{"_id":"6657b077640e0913e20b55a4","slug":"trade-board-opposed-installation-of-smart-meter-lalitpur-news-c-131-1-ltp1002-115473-2024-05-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lalitpur News: व्यापार मंडल ने स्मार्ट मीटर लगाने का किया विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lalitpur News: व्यापार मंडल ने स्मार्ट मीटर लगाने का किया विरोध
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। जिला उद्योग व्यापार मंडल ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा, जिसमें विद्युत विभाग की समस्याओं के निस्तारण व स्मार्ट मीटर लगाए जाने का विरोध किया।
ज्ञापन में बताया कि सरकार का 24 घंटे बिजली देने का दावा खोखला साबित हो रहा है, क्योंकि बिजली प्रतिदिन भीषण गर्मी में तीन-चार घंटे नहीं आती है, इससे व्यापार पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। आमजन भी काफी त्रस्त हैं। साथ ही विभागीय अधिकारियों द्वारा मीटर को टेंपर दिखाकर उपभोक्ताओं का शोषण किया जा रहा है। अधिकारी मनमाने तरीके से लाखों रुपये के बिल उपभोक्ताओं को थमा रहे हैं और उपभोक्ता विभाग के चक्कर काटने को विवश हैं। पत्र में आरोप लगाया कि कुछ दिन पहले ही मीटर बदले गए थे और अब प्रदेश में करीब ढाई करोड़ स्मार्ट मीटर लगाए जाने हैं और पुराने मीटरों को कचरे में फेंक दिया जाएगा, इससे आमजन के टैक्स स्वरूप करोड़ों का नुकसान होगा।
इसके अलावा व्यापारियों ने कहा कि स्मार्ट मीटर लगाने का तब तक विरोध होगा, जब तक सरकार जिस कंपनी से मीटर लगवा रही है, वह इस बात की गारंटी नहीं देती कि कम से कम 15 साल यह मीटर नहीं बदले जाएंगे और मीटर की रीडिंग सही आएगी। व्यापारियों ने शहर में चरमराई पेयजलापूर्ति व्यवस्था को भी सुधारे जाने की मांग उठाई। इस दौरान जिलाध्यक्ष के अलावा अनेकों व्यापारी नेता मौजूद रहे। इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष पंडित मनीष सडै़या, जिला अध्यक्ष सुरेश बडे़रा, जिला महामंत्री शैलेंद्र सिंघई, प्रदेश उपाध्यक्ष कमलेश सराफ उद्योग मंच, गल्ला मंडी अध्यक्ष एवं प्रदेश उपाध्यक्ष जय कुमार महोली, वरिष्ठ व्यापारी नेता विनोद कामरा, जिला कोषाध्यक्ष सिद्धेश्वर जमोरया, प्रदेश युवा मंत्री अजय सोनी, नगर अध्यक्ष पंडित नवनीत किलेदार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
ललितपुर। जिला उद्योग व्यापार मंडल ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा, जिसमें विद्युत विभाग की समस्याओं के निस्तारण व स्मार्ट मीटर लगाए जाने का विरोध किया।
ज्ञापन में बताया कि सरकार का 24 घंटे बिजली देने का दावा खोखला साबित हो रहा है, क्योंकि बिजली प्रतिदिन भीषण गर्मी में तीन-चार घंटे नहीं आती है, इससे व्यापार पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। आमजन भी काफी त्रस्त हैं। साथ ही विभागीय अधिकारियों द्वारा मीटर को टेंपर दिखाकर उपभोक्ताओं का शोषण किया जा रहा है। अधिकारी मनमाने तरीके से लाखों रुपये के बिल उपभोक्ताओं को थमा रहे हैं और उपभोक्ता विभाग के चक्कर काटने को विवश हैं। पत्र में आरोप लगाया कि कुछ दिन पहले ही मीटर बदले गए थे और अब प्रदेश में करीब ढाई करोड़ स्मार्ट मीटर लगाए जाने हैं और पुराने मीटरों को कचरे में फेंक दिया जाएगा, इससे आमजन के टैक्स स्वरूप करोड़ों का नुकसान होगा।
विज्ञापन
इसके अलावा व्यापारियों ने कहा कि स्मार्ट मीटर लगाने का तब तक विरोध होगा, जब तक सरकार जिस कंपनी से मीटर लगवा रही है, वह इस बात की गारंटी नहीं देती कि कम से कम 15 साल यह मीटर नहीं बदले जाएंगे और मीटर की रीडिंग सही आएगी। व्यापारियों ने शहर में चरमराई पेयजलापूर्ति व्यवस्था को भी सुधारे जाने की मांग उठाई। इस दौरान जिलाध्यक्ष के अलावा अनेकों व्यापारी नेता मौजूद रहे। इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष पंडित मनीष सडै़या, जिला अध्यक्ष सुरेश बडे़रा, जिला महामंत्री शैलेंद्र सिंघई, प्रदेश उपाध्यक्ष कमलेश सराफ उद्योग मंच, गल्ला मंडी अध्यक्ष एवं प्रदेश उपाध्यक्ष जय कुमार महोली, वरिष्ठ व्यापारी नेता विनोद कामरा, जिला कोषाध्यक्ष सिद्धेश्वर जमोरया, प्रदेश युवा मंत्री अजय सोनी, नगर अध्यक्ष पंडित नवनीत किलेदार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन