{"_id":"698cbf7c8898bea0ef0fb729","slug":"district-magistrate-issued-show-cause-notice-to-the-head-and-secretary-maharajganj-news-c-206-1-sgkp1021-171398-2026-02-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: जिलाधिकारी ने जारी किया प्रधान व सचिव को कारण बताओ नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: जिलाधिकारी ने जारी किया प्रधान व सचिव को कारण बताओ नोटिस
विज्ञापन
महराजगंज। निचलौल ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत भेड़िया में मनरेगा और राज्य वित्त योजना के तहत कराए गए कार्यों में 7,15,371 रुपये की वित्तीय अनियमितता सामने आई है।
अमर उजाला में प्रकाशित शिकायत के आधार पर कराई गई संयुक्त जांच में भुगतान प्रक्रिया, माप पुस्तिका और प्राक्कलन में गंभीर विसंगतियां पाई गई। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने कार्रवाई करते हुए ग्राम प्रधान अखिलेश प्रसाद यादव और संबंधित तत्काल ग्राम पंचायत अधिकारी राजीव रामचंद्रन को नोटिस जारी कर सात दिन के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है। निर्धारित समय में जवाब न मिलने या असंतोषजनक पाए जाने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
जिलाधिकारी कार्यालय की ओर से जारी किए गए पत्र के अनुसार, 22 दिसंबर अमर उजाला में “फर्जीवाड़ा-भेडिया में मनरेगा पार्क एक ही काम का डबल भुगतान” शीर्षक से खबर प्रकाशित हुई थी। इसे गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने 31 दिसंबर को पत्र जारी कर उपायुक्त श्रम रोजगार गौरवेंद्र सिंह और सहायक अभियंता सिंचाई खंड द्वितीय मन्नू चौधरी को जांच अधिकारी नामित किया। संयुक्त जांच टीम ने 7 फरवरी को अपनी आख्या प्रस्तुत की, जिसमें कई बिंदुओं पर अनियमितता की पुष्टि की गई।
विज्ञापन
कुल 7.15 लाख रुपये की गड़बड़ी
संयुक्त जांच आख्या के अनुसार मनरेगा योजना में 2,71,436 रुपये और राज्यवित्त योजना में 4,43,935 रुपये की अनियमितता सामने आई। इस प्रकार कुल 7,15,371 रुपये का दुरुपयोग पाया गया है। जांच अधिकारी ने इसके लिए ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी को जिम्मेदार ठहराया है।
विकास खंड निचलौल के ग्राम पंचायत भेड़िया के ग्राम प्रधान अखिलेश प्रसाद यादव व तत्कालीन ग्राम पंचायत अधिकारी राजीव रामचंद्रन को नोटिस जारी किया गया है। ग्राम प्रधान और संबंधित सचिव अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों के निर्वहन में विफल रहे हैं। सात दिन के भीतर जिला पंचायत राज अधिकारी के माध्यम से स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
संतोष कुमार शर्मा, जिलाधिकारी
विज्ञापन
अमर उजाला में प्रकाशित शिकायत के आधार पर कराई गई संयुक्त जांच में भुगतान प्रक्रिया, माप पुस्तिका और प्राक्कलन में गंभीर विसंगतियां पाई गई। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने कार्रवाई करते हुए ग्राम प्रधान अखिलेश प्रसाद यादव और संबंधित तत्काल ग्राम पंचायत अधिकारी राजीव रामचंद्रन को नोटिस जारी कर सात दिन के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया है। निर्धारित समय में जवाब न मिलने या असंतोषजनक पाए जाने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
जिलाधिकारी कार्यालय की ओर से जारी किए गए पत्र के अनुसार, 22 दिसंबर अमर उजाला में “फर्जीवाड़ा-भेडिया में मनरेगा पार्क एक ही काम का डबल भुगतान” शीर्षक से खबर प्रकाशित हुई थी। इसे गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने 31 दिसंबर को पत्र जारी कर उपायुक्त श्रम रोजगार गौरवेंद्र सिंह और सहायक अभियंता सिंचाई खंड द्वितीय मन्नू चौधरी को जांच अधिकारी नामित किया। संयुक्त जांच टीम ने 7 फरवरी को अपनी आख्या प्रस्तुत की, जिसमें कई बिंदुओं पर अनियमितता की पुष्टि की गई।
विज्ञापन
कुल 7.15 लाख रुपये की गड़बड़ी
संयुक्त जांच आख्या के अनुसार मनरेगा योजना में 2,71,436 रुपये और राज्यवित्त योजना में 4,43,935 रुपये की अनियमितता सामने आई। इस प्रकार कुल 7,15,371 रुपये का दुरुपयोग पाया गया है। जांच अधिकारी ने इसके लिए ग्राम प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी को जिम्मेदार ठहराया है।
विकास खंड निचलौल के ग्राम पंचायत भेड़िया के ग्राम प्रधान अखिलेश प्रसाद यादव व तत्कालीन ग्राम पंचायत अधिकारी राजीव रामचंद्रन को नोटिस जारी किया गया है। ग्राम प्रधान और संबंधित सचिव अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों के निर्वहन में विफल रहे हैं। सात दिन के भीतर जिला पंचायत राज अधिकारी के माध्यम से स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
संतोष कुमार शर्मा, जिलाधिकारी