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व्यापारियों को बांटे जीएसटी प्रमाण पत्र
अमर उजाला ब्यूरो, महोबा
Updated Thu, 29 Dec 2016 11:49 PM IST
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जीएसटी रजिस्ट्रेशन वितरित कराते वाणिज्यकर अधिकारी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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केंद्र सरकार द्वारा जीएसटी बिल संसद से पारित कराने के बाद प्रदेश के वाणिज्कर महकमे ने भी जीएसटी लागू कराने की कवायद तेज कर दी है। वाणिज्यकर अधिकारी ने पत्थर मंडी कबरई में एक सैकड़ा से अधिक पत्थर व्यापारियों को जीएसटी रजिस्ट्रेशन बांटे। गुरुवार को क्रेशर यूनियन के अलीपुरा स्थित कार्यालय में यूनियन अध्यक्ष राघवेंद्र सिंह की अध्यक्षता में जीएसटी पर बैठक हुई।
इसमें असिस्टेंट कमिश्नर अरविंद कुमार पांडेय ने कहा कि एक अप्रैल 2017 से प्रदेश में जीएसटी लागू किया जाना है। इसी क्रम में व्यापारियों के टिन नंबर जीएसटी नंबर में कंवर्ट कर जीएसटी से जोड़ा जा रहा है। पूरा डाटा व्यापारी का वाणिज्यकर से जीएसटी में तब्दील हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि जीएसटी लागू होने से पूरे भारत वर्ष में व्यापारी कहीं भी जीएसटी नंबर पर खरीद फरोख्त कर सकेंगे। उसकी आईटीसी (इनपुट टैक्स क्रेडिट) का लाभ जिले के व्यापारी को मिलेगा। अब व्यापारी का फार्म 31 आदि लेने के लिए कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। पूरे देश में एक्साइज, प्रवेश कर, वैट सहित अन्य कर जीएसटी के रूप में जाने जाएंगे। बैठक में व्यापारी रामकिशोर, गोपालदत्त पांडेय, सूरज गुप्ता, नासिर अली, विष्णु नारायण शुक्ला, इंद्रकांत, बालकिशोर, संतोष निगम, अवधेश त्रिपाठी के अलावा अमित सिंह, जगदीश आदि मौजूद रहे।
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इसमें असिस्टेंट कमिश्नर अरविंद कुमार पांडेय ने कहा कि एक अप्रैल 2017 से प्रदेश में जीएसटी लागू किया जाना है। इसी क्रम में व्यापारियों के टिन नंबर जीएसटी नंबर में कंवर्ट कर जीएसटी से जोड़ा जा रहा है। पूरा डाटा व्यापारी का वाणिज्यकर से जीएसटी में तब्दील हो जाएगा।
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उन्होंने कहा कि जीएसटी लागू होने से पूरे भारत वर्ष में व्यापारी कहीं भी जीएसटी नंबर पर खरीद फरोख्त कर सकेंगे। उसकी आईटीसी (इनपुट टैक्स क्रेडिट) का लाभ जिले के व्यापारी को मिलेगा। अब व्यापारी का फार्म 31 आदि लेने के लिए कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। पूरे देश में एक्साइज, प्रवेश कर, वैट सहित अन्य कर जीएसटी के रूप में जाने जाएंगे। बैठक में व्यापारी रामकिशोर, गोपालदत्त पांडेय, सूरज गुप्ता, नासिर अली, विष्णु नारायण शुक्ला, इंद्रकांत, बालकिशोर, संतोष निगम, अवधेश त्रिपाठी के अलावा अमित सिंह, जगदीश आदि मौजूद रहे।
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