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Maharajganj News: कई अस्पतालों में ओपीडी रजिस्टर अपडेट नहीं, सुधारने के निर्देश
Tue, 14 Oct 2025 01:36 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Tue, 14 Oct 2025 01:36 AM IST
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अस्पताल का निरीक्षण करती टीम।स्रोत स्वास्थ्य विभाग
महराजगंज। गोरखपुर स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त निदेशक (जेडी) डॉ. एके गर्ग ने सोमवार को जिले के चार निजी अस्पतालों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान प्राईवेट अस्पताल संचालकों में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के दौरान डॉ. गर्ग ने अस्पतालों की व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया और कई खामियां पाए जाने पर सुधार के लिए निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान जेडी ने अस्पतालों में ओपीडी रजिस्टर, इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों की संख्या, सफाई व्यवस्था, ऑपरेशन थिएटर (ओटी), स्टाफ की उपलब्धता और डॉक्टरों की उपस्थिति की विस्तृत जानकारी ली। इसके अलावा, सुरक्षा के दृष्टिकोण से अस्पतालों में फायर सेफ्टी उपकरणों की उपलब्धता और अन्य संसाधनों के रखरखाव का भी जायजा लिया।
निरीक्षण में कई अस्पतालों में ओपीडी रजिस्टर अपडेट नहीं पाया गया, जिसके लिए जेडी ने तत्काल सुधार के निर्देश दिए।
डॉ. एके गर्ग अस्पताल प्रबंधन को सख्त हिदायत दी कि मरीजों को बेहतर इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि ओपीडी रजिस्टर में प्रत्येक दिन के मरीजों की संख्या और अन्य जरूरी जानकारी अनिवार्य रूप से दर्ज की जाए। इसके साथ ही, इमरजेंसी में किसी मरीज को रेफर करने की स्थिति में उसका बकायदा पर्चा तैयार किया जाए, जिसमें रेफरल का कारण स्पष्ट रूप से उल्लेख हो।
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उन्होंने चेतावनी दी कि इस तरह की लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान कुछ अस्पतालों में सफाई व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं पाई गई। जेडी ने अस्पताल प्रबंधकों को निर्देश दिया कि स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि मरीजों को स्वच्छ और सुरक्षित माहौल में इलाज मिल सके। फायर सेफ्टी उपकरणों की जांच में भी कुछ कमियां सामने आईं, जिन्हें तत्काल दुरुस्त करने के लिए कहा गया। जेडी ने अस्पतालों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने और आवश्यक उपकरणों की नियमित जांच सुनिश्चित करने की सलाह दी। इसके अलावा, जेडी ने अस्पतालों में कार्यरत स्टाफ और डॉक्टरों की उपस्थिति की जांच की।
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निरीक्षण के दौरान जेडी ने अस्पतालों में ओपीडी रजिस्टर, इमरजेंसी वार्ड में भर्ती मरीजों की संख्या, सफाई व्यवस्था, ऑपरेशन थिएटर (ओटी), स्टाफ की उपलब्धता और डॉक्टरों की उपस्थिति की विस्तृत जानकारी ली। इसके अलावा, सुरक्षा के दृष्टिकोण से अस्पतालों में फायर सेफ्टी उपकरणों की उपलब्धता और अन्य संसाधनों के रखरखाव का भी जायजा लिया।
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निरीक्षण में कई अस्पतालों में ओपीडी रजिस्टर अपडेट नहीं पाया गया, जिसके लिए जेडी ने तत्काल सुधार के निर्देश दिए।
डॉ. एके गर्ग अस्पताल प्रबंधन को सख्त हिदायत दी कि मरीजों को बेहतर इलाज की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि ओपीडी रजिस्टर में प्रत्येक दिन के मरीजों की संख्या और अन्य जरूरी जानकारी अनिवार्य रूप से दर्ज की जाए। इसके साथ ही, इमरजेंसी में किसी मरीज को रेफर करने की स्थिति में उसका बकायदा पर्चा तैयार किया जाए, जिसमें रेफरल का कारण स्पष्ट रूप से उल्लेख हो।
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उन्होंने चेतावनी दी कि इस तरह की लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान कुछ अस्पतालों में सफाई व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं पाई गई। जेडी ने अस्पताल प्रबंधकों को निर्देश दिया कि स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि मरीजों को स्वच्छ और सुरक्षित माहौल में इलाज मिल सके। फायर सेफ्टी उपकरणों की जांच में भी कुछ कमियां सामने आईं, जिन्हें तत्काल दुरुस्त करने के लिए कहा गया। जेडी ने अस्पतालों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने और आवश्यक उपकरणों की नियमित जांच सुनिश्चित करने की सलाह दी। इसके अलावा, जेडी ने अस्पतालों में कार्यरत स्टाफ और डॉक्टरों की उपस्थिति की जांच की।