{"_id":"5c1a9c5fbdec2257132aaca3","slug":"fishing-cat-in-bhaktakar-village","type":"story","status":"publish","title_hn":"भटककर गांव में आया फिशिंग कैट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भटककर गांव में आया फिशिंग कैट
Thu, 20 Dec 2018 01:00 AM IST
राकेश पांडेय
महराजगंज (ब्यूरो)
महराजगंज (ब्यूरो)
Published by: राकेश पांडेय
Updated Thu, 20 Dec 2018 01:00 AM IST
विज्ञापन
भटककर गांव में आया फिशिंग कैट
- फोटो : अमर उजाला
फरेंदा/लेहड़ा (महराजगंज)। फरेंदा रेंज के जंगल से भटक कर निकला फिशिंग कैट बृजमनगंज क्षेत्र के नौसागर के टोला सुखचैनपुर में पहुंच गया। गांव में घुसने पर फिशिंग कैट हमलावर हो गया। एक बछड़े पर हमला करते देख लोगों ने उसे दौड़ाकर एक बड़ी टोकरी में कैद कर लिया। सूचना पाते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंच गई। वन विभाग की टीम सूचना के काफी देर बाद पहुंची और उसको पकड़ कर ले गई। फिशिंग कैट अभी बच्चा बताया जा रहा है।
बुधवार की सुबह करीब 6 बजे थाना क्षेत्र बृजमनगंज के ग्रामसभा नौसागर टोला सुखचैनपुर में गन्ने की खेत से निकलते हुए एक फिशिंग कैट पर लोगों की नजर पड़ी। कुछ ही देर में वह गांव में घुस गया। लोग उसे तेंदुआ समझकर भयभीत हो गए। यहां के रहने वाले किसान भदई के गाय के बछड़े पर उसने हमला बोल दिया। लोगों की समझ में आया की यह तेंदुआ है और गांव में अफरातफरी मच गई। ग्रामीणों ने उसे दौड़ा लिया। नौसागर निवासी अमरनाथ व अफरोज ने फिशिंग कैट को पकड़ने के लिए हिम्मत दिखाई और आलू के खेत में एक बड़ी टोकरी से उसे ढंक दिया। शिकारगढ़ के ग्रामीणों ने भी हिम्मत दिखाई। लोगों की सूचना पर थानाध्यक्ष गिरीजेश उपाध्याय फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। कुछ ही देर में क्षेत्राधिकारी अशोक कुमार मिश्र भी पहुंच गए। वहीं सूचना के काफी देर बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और उसे पकड़ कर अपने साथ ले गई। प्रभागीय वनाधिकारी मनीष सिंह ने बताया कि पकड़ा गया जानवर तेंदुआ नहीं बल्कि मादा फिशिंगकैट है। जिसे महराजगंज वन चेतना केंद्र में रखा गया है। घायल होने की दशा में इलाज के लिए चिकित्सकों को बुलाया गया है। इलाज के बाद स्वस्थ होने पर फिसिंग कैट को जंगल में छोड़ दिया जाएगा।
विज्ञापन
बुधवार की सुबह करीब 6 बजे थाना क्षेत्र बृजमनगंज के ग्रामसभा नौसागर टोला सुखचैनपुर में गन्ने की खेत से निकलते हुए एक फिशिंग कैट पर लोगों की नजर पड़ी। कुछ ही देर में वह गांव में घुस गया। लोग उसे तेंदुआ समझकर भयभीत हो गए। यहां के रहने वाले किसान भदई के गाय के बछड़े पर उसने हमला बोल दिया। लोगों की समझ में आया की यह तेंदुआ है और गांव में अफरातफरी मच गई। ग्रामीणों ने उसे दौड़ा लिया। नौसागर निवासी अमरनाथ व अफरोज ने फिशिंग कैट को पकड़ने के लिए हिम्मत दिखाई और आलू के खेत में एक बड़ी टोकरी से उसे ढंक दिया। शिकारगढ़ के ग्रामीणों ने भी हिम्मत दिखाई। लोगों की सूचना पर थानाध्यक्ष गिरीजेश उपाध्याय फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। कुछ ही देर में क्षेत्राधिकारी अशोक कुमार मिश्र भी पहुंच गए। वहीं सूचना के काफी देर बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और उसे पकड़ कर अपने साथ ले गई। प्रभागीय वनाधिकारी मनीष सिंह ने बताया कि पकड़ा गया जानवर तेंदुआ नहीं बल्कि मादा फिशिंगकैट है। जिसे महराजगंज वन चेतना केंद्र में रखा गया है। घायल होने की दशा में इलाज के लिए चिकित्सकों को बुलाया गया है। इलाज के बाद स्वस्थ होने पर फिसिंग कैट को जंगल में छोड़ दिया जाएगा।
विज्ञापन