फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   Hindi poetry struggling to save human sensibilities

Maharajganj News: मानवीय संवेदनाओं को बचाने की जद्दोजहद कर रही हिंदी कविता

Tue, 05 May 2026 01:50 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 05 May 2026 01:50 AM IST
विज्ञापन
Hindi poetry struggling to save human sensibilities
ग्राम स्वराज पुस्तकालय रामपुर बुजुर्ग में हुआ आयोजन
विज्ञापन

आज की कविता के समक्ष संप्रेषणीयता सबसे बड़ी चुनौती : प्रो. अमरनाथ
महाराजगंज। आज की हिंदी कविता अपने समय के गहन यथार्थ, संघर्ष और चुनौतियों को मुखरता से अभिव्यक्त कर रही है। हिंदी कविता रूमानी दुनिया से निकलकर महानगरों की यांत्रिकता, पलायन और बाजारवाद के बीच मानवीय संवेदनाओं को बचाने की जद्दोजहद कर रही है। कविता, गीत और गजल वर्तमान समय में एक विमर्श खड़ी कर रही है।
उक्त विचार ग्राम स्वराज पुस्तकालय रामपुर बुजुर्ग में आयोजित आज की ''हिंदी कविता: यथार्थ और चुनौतियां'' विषयक व्याख्यान को संबोधित करते हुए काशी हिंदू विश्वविद्यालय वाराणसी के हिंदी विभाग के विभाग अध्यक्ष एवं गजलकार प्रोफेसर वशिष्ठ अनूप ने व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि आर्थिक विषमता, पलायन, निम्न और मध्यवर्ग की आर्थिक पीड़ा आज की कविताओं में प्रमुखता से उभर रही है। वहीं भाषा की जटिलता से आम पाठक और श्रोताओं से संवाद टूट रहा है। काव्य संध्या के क्रम में प्रोफेसर वशिष्ठ अनूप ने अपने गजलों के माध्यम से सभी को प्रभावित किया।
विज्ञापन

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए पीजी कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. रामेंद्र कुमार मिश्रा ने कहा कि प्रोफेसर वशिष्ठ अनूप किताबों या पन्नों तक सीमित नहीं हैं। वह जनमानस के मन मस्तिष्क पर हावी होने वाली कविताएं लिखते हैं। चिकित्सक एवं गजलकार डॉ. ठाकुर भारत श्रीवास्तव ने कहा कि साहित्य व समाज का गहरा रिश्ता है। कोलकाता विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग के अध्यक्ष रहे प्रोफेसर अमरनाथ ने कहा कि आज की कविता के समक्ष संप्रेषणीयता का संकट एक बड़ी चुनौती है। व्याख्यान और काव्य संध्या का संचालन डॉ. शांतिशरण मिश्र ने किया।
विज्ञापन
विज्ञापन

काव्य संध्या में लेखक एवं गीतकार हरि शरण ओझा, गजलकार डॉ. ठाकुर भरत श्रीवास्तव, डॉ. परशुराम गुप्त, नवीन शुक्ला, राजेश स्वर्णकार, संतोष श्रीवास्तव, युवा कवि दिव्यांश पांडेय, उमेश साहनी, शशि वर्मा, सुरेंद्र पटेल, आशीष गौतम, रानू प्रजापति मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed