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Mahoba News: मुआवजे की मांग को लेकर किसानों का कलक्ट्रेट में प्रदर्शन
Tue, 03 Jun 2025 12:03 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महोबा
संवाद न्यूज एजेंसी, महोबा
Updated Tue, 03 Jun 2025 12:03 AM IST
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महोबा। अर्जुन सहायक परियोजना के तहत डूब क्षेत्र में भूमि जाने के बाद भी मुआवजा न मिलने से परेशान किसानों ने सोमवार को कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर विरोध जताया। कहा कि मुआवजा न मिलने से वह परेशान है। उन्होंने डीएम को शिकायती पत्र देकर शीघ्र मुआवजा दिलाने की मांग की है।
ब्लॉक कबरई के गुगौरा गांव निवासी किसान देवीदीन, कामता प्रसाद, बलवान, प्रमोद, ज्ञान सिंह, इंद्रपाल, अभिषेक, निरंजन सिंह, विनोद, कालीदीन, हरगोविंद समेत 50 से अधिक किसानों ने डीएम गजल भारद्वाज को सौंपे शिकायती पत्र में बताया कि उनका गांव अर्जुन सहायक परियोजना के डूब क्षेत्र में आता है। 15 साल पहले सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने गांव के डूब क्षेत्र में होने पर घरों का नया निर्माण न कराने की बात कही थी। इससे उनके मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं। मकानों का नया निर्माण नहीं होने दिया जा रहा है और न ही आज तक मुआवजा दिया गया है। इससे उनका परिवार खुले आसमान के नीचे जिंदगी गुजारने को मजबूर हैं। कई बार विभागीय उच्चाधिकारियों और समाधान दिवस में शिकायत की गई लेकिन बजट का अभाव बताकर उन्हें टहलाया जा रहा है। किसानों ने शीघ्र गांव का मुआवजा दिलाए जाने या फिर गांव का विकास और निर्माण कराए जाने की मांग की है।
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ब्लॉक कबरई के गुगौरा गांव निवासी किसान देवीदीन, कामता प्रसाद, बलवान, प्रमोद, ज्ञान सिंह, इंद्रपाल, अभिषेक, निरंजन सिंह, विनोद, कालीदीन, हरगोविंद समेत 50 से अधिक किसानों ने डीएम गजल भारद्वाज को सौंपे शिकायती पत्र में बताया कि उनका गांव अर्जुन सहायक परियोजना के डूब क्षेत्र में आता है। 15 साल पहले सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने गांव के डूब क्षेत्र में होने पर घरों का नया निर्माण न कराने की बात कही थी। इससे उनके मकान क्षतिग्रस्त हो गए हैं। मकानों का नया निर्माण नहीं होने दिया जा रहा है और न ही आज तक मुआवजा दिया गया है। इससे उनका परिवार खुले आसमान के नीचे जिंदगी गुजारने को मजबूर हैं। कई बार विभागीय उच्चाधिकारियों और समाधान दिवस में शिकायत की गई लेकिन बजट का अभाव बताकर उन्हें टहलाया जा रहा है। किसानों ने शीघ्र गांव का मुआवजा दिलाए जाने या फिर गांव का विकास और निर्माण कराए जाने की मांग की है।
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