, सीओ रविकांत गोंड आदि मौजूद रहे।