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Maharajganj News: फरेंदा बाइपास पर बनेगा बस स्टेशन, यात्रियों को बड़ी राहत
Tue, 15 Jul 2025 12:56 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Tue, 15 Jul 2025 12:56 AM IST
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महराजगंज। जिले के उपनगर फरेंदा को रोडवेज बस स्टेशन की सुविधा इसी वर्ष मिलने की उम्मीद बढ़ी है। फरेंदा विधायक की योजित याचिका की जानकारी होते ही परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक लव कुमार व महराजगंज एआरएम ने डीएम को पत्र देकर फरेंदा के सोनौली बाइपास निकट टाटा एजेंसी के निकट की भूमि आवंटित करने की मांग की। फरेंदा तहसील होने के साथ दीवानी कचहरी व रेलवे स्टेशन की सुविधा से लैस है। यहां से गोरखपुर, सिद्धार्थनगर, महराजगंज, बृजमनगंज, नौतनवां, सोनौली के लिए रोडवेज बसें तो संचालित हैं, लेकिन रोडवेज बस स्टेशन की सुविधा का आभाव लोगों की परेशानी का कारण बना हुआ था।
2022 में यहां बस स्टेशन निर्माण के लिए विभाग को अनुमति भी मिली। 30 अगस्त 2022 को जिला प्रशासन ने फरेंदा कम्हरिया खुर्द में 131,132,134 डाटा संख्या की भूमि जो 0.158 हेक्टेयर थी वह महराजगंज डिपो को हस्तांतरित हुई।
विभाग अभी निर्माण शुरू कराता कि इससे पहले कुसुमा देवी ने उच्च न्यायालय इलाहाबाद में याचिका योजित कर दी जिसपर हाईकोर्ट ने कुसुमा बनाम स्टेट आफ यूपी प्रभावी कर दिया और निर्माण गतिविधि रुक गई।
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विभाग भी इस दौरान शिथिल रहा और दूसरे स्थान पर निर्माण का प्रयास नहीं किया। मामले 2024 में फरेंदा विधायक वीरेंद्र चौधरी की तरफ से एक याचिका हाईकोर्ट में ही योजित हुई कि अनुमति के बाद भी विभाग निर्माण नहीं करा रहा। याचिका योजित हुई तो नोटिस विभाग को पहुंचने से खलबली मची और आननफानन में यूपी के क्षेत्रीय प्रबंधक लव कुमार ने महराजगंज एआरएम के साथ फरेंदा में भूमि चिह्नित कर लिया।
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2022 में यहां बस स्टेशन निर्माण के लिए विभाग को अनुमति भी मिली। 30 अगस्त 2022 को जिला प्रशासन ने फरेंदा कम्हरिया खुर्द में 131,132,134 डाटा संख्या की भूमि जो 0.158 हेक्टेयर थी वह महराजगंज डिपो को हस्तांतरित हुई।
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विभाग अभी निर्माण शुरू कराता कि इससे पहले कुसुमा देवी ने उच्च न्यायालय इलाहाबाद में याचिका योजित कर दी जिसपर हाईकोर्ट ने कुसुमा बनाम स्टेट आफ यूपी प्रभावी कर दिया और निर्माण गतिविधि रुक गई।
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विभाग भी इस दौरान शिथिल रहा और दूसरे स्थान पर निर्माण का प्रयास नहीं किया। मामले 2024 में फरेंदा विधायक वीरेंद्र चौधरी की तरफ से एक याचिका हाईकोर्ट में ही योजित हुई कि अनुमति के बाद भी विभाग निर्माण नहीं करा रहा। याचिका योजित हुई तो नोटिस विभाग को पहुंचने से खलबली मची और आननफानन में यूपी के क्षेत्रीय प्रबंधक लव कुमार ने महराजगंज एआरएम के साथ फरेंदा में भूमि चिह्नित कर लिया।