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सामुदायिक केंद्र निर्माण के फर्जी भुगतान में रिकवरी के आदेश

Thu, 03 Aug 2017 02:46 AM IST
Updated Thu, 03 Aug 2017 02:46 AM IST
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सामुदायिक केंद्र निर्माण के फर्जी भुगतान में रिकवरी के आदेश
सामुदायिक केंद्र निर्माण मामले में वसूली के आदेश
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ललितपुर।
वार्ड नंबर 15 के मुहल्ला घुसयाना स्थित श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर हनुमानधारा परिसर में निर्मित सामुदायिक केंद्र के 8,12,700 रुपये के फर्जी भुगतान के मामले में वसूली तय कर दी गई है। मंडलायुक्त झांसी अमित गुप्ता के निर्देश पर बुधवार को डीएम ने पालिकाध्यक्ष सहित तत्कालीन ईओ, जेई और ठेकेदार से वसूली करने के आदेश दे दिए हैं।
नगर पालिका परिषद ने जनहित का हवाला देते हुए वार्ड नंबर पंद्रह में मुहल्ला घुसयाना स्थित श्री लक्ष्मीनारायण मंदिर हनुमान धारा परिसर में सामुदायिक केंद्र का निर्माण कराया था। इसके लिए 22 लाख 81 हजार 200 रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई थी। इसमें फर्जी भुगतान का मामला तब खुला जब राहुल शुक्ला और अंतिम जैन ने तहसील दिवस में मंडलायुक्त के समक्ष इसकी शिकायत की। जिस पर उन्होंने इसकी जांच कराने के निर्देश दिए। इसके अनुपालन में जांच कर्ता अपर जिलाधिकारी योगेंद्र बहादुर सिंह व आरईएस के अधिशासी अभियंता ने स्थलीय निरीक्षण कर मामले की पड़ताल की। जांच अधिकारीद्वय ने पाया कि सामुदायिक केंद्र का कुछ हिस्सा पहले से ही बना था, उसे नए निर्माण में दर्शाकर समूची राशि का भुगतान कर लिया गया। इस तरह निर्माण में आठ लाख बारह हजार सात सौ रुपये का फर्जी भुगतान हुआ है। इस आख्या को कार्रवाई के लिए मंडलायुक्त के पास भेजा। जिस पर मंडलायुक्त झांसी अमित गुप्ता ने आठ लाख बारह हजार सात सौ रुपये की वसूली के लिए संबंधित कार्यदायी संस्था, अवर अभियंता, तत्कालीन ईओ व नगर पालिका परिषद अध्यक्ष से कराए जाने और नगर पालिका के तत्कालीन ईओ व अवर अभियंता के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई व संबंधित संस्था ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट करने की संस्तुति प्रमुख सचिव नगर विकास विभाग को भेज दी। इसमें उन्होंने षड्यंत्र पूर्वक कार्य कराए जाने व पद का दुरुपयोग माना है। शासन स्तर से इस प्रकरण में कोई कार्रवाई अमल में लाई जाती, उससे पहले आरटीआई कार्यकर्ता अंतिम जैन ने दोषियों के खिलाफ आईजीआरएस में शिकायत कर दी। इसमें उसने एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। एडीएम योगेंद्र बहादुर सिंह ने पूर्व की कार्रवाई का हवाला देते हुए डीएम मानवेंद्र सिंह को अपनी आख्या दे दी। इससे इस प्रकरण में कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया। डीएम ने कार्यदायी संस्था केके कंस्ट्रक्शन ठेकेदार रेखा सिंह, अवर अभियंता विपिन कुमार, तत्कालीन ईओ राकेश कुमार और नगर पालिका परिषद अध्यक्ष सुभाष जायसवाल से आठ लाख बारह हजार सात सौ रुपये के फर्जी भुगतान की वसूली करने के आदेश नगर पालिका परिषद ईओ अवनींद्र कुमार को दिए हैं, साथ ही कार्यदायी संस्था को काली सूची में डालने के लिए कहा है। उधर, नगर पालिका परिषद अध्यक्ष सुभाष जायसवाल का कहना है कि मंडलायुक्त झांसी अमित गुप्ता के समक्ष अपना पक्ष पहले ही रख चुके हैं। जो प्रक्रिया अपनाई गई है वह पूरी तरह नियम संगत है।
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मामला उछला तो पहुंच गए मूल विभाग
सामुदायिक केंद्र निर्माण में फर्जी भुगतान का मामला उछला तो ईओ राकेश कुमार नगर पालिका परिषद छोड़कर अपने मूल विभाग कानपुर यूनिवर्सिटी में वापस पहुंच गए। अब उनकी जगह लखीमपुर जिले से स्थानांतरित होकर आए अवनींद्र कुमार आए हैं। उनके आते ही वसूली की बड़ी जिम्मेदारी मिल गई।
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