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धर्म ध्वजा चढ़ाने मंदिर पहुंचा भक्तों का जत्था
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पंडवन में भागवत कथा सुनती महिलाएं
- फोटो : LALITPUR
डोंगराखुर्द (ललितपुर)। पांडव वन क्षेत्र में लगे मेला में तीसरे दिन शनिवार को भी भीड़ रही। श्रद्धालुओं का एक जत्था धर्म ध्वजा चढ़ाने के लिए मंदिर पहुंचा। श्रीमद्भागवत कथा में कथा व्यास ने कहा कि सत्संग एवं माता की प्रेरणा से भगवान को पाया जा सकता है।
यह क्षेत्र मध्यप्रदेश के बार्डर से लगा है, इस कारण मेला में उप्र के अलावा मध्य प्रदेश से भी श्रद्धालु आते हैं। मेला में आने वाले लोग प्राचीन हनुमान मंदिर के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। शनिवार को श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। श्रद्धालु ढोल - नगाड़ों के साथ भजन, कीर्तन एवं रामधुन गाते हाथों में धर्म ध्वजा लिए पैदल मंदिर तक पहुंचे। यहां पर हनुमानजी के दर्शन कर धर्म- ध्वजा चढ़ाया। मेला में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन हो रहा है। मेला समिति एवं प्रशासन ने श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए व्यवस्थाएं की हैं। इसके बाद भी रास्ते में जगह-जगह वाहनों का जाम लग रहा है। भीड़ को नियंत्रित करने एवं किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए नाराहट थाना प्रभारी राजेश कुमार पुलिस कर्मियों के साथ मुस्तैद रहे। उनके साथ सतवीर सिंह, शिवम गुप्ता, करन सिंह आदि मौजूद रहे।
उधर, श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा व्यास राजेंद्र दास महाराज एवं दिव्य प्रिया ने ध्रुव चरित्र की कथा सुनाते हुए कहा कि सत्संग एवं माता की प्रेरणा से भगवान को पाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि प्रह्लाद के भक्ति भाव एवं विश्वास को देखकर भगवान अपने भक्त को बचाने के लिए नृसिंह के रूप में प्रकट हुए थे। उन्होंने अधर्म का नाश कर धर्म की स्थापना की थी।
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यह क्षेत्र मध्यप्रदेश के बार्डर से लगा है, इस कारण मेला में उप्र के अलावा मध्य प्रदेश से भी श्रद्धालु आते हैं। मेला में आने वाले लोग प्राचीन हनुमान मंदिर के दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। शनिवार को श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। श्रद्धालु ढोल - नगाड़ों के साथ भजन, कीर्तन एवं रामधुन गाते हाथों में धर्म ध्वजा लिए पैदल मंदिर तक पहुंचे। यहां पर हनुमानजी के दर्शन कर धर्म- ध्वजा चढ़ाया। मेला में श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन हो रहा है। मेला समिति एवं प्रशासन ने श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए व्यवस्थाएं की हैं। इसके बाद भी रास्ते में जगह-जगह वाहनों का जाम लग रहा है। भीड़ को नियंत्रित करने एवं किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकने के लिए नाराहट थाना प्रभारी राजेश कुमार पुलिस कर्मियों के साथ मुस्तैद रहे। उनके साथ सतवीर सिंह, शिवम गुप्ता, करन सिंह आदि मौजूद रहे।
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उधर, श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा व्यास राजेंद्र दास महाराज एवं दिव्य प्रिया ने ध्रुव चरित्र की कथा सुनाते हुए कहा कि सत्संग एवं माता की प्रेरणा से भगवान को पाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि प्रह्लाद के भक्ति भाव एवं विश्वास को देखकर भगवान अपने भक्त को बचाने के लिए नृसिंह के रूप में प्रकट हुए थे। उन्होंने अधर्म का नाश कर धर्म की स्थापना की थी।
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