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राष्ट्रीय लोक अदालत में 10472 वादों का निस्तारण
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न्यायालय परिसर में लोक अदालत का उद्घाटन करते जिला जज जय प्रकाश तिवारी।
- फोटो : MAHARAJGANJ
राष्ट्रीय लोक अदालत में 10472 वादों का निस्तारण
महराजगंज। दीवानी न्यायालय महराजगंज, फरेंदा व कलेक्ट्रेट तथा तहसील न्यायालयों के परिसर में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसका शुभारंभ जनपद न्यायाधीश जय प्रकाश तिवारी ने किया। इसमें 10472 वादों का निस्तारण किया गया। बैंकों ने 1057 ऋण की वसूली से संबंधित प्री-लिटिगेशन मामलों का निस्तारण किया। 56,53,14,380 रुपये बैंकों ने नकद वसूला। 1716591678 रुपये का लोन सेटल किया गया। मोटर दुर्घटना प्रतिकर वादों में 4,95,0000 रुपये की क्षतिपूर्ति दिलाई गई। 270630 रुपये अर्थदंड के रूप में वसूला गया। 8520647 रुपये का उत्तराधिकार प्रमाणपत्र जारी किया गया। परिवार न्यायालय ने 14 परिवारों का पुनर्मिलन कराया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जय प्रकाश तिवारी ने एक वाद का निस्तारण किया। पीठासीन अधिकारी, मोटर दुर्घटना प्रतिकर न्यायाधीकरण ने 44 वादों का निस्तारण किया।
प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय हरिनाथ पांडेय ने 36 वादों का निस्तारण किया। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम महेश कुमार कुशवाहा ने 56, अध्यक्ष, लोक अदालत के अध्यक्ष राघवेंद्र मणि त्रिपाठी ने सात, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, एससी/एसटी सुरेंद्र कुमार सिंह ने एक, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश पॉक्सो ने पांच, अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय प्रथम ने 26 वादों का निस्तारण किया।
अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय द्वितीय ने 40, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय प्रथम ने एक वाद का निस्तारण कर 500 रुपये का अर्थदंड वसूल किया। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सौरभ श्रीवास्तव ने 612, सिविल जज अवर खंड ने 313 फोैजदारी वादों का निस्तारण किया। सिविल जज अवर खंड, फरेंदा ने 400, अपर सिविल जज अवर खंड कोर्ट संख्या-तीन महराजगंज ने 55, सिविल जज अवर खंड त्वरित न्यायालय कोर्ट संख्या-एक महराजगंज ने 23 वादों का निस्तारण किया।
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महराजगंज। दीवानी न्यायालय महराजगंज, फरेंदा व कलेक्ट्रेट तथा तहसील न्यायालयों के परिसर में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसका शुभारंभ जनपद न्यायाधीश जय प्रकाश तिवारी ने किया। इसमें 10472 वादों का निस्तारण किया गया। बैंकों ने 1057 ऋण की वसूली से संबंधित प्री-लिटिगेशन मामलों का निस्तारण किया। 56,53,14,380 रुपये बैंकों ने नकद वसूला। 1716591678 रुपये का लोन सेटल किया गया। मोटर दुर्घटना प्रतिकर वादों में 4,95,0000 रुपये की क्षतिपूर्ति दिलाई गई। 270630 रुपये अर्थदंड के रूप में वसूला गया। 8520647 रुपये का उत्तराधिकार प्रमाणपत्र जारी किया गया। परिवार न्यायालय ने 14 परिवारों का पुनर्मिलन कराया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश जय प्रकाश तिवारी ने एक वाद का निस्तारण किया। पीठासीन अधिकारी, मोटर दुर्घटना प्रतिकर न्यायाधीकरण ने 44 वादों का निस्तारण किया।
प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय हरिनाथ पांडेय ने 36 वादों का निस्तारण किया। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम महेश कुमार कुशवाहा ने 56, अध्यक्ष, लोक अदालत के अध्यक्ष राघवेंद्र मणि त्रिपाठी ने सात, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, एससी/एसटी सुरेंद्र कुमार सिंह ने एक, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश पॉक्सो ने पांच, अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय प्रथम ने 26 वादों का निस्तारण किया।
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अपर प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय द्वितीय ने 40, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय प्रथम ने एक वाद का निस्तारण कर 500 रुपये का अर्थदंड वसूल किया। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सौरभ श्रीवास्तव ने 612, सिविल जज अवर खंड ने 313 फोैजदारी वादों का निस्तारण किया। सिविल जज अवर खंड, फरेंदा ने 400, अपर सिविल जज अवर खंड कोर्ट संख्या-तीन महराजगंज ने 55, सिविल जज अवर खंड त्वरित न्यायालय कोर्ट संख्या-एक महराजगंज ने 23 वादों का निस्तारण किया।
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