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एनबीसी प्रमाण पत्रों पर उठ रही अंगुलियां

Sun, 29 Nov 2015 01:31 AM IST
ब्यूराे/अमर उजाला
ब्यूराे/अमर उजाला Updated Sun, 29 Nov 2015 01:31 AM IST
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nbc certificate
ललितपुर। बेसिक शिक्षा परिषद से स्कूल की मान्यता लेने को किए जा रहे आवेदनों में शामिल नेशनल बिल्डिंग कोड (एनबीसी) प्रमाण पत्र की वैधता पर अंगुलियां उठ रही हैं। सत्यापन के दौरान स्कूल भवनों में कई कमियां मिल रही हैं। इससे प्रतीत होता है कि नेशनल बिल्डिंग कोड के प्रमाण पत्र जारी करने वाले अफसर भवनों का स्थलीय निरीक्षण नहीं कर रहे हैं।
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बेसिक शिक्षा परिषद सरकारी स्कूलों के साथ निजी स्कूलों को भी मान्यता प्रदान करता है। बदले परिवेश में शिक्षा परिषद ने अंग्रेजी माध्यम से भी मान्यता देना शुरू कर दिया है। वर्ष 2016 से स्कूल संचालित करने के उद्देश्य से जिले के 41 विद्यालय प्रबंधकों ने मान्यता के लिए आवेदन किया। इसमें अंग्रेजी माध्यम के 20 और हिंदी माध्यम के 41 आवेदन शामिल हैं। वर्तमान में स्कूल भवनों के सत्यापन का जिम्मा खंड शिक्षा अधिकारियों को दिया गया है।
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खंड शिक्षा अधिकारियों ने ब्लाक अंतर्गत मान्यता के आवेदनों के आधार पर सत्यापन का कार्य शुरू कर दिया है। इस दौरान भवनों में कई कमियां पाई जा रही हैं। महत्वपूर्ण बात यह है कि स्कूल की मान्यता में नेशनल बिल्डिंग कोड का अहम रोल है। जो स्कूल बिल्डिंग कोड का पालन नहीं करता है, उसे मान्यता प्रदान नहीं की जाती है। यही वजह है कि अधिकांश प्रबंधकों ने संबंधित विभागों से नेशनल बिल्डिंग कोड के प्रमाण पत्र हासिल कर लिए हैं। लेकिन, धरातल पर स्थिति कुछ और ही है।
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 खंड शिक्षा अधिकारी मड़ावरा जगत सिंह राजपूत का कहना है कि स्कूल भवनों में अनेक कमियां मिली हैं, जबकि नेशनल बिल्डिंग कोड के प्रमाण पत्र में ऐसे भवनों को ओके दिखाया गया है। इससे प्रमाण पत्र की वैधता पर सवाल उठ रहे हैं।


पिछले ।साल भी हुआ था ऐसा
गत वर्ष भी नेशनल बिल्डिंग कोड के प्रमाण पत्रों को लेकर अंगुलियां उठी थी। तत्कालीन जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार मिश्रा ने प्रमाण पत्रों की वैधानिकता जानने के लिए आरईएस के अधिशासी अभियंता को पत्र लिखा था। इसके बाद भी विभागीय अफसरों ने इससे सबक नहीं लिया।
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