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क्षेत्र में विकास के दावों को खोल रहीं गड्ढेदार सड़कें

Sat, 17 Jul 2021 01:27 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sat, 17 Jul 2021 01:27 AM IST
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shabby roads, development explain
महरौनी। क्षेत्र में खस्ताहाल सड़कें विकास के दावों की पोल खोल रही हैं। आलम यह है कि चिरौला से सुकाडी मार्ग, कोरवास से भौड़ी मार्ग और छायन से कुमहैड़ी मार्ग पर गड्ढे ही गड्ढे हैं। इससे राहगीरों को निकलने में भारी कठिनाई का सामना करना पडता है। इन तीनों सड़कों से हर रोज 40 गांव के लोग निकलते हैं।
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ग्रामीणों के मुताबिक चुनाव के समय तो सड़क को प्राथमिकता से बनवाने के आश्वासन दिए गए लेकिन जीतने के बाद कोई मुड़कर नहीं देखता। यही वजह है कि करीब 10 सालों से क्षेत्र के लोग इन्हीं सड़कों से निकलने को मजबूर हैं। हैरत की बात तो यह है कि जनप्रतिनिधियों के अलावा अफसरों से भी ग्रामीणों ने गुहार लगाकर सड़क बनवाने की मांग की लेकिन नतीजा ढाक का तीन पात रहा।
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चिकौड़ा से सुकाड़ी मार्ग करीब सात साल पहले बना था लेकिन इसकी दोबारा मरम्मत करना भी मुनासिब नहीं समझा गया। ग्रामीणों के मुताबिक इस सड़क से करीब 10 गांवों के लोगों का निकलना होता है लेकिन इस सड़क पर किसी ने कोई ध्यान नहीं दिया। आज सड़क की गिट्टी उखड़ी पड़ी है।
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कोरवास से भौड़ी मार्ग आगे जाकर मड़ावरा में मिलता है यह सड़क करीब चार किलो मीटर तक बेहद खराब है सड़क पर निकलने के दौरान गिट्टी उछल रही है। इस सड़क से करीब आठ गांव के लोग प्रभावित हैं। इस मार्ग पर जूनियर हाईस्कूल होने के कारण बच्चों को भी काफी दिक्कत का सामना करना पड़ता है। यह सड़क करीब नौ साल पहले बनी थी लेकिन मरम्मत न होने से खस्ताहाल हो गई।
छायन से कुम्हैड़ी मार्ग से आगे जाकर तीन भागों में बंट जाता है इससे करीब 20 गांवों के लोगों का आवागमन होता है। इस सड़क पर दो पुलिया टूटी होने के कारण बाइक सवारों का निकलना मुश्किल होता है। आलम यह है कि बरसात के दिनों में पुलिया पर जलभराव होने से लोग पैदल भी नहीं निकल पाते हैं। भौड़ी में प्राथमिक स्कूल होने के कारण बच्चों को स्कूल जाने में दिक्कत का सामना करना पड़ता है।
अर्से से सड़क खस्ताहाल पड़ी है जिससे वाहन लेकर तो दूर पैदल निकलना भी दूभर होता है। सड़क बनवाने के लिए कई वार अधिकारियों से मांग की गई लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। जितेंद्र रिछारिया, गांव सिलावन
गांव जाने वाला करीब पांच किलोमीटर की सड़क खस्ताहाल है पुलिया टूटी होने के कारण वाहन चालकों को निकलने में दिक्कत होती है। वह इस संबंध में क्षेत्रीय विधायक और अफसरों से मिलकर सड़क बनवाने का प्रयास करेंगे। प्रकाश नरायण निरंजन, प्रधान कम्हैड़ी

गांव जाने वाली सड़कों को बनवाना तो दूर गड्ढे भरवाना भी अफसरों ने मुनासिब नहीं समझा। यही वजह है कि अब सड़क से वाहन तो दूर पैदल निकलना भी दूभर हो रहा है। प्रशासन को सड़कों की मरम्मत करवाना चाहिए। शिवचरन निरंजन
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