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26वीं बार खून से खत लिखकर बुंदेलों ने दोहराई बुंदेलखंड राज्य की मांग
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खून से खत लिखते बुंदेली समाज के संयोजक।
- फोटो : MAHOBA
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महोबा। बुंदेली समाज ने खून से खत लिखकर प्रथक बुंदेलखंड राज्य की मांग प्रधानमंत्री से की है। इस दौरान बुंदेलखंड राज्य आंदोलन के जनक स्व. शंकर लाल मेहरोत्रा के जन्मोत्सव पर आंबेडकर पार्क में कार्यक्रम आयोजित हुआ।
बुंदेली समाज के संयोजक तारा पाटकर ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ लगभग हर महीने प्रधानमंत्री को अपने खून से खत लिखते हैं, बुंदेलखंड राज्य की मांग करते हैं।
उन्होंने बताया कि अगर शंकर लाल मेहरोत्रा का 22 नवंबर, 2001 को अचानक निधन न हुआ होता तो बहुत पहले बुंदेलखंड राज्य बन गया होता। हम उनकी कुर्बानियों को बर्बाद नहीं होने देंगे और संघर्ष करते रहेंगे। अब तक हम लोग प्रधानमंत्री को अपने खून से 1000 से अधिक खत लिख चुके हैं। इस मौके पर गया प्रसाद कोस्टा, रमाकांत नगायच, हरीओम निषाद, सुरेश बुंदेलखंडी, प्रमोद कुमार व प्रेम चौरसिया आदि मौजूद रहे।
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बुंदेली समाज के संयोजक तारा पाटकर ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ लगभग हर महीने प्रधानमंत्री को अपने खून से खत लिखते हैं, बुंदेलखंड राज्य की मांग करते हैं।
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उन्होंने बताया कि अगर शंकर लाल मेहरोत्रा का 22 नवंबर, 2001 को अचानक निधन न हुआ होता तो बहुत पहले बुंदेलखंड राज्य बन गया होता। हम उनकी कुर्बानियों को बर्बाद नहीं होने देंगे और संघर्ष करते रहेंगे। अब तक हम लोग प्रधानमंत्री को अपने खून से 1000 से अधिक खत लिख चुके हैं। इस मौके पर गया प्रसाद कोस्टा, रमाकांत नगायच, हरीओम निषाद, सुरेश बुंदेलखंडी, प्रमोद कुमार व प्रेम चौरसिया आदि मौजूद रहे।
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