{"_id":"5d502c0a8ebc3e6caf0cf71e","slug":"plants-waiting-to-be-planted-taldehate-news-jhs1456291111","type":"story","status":"publish","title_hn":"पौधे कर रहे हैं रोपे जाने का इंतजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पौधे कर रहे हैं रोपे जाने का इंतजार
विज्ञापन
पौधे कर रहे हैं रोपे जाने का इंतजार
तालबेहट। भारत छोड़ो आंदोलन की 77 वीं वर्षगांठ पर क्षेत्र के विद्यालयों, ग्राम सभाओं सहित विभिन्न सार्वजनिक स्थल और सरकारी परिसरों में पौधे रोपे गए थे। परंतु कुछ स्थानों पर पौधरोपण के नाम पर रस्म अदायगी कर दी गई थी, जिसकी वास्तविकता अब सामने आने लगी है। शासन के निर्देश प्रशासन ने पौधरोपण के लिए व्यापक तैयारियां की थी। विभिन्न विभागों को उनकी मांग के अनुसार पौधे दे दिए गए थे। कुछ अधिकारियों ने अपने उच्चाधिकारियों को खुश करने के लिए पौधे तो ले लिए, लेकिन उन पौधों को आज रविवार तक रोपा नहीं गया। ऐसे में कई पौधे सूखने की स्थिति में आ गए है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तालबेहट परिसर में पांच दर्जन से अधिक पौधे दीवार के सहारे रखे सूख रहे हैं। सवाल यह उठता है कि जब चार दिन में विभागीय अधिकारी इन्हें नहीं रोप सके तो पौधरोपण महाकुंभ के दौरान रोपे गए पौधे और उनकी परवरिश का क्या हाल होगा। यदि उनके पास पौधरोपण लायक स्थान नहीं था तो इतने पौधे बर्बाद होने के लिए नर्सरी से क्यों मंगाए गए।
जहां- जहां पौधे लगना थे, लग गए हैं। सीएचसी में पौधे क्यों रखे हैं, इसकी जानकारी वह एमओआईसी से करेंगे।
- डॉ. प्रताप सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी
विज्ञापन
तालबेहट। भारत छोड़ो आंदोलन की 77 वीं वर्षगांठ पर क्षेत्र के विद्यालयों, ग्राम सभाओं सहित विभिन्न सार्वजनिक स्थल और सरकारी परिसरों में पौधे रोपे गए थे। परंतु कुछ स्थानों पर पौधरोपण के नाम पर रस्म अदायगी कर दी गई थी, जिसकी वास्तविकता अब सामने आने लगी है। शासन के निर्देश प्रशासन ने पौधरोपण के लिए व्यापक तैयारियां की थी। विभिन्न विभागों को उनकी मांग के अनुसार पौधे दे दिए गए थे। कुछ अधिकारियों ने अपने उच्चाधिकारियों को खुश करने के लिए पौधे तो ले लिए, लेकिन उन पौधों को आज रविवार तक रोपा नहीं गया। ऐसे में कई पौधे सूखने की स्थिति में आ गए है।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तालबेहट परिसर में पांच दर्जन से अधिक पौधे दीवार के सहारे रखे सूख रहे हैं। सवाल यह उठता है कि जब चार दिन में विभागीय अधिकारी इन्हें नहीं रोप सके तो पौधरोपण महाकुंभ के दौरान रोपे गए पौधे और उनकी परवरिश का क्या हाल होगा। यदि उनके पास पौधरोपण लायक स्थान नहीं था तो इतने पौधे बर्बाद होने के लिए नर्सरी से क्यों मंगाए गए।
विज्ञापन
जहां- जहां पौधे लगना थे, लग गए हैं। सीएचसी में पौधे क्यों रखे हैं, इसकी जानकारी वह एमओआईसी से करेंगे।
- डॉ. प्रताप सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी