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Maharajganj News: त्रिशूली नदी में आए बाढ़ से मुगलिंग-काठमांडो मार्ग पर 30 मीटर सड़क धंसी, यातायात ठप
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कृष्णाभीर में धंसा हाईवे।
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यातायात पूरी तरह ठप, दोनों तरफ लगी वाहनों की लंबी कतार
भूस्खलन और सड़क धंसने से बढ़ी मुश्किलें, वैकल्पिक मार्ग तलाशने में जुटा प्रशासन
ठूठीबारी। नेपाल में लगातार बारिश और त्रिशूली नदी में आई भीषण बाढ़ ने जनजीवन के साथ-साथ सड़कों को भी बुरी तरह प्रभावित किया है। पृथ्वी राजमार्ग के मुगलिंग-काठमांडो मार्ग पर धादिंग जिले के कृष्णभीर में 30 मीटर सड़क धंस जाने से यातायात पूरी तरह ठप हो गया है। इससे यात्रियों को काफी परेशानी हो रही है।
जानकारी के अनुसार, बताया जा रहा है कि त्रिशूली नदी में अचानक बढ़े जलस्तर और तेज बहाव के कारण राजमार्ग के निचले हिस्से का फाउंडेशन कटकर बह गया। इस वजह से करीब 30 मीटर सड़क धंस गई जबकि आसपास के हिस्से में भी भूस्खलन का खतरा बना हुआ है।
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सड़क का बड़ा हिस्सा नदी की ओर खिसकने से मार्ग पर वाहनों की आवाजाही संभव नहीं रह गई है। सड़क बंद होने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गई है। सड़क बाधित होने के कारण इस मार्ग से आने-जाने वाले यात्रियों और मालवाहक वाहनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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बागमती प्रदेश ट्रैफिक पुलिस के प्रमुख दिल्ली नारायण पांडेय ने बताया कि सुरक्षा की दृष्टि से यातायात अनिश्चित काल के लिए पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। नदी के लगातार बढ़ते बहाव को देखते हुए लोगों से सावधानी बरतने की अपील किया जा रही है।
नारायणगढ़ से मुगलिंग होते हुए पोखरा और काठमांडो की ओर जाने वाला राजमार्ग बंद
नेपाल के चितवन और भोटेकोशी क्षेत्र में आज सुबह फिर से आई भारी बाढ़ के बाद पुलिस ने नदी के तटीय इलाकों में सुरक्षा का आग्रह करते हुए मुख्य राजमार्ग को बंद कर दिया है। बाढ़ की तेज आवाज आने के कारण बाढ़ और भूस्खलन का खतरा तेजी से बढ़ गया है। चितवन पुलिस के अनुसार, नारायणगढ़ से मुगलिंग होते हुए पोखरा और काठमांडो की ओर जाने और आने वाले सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही अगले आदेश तक रोक दी गई है। मार्ग अवरुद्ध होने से सैकड़ों वाहन और यात्री रास्ते में ही फंसे हुए हैं।
अब तक 2,715 लोगों का किया गया है रेस्क्यू
रसुवा स्थित भोटेकोशी नदी में बुधवार की सुबह आई बाढ़ में लापता हुए लोगों में से अब तक रसुवा, नुवाकोट, धादिंग आदि क्षेत्रों से 2,715 लोगों को सुरक्षित निकाला गया है। नेपाल पुलिस के प्रवक्ता एवं पुलिस उपमहानिरीक्षक अविनारायण काफले के अनुसार, बाढ़ में घायल हुए कई लोगों को इलाज के लिए काठमांडो लाया गया है। काठमांडो के विभिन्न अस्पतालों में इलाज करा चुके कुल मरीजों की संख्या 160 तक पहुंच चुकी है। इस बाढ़ में नेपाली सेना के 44 जवान, नेपाल पुलिस के 27 जवान और सशस्त्र प्रहरी बल (एपीएफ) के 13 जवान लापता हैं। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में नेपाली सेना, नेपाल पुलिस और सशस्त्र प्रहरी बल द्वारा तलाश और बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
अब तक मिल चुके हैं 768 शव
प्रहरी प्रधान कार्यालय नक्साल के अनुसार, रविवार को दोपहर बाद दो बजे तक नेपाल के बाढ़ प्रभावित जिलों से कुल 768 शव बरामद किए जा चुके हैं। प्रहरी प्रधान कार्यालय नक्साल के अनुसार रसुवा में 13, धाडिंग में 50, तनहुं में 37, नुवाकोट में 52, गोरखा में 58, चितवन में 264, नवलपरासी पूर्व में 194 और नवलपरासी पश्चिम में 100 लोगों के शव बरामद हुए हैं।