{"_id":"5e9df78d8ebc3ed5b3534c24","slug":"corona-control-medical-staff-will-also-examinate-lalitpur-news-jhs1649880142","type":"story","status":"publish","title_hn":"चिकित्सक व स्टाफ का भी कराया जाएगा परीक्षण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चिकित्सक व स्टाफ का भी कराया जाएगा परीक्षण
विज्ञापन
ललितपुर। नोवल कोरोना वायरस का संक्रमण रोकने में लगे स्वास्थ्य कर्मियों और चिकित्सकों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा। सभी कर्मचारियों के सैंपल लेकर जांच को भेजे जाएंगे। अभी तक 12 एंबुलेंस कर्मियों का परीक्षण कराया गया है।
वैश्विक महामारी कोरोना के संक्रमण को नियंत्रित करने और मरीजों का उपचार करने में स्वास्थ्य विभाग लगातार सेवाएं दे रहा है। बाहर से आने वाले लोगों में लक्षण खोजने के लिए उनकी स्क्रीनिंग करने का कार्य और संदिग्ध पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति को क्वारंटीन कर निगरानी रखी जा रही है। संदिग्ध या लक्षण पाए जाने पर लोगों को भर्ती कर सैंपल लेकर जांच की जा रही है। सैंपल को जांच के लिए भी विभागीय कर्मचारी ही मेडिकल कॉलेज तक लेकर पहुंच रहे हैं। पुष्टि होने पर उपचार के लिए भी तैयार है। मरीज के संपर्क में आने से संक्रमण का भी खतरा बना हुआ है।
इसके चलते शासन के निर्देश हैं कि नोवल कोरोना वायरस संक्रमण के दौरान सेवाएं देने वाले स्वास्थ्य कर्मचारियों का परीक्षण कराया जाएगा। ताकि, विभागीय कर्मचारियों को संक्रमित होने से बचाया जा सके। अभी तक 12 एंबुलेंस कर्मियों का परीक्षण कराया गया है। शेष सभी का परीक्षण शीघ्र ही कराया जाएगा।
विज्ञापन
विभाग द्वारा सभी कर्मचारियों को बचाव करने के लिए सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। इसमें आइसोलेशन वार्ड में कार्य करने वाले कर्मचारियों को एन- 95 मॉस्क, पीपीई किट व अन्य बचाव के उपकरण दिए जा रहे हैं। वार्ड और अस्पताल को क्वारंटीन किया जाता है, जिससे किसी भी प्रकार के संक्रमण को रोका जा सके।
--- स्वास्थ्य विभाग के जो कर्मचारी संदिग्ध और आइसोलेशन के संपर्क में आ रहे हैं। इसके अलावा क्वारंटीन और ओपीडी सेवाओं के साथ अस्पताल में सेवाएं देने वाले सभी कर्मियों का परीक्षण किया जाना है।
- डॉ. प्रताप सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
विज्ञापन
वैश्विक महामारी कोरोना के संक्रमण को नियंत्रित करने और मरीजों का उपचार करने में स्वास्थ्य विभाग लगातार सेवाएं दे रहा है। बाहर से आने वाले लोगों में लक्षण खोजने के लिए उनकी स्क्रीनिंग करने का कार्य और संदिग्ध पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति को क्वारंटीन कर निगरानी रखी जा रही है। संदिग्ध या लक्षण पाए जाने पर लोगों को भर्ती कर सैंपल लेकर जांच की जा रही है। सैंपल को जांच के लिए भी विभागीय कर्मचारी ही मेडिकल कॉलेज तक लेकर पहुंच रहे हैं। पुष्टि होने पर उपचार के लिए भी तैयार है। मरीज के संपर्क में आने से संक्रमण का भी खतरा बना हुआ है।
विज्ञापन
इसके चलते शासन के निर्देश हैं कि नोवल कोरोना वायरस संक्रमण के दौरान सेवाएं देने वाले स्वास्थ्य कर्मचारियों का परीक्षण कराया जाएगा। ताकि, विभागीय कर्मचारियों को संक्रमित होने से बचाया जा सके। अभी तक 12 एंबुलेंस कर्मियों का परीक्षण कराया गया है। शेष सभी का परीक्षण शीघ्र ही कराया जाएगा।
विज्ञापन
विभाग द्वारा सभी कर्मचारियों को बचाव करने के लिए सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। इसमें आइसोलेशन वार्ड में कार्य करने वाले कर्मचारियों को एन- 95 मॉस्क, पीपीई किट व अन्य बचाव के उपकरण दिए जा रहे हैं। वार्ड और अस्पताल को क्वारंटीन किया जाता है, जिससे किसी भी प्रकार के संक्रमण को रोका जा सके।
--- स्वास्थ्य विभाग के जो कर्मचारी संदिग्ध और आइसोलेशन के संपर्क में आ रहे हैं। इसके अलावा क्वारंटीन और ओपीडी सेवाओं के साथ अस्पताल में सेवाएं देने वाले सभी कर्मियों का परीक्षण किया जाना है।
- डॉ. प्रताप सिंह, मुख्य चिकित्सा अधिकारी