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नहीं सुधर सके शहर के हैंडपंप
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वार्ड न. 2 रैदासपुरा में खराब पड़े हैड़पंप
- फोटो : LALITPUR
ललितपुर। गर्मियों के मौसम में पेयजल के लिए संजीवनी हैंडपंपों को सुधारने की सुध नहीं ली जा रही है। शहर के मोहल्ला रैदासपुरा और विष्णुपुरा में अधिकांश हैंडपंप कई माहों से खराब पड़े हैं। इससे मोहल्लेवासियों को पानी जुटाने के लिए परेशान होना पड़ रहा है। जब सर्दियों के स्थिति यह है तो गर्मियों की क्या होगी। इसका अंदाजा स्वयं लगाया जा सकता है।
गर्मियों का मौसम आने वाला है। मौसम शुरुआत होते ही पेयजल का संकट बढ़ जाता है। शहर के कई मोहल्लों में कई दिनों तक आपूर्ति बाधित हो जाती है। इसका कारण जल संस्थान के उपकरण खराब होना, मोटर जलना, पाइप लाइन फटने जैसी कई समस्याएं सामने आने लगती हैं। कई बार बिजली आपूर्ति बाधित होने से जल संस्थान की मोटर नहीं चल पाती है। इससे कई ब टंकी भरने जैसी कई समस्याएं उत्पन्न हो जाती हैं, जिससे पेयजल आपूर्ति बाधित हो जाती है। लोगों को भीषण गर्मियों में पानी की किल्लत से जूझना पड़ता है।
गर्मियों के मौसम में शहर में लगे अधिकांश हैंडपंप ही संजीवनी बनते हैं। जहां पर लोगों को भले ही लंबी कतारों में लगकर पानी भरने के अपनी बारी का इंतजार करना पड़ता हो, लेकिन पानी मिल जाता है। पानी जुटाने के लिए लोग भीषण गर्मियों में भी हैंडपंप से पानी जुटा लेते हैं। कुछ ही दिनों में गर्मियों के सीजन की शुरुआत होने वाली है, इसके बाबजूद खराब पड़े हैंडपंपों को सुधारने की सुध नहीं ली जा रही है। जिसको लेकर मोहल्लेवासी परेशानी का सामना कर रहे हैं। इसके बाद भी जिम्मेदार हैंडपंपों को दुरुस्त नहीं करा रहे हैं।
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शहर के वार्ड नंबर दो रैदासपुरा मेां आधा दर्जन से अधिक हैंडपंप खराब हैं, जबकि यहां पर पर्याप्त मात्रा में जलापूर्ति नहीं हो पाती है। इसी तरह मोहल्ला विष्णुपुरा में मसीद की मजार के पास, रोशन बरार के मकान के पास, मोहल्ला नारायन पुरा में छत्तीमाता मंदिर के पास, बरबारा में हाइवे पर, कंचनधाम आश्रम, मोहल्ला खिरकापुरा में कांशीराम कॉलोनी और विष्णुपुरा में भी कांशीराम कॉलोनी में हैंडपंप खराब पड़े हैं।
सर्दियों में पानी की यह समस्या बनी हुई है, तो गर्मियों में स्थिति क्या होगी। इस मोहल्ले में गर्मियों में हैंडपंपों का ही सहारा होता है।
- प्रकाश कुशवाहा
पानी जुटाने में अधिक समय लग जाता है। इससे कई कार्य प्रभावित हो जाते हैं। बच्चे भी विद्यालयों के समय पर तैयार नहीं हो पा रहे हैं। हैंडपंपों को ठीक कराया जाए।
- गीता
मोहल्लों में खराब पड़े हैंडपंपों को ठीक कराया जाए, जिससे पानी की सुविधा हो सके। वर्तमान में पानी की सुविधा के लिए गांव जैसे हालात बने हुए हैं।
- बद्री कुशवाहा
अधिकांश मोहल्ले में पेयजल आपूर्ति बाधित रहती है। ऐसे में हैंडपंप ही एकमात्र पानी जुटाने के लिए सहारा हैं, लेकिन खराब होने से दूर से पानी लाना पड़ रहा है।
- गौरीशंकर
वार्ड नंबर दो रैदास में खराब पड़े हैंडपं ों को ठीक कराए जाने को लेकर कई बार शिकायती पत्र दिया, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
- मुकेश रजक, सभासद
नगर पालिका के वार्ड नंबर दो रैदासपुरा में हैंडपंप खराब होने की जानकारी हुई है। इसकी जांच कराकर ठीक कराया जाएगा।
- संजीव कुमार, अधिशाषी अभियंता, जल संस्थान
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गर्मियों का मौसम आने वाला है। मौसम शुरुआत होते ही पेयजल का संकट बढ़ जाता है। शहर के कई मोहल्लों में कई दिनों तक आपूर्ति बाधित हो जाती है। इसका कारण जल संस्थान के उपकरण खराब होना, मोटर जलना, पाइप लाइन फटने जैसी कई समस्याएं सामने आने लगती हैं। कई बार बिजली आपूर्ति बाधित होने से जल संस्थान की मोटर नहीं चल पाती है। इससे कई ब टंकी भरने जैसी कई समस्याएं उत्पन्न हो जाती हैं, जिससे पेयजल आपूर्ति बाधित हो जाती है। लोगों को भीषण गर्मियों में पानी की किल्लत से जूझना पड़ता है।
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गर्मियों के मौसम में शहर में लगे अधिकांश हैंडपंप ही संजीवनी बनते हैं। जहां पर लोगों को भले ही लंबी कतारों में लगकर पानी भरने के अपनी बारी का इंतजार करना पड़ता हो, लेकिन पानी मिल जाता है। पानी जुटाने के लिए लोग भीषण गर्मियों में भी हैंडपंप से पानी जुटा लेते हैं। कुछ ही दिनों में गर्मियों के सीजन की शुरुआत होने वाली है, इसके बाबजूद खराब पड़े हैंडपंपों को सुधारने की सुध नहीं ली जा रही है। जिसको लेकर मोहल्लेवासी परेशानी का सामना कर रहे हैं। इसके बाद भी जिम्मेदार हैंडपंपों को दुरुस्त नहीं करा रहे हैं।
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शहर के वार्ड नंबर दो रैदासपुरा मेां आधा दर्जन से अधिक हैंडपंप खराब हैं, जबकि यहां पर पर्याप्त मात्रा में जलापूर्ति नहीं हो पाती है। इसी तरह मोहल्ला विष्णुपुरा में मसीद की मजार के पास, रोशन बरार के मकान के पास, मोहल्ला नारायन पुरा में छत्तीमाता मंदिर के पास, बरबारा में हाइवे पर, कंचनधाम आश्रम, मोहल्ला खिरकापुरा में कांशीराम कॉलोनी और विष्णुपुरा में भी कांशीराम कॉलोनी में हैंडपंप खराब पड़े हैं।
सर्दियों में पानी की यह समस्या बनी हुई है, तो गर्मियों में स्थिति क्या होगी। इस मोहल्ले में गर्मियों में हैंडपंपों का ही सहारा होता है।
- प्रकाश कुशवाहा
पानी जुटाने में अधिक समय लग जाता है। इससे कई कार्य प्रभावित हो जाते हैं। बच्चे भी विद्यालयों के समय पर तैयार नहीं हो पा रहे हैं। हैंडपंपों को ठीक कराया जाए।
- गीता
मोहल्लों में खराब पड़े हैंडपंपों को ठीक कराया जाए, जिससे पानी की सुविधा हो सके। वर्तमान में पानी की सुविधा के लिए गांव जैसे हालात बने हुए हैं।
- बद्री कुशवाहा
अधिकांश मोहल्ले में पेयजल आपूर्ति बाधित रहती है। ऐसे में हैंडपंप ही एकमात्र पानी जुटाने के लिए सहारा हैं, लेकिन खराब होने से दूर से पानी लाना पड़ रहा है।
- गौरीशंकर
वार्ड नंबर दो रैदास में खराब पड़े हैंडपं ों को ठीक कराए जाने को लेकर कई बार शिकायती पत्र दिया, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
- मुकेश रजक, सभासद
नगर पालिका के वार्ड नंबर दो रैदासपुरा में हैंडपंप खराब होने की जानकारी हुई है। इसकी जांच कराकर ठीक कराया जाएगा।
- संजीव कुमार, अधिशाषी अभियंता, जल संस्थान