{"_id":"7608e902bb6e6b081d3ea0cf5eb8f303","slug":"female-life-imprisonment-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":" महिला को उम्र कैद ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
महिला को उम्र कैद
Updated Tue, 11 Aug 2015 01:46 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
तीन वर्ष पूर्व 23 जून 2012 को थाना कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत मुहल्ला घुसयाना निवासी सोनू खटीक ने कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि उसकी बहन संगीता दुकान से सामान लेकर घर लौट रही थी, वह जब रास्ते में मुहल्ले के ही अशोक के घर के सामने से गुजर रही थी तो अशोक व उसकी पत्नी शांति ने संगीता को रोक लिया और मारा- पीटा। पिटाई करते हुए अपने घर में अंदर घसीटकर ले गए। घर के अंदर ले जाकर दोनों ने उसकी बहन संगीता के साथ मारपीट करते हुए मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी। चीख पुकार कर बहन बाहर निकली। यह देख मुहल्लेवासी मौके पर आ गए और संगीता को जली अवस्था में जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया। जहां मजिस्ट्रेट ने उसके बयान लिए। बाद में हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे झांसी मेडिकल रेफर कर दिया जहां उसकी मौत हो गई थी।
सोनू की तहरीर पर पुलिस ने अशोक व उसकी पत्नी के खिलाफ मामला धारा 308 के तहत पंजीकृत कर लिया था। झांसी में इलाज के दौरान 20 जून को उसकी मृत्यु हो गई थी। पुलिस ने मामला तरमीम करते हुए न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत किया। अपर सत्र न्यायाधीश ने उक्त मामले में सुनवाई करते हुए सोमवार को न्यायाधीश हरकेश कुमार ने अभियोजन पक्ष की दलीलों, गवाहों व साक्ष्यों के आधार पर सुनवाई करते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। संदेह का लाभ देते हुए अशोक को बरी कर दिया गया, जबकि उसकी पत्नी शांति को सजा सुनाई गई। मामले की पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता बृजेंद्र सिंह यादव ने की।
विज्ञापन