{"_id":"68cc60398809d97d280e5e6a","slug":"a-farmer-reached-the-office-with-a-rope-after-not-being-paid-for-the-grain-sold-for-two-years-lalitpur-news-c-131-1-sjhs1012-142895-2025-09-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lalitpur News: दो साल से अनाज बेचने का भुगतान न होने पर किसान रस्सी लेकर पहुंचा कार्यालय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lalitpur News: दो साल से अनाज बेचने का भुगतान न होने पर किसान रस्सी लेकर पहुंचा कार्यालय
विज्ञापन
- विभागीय अधिकारियों ने कहा शिकायत का किया गया निस्तारण
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। दो साल से क्रय केंद्र पर बेची गई मसूर का रुपये न मिलने पर किसान बृहस्पतिवार को विकास भवन में स्थित एआर कॉआपरेटिव ऑफिस रस्सी लेकर पहुंच गया। जिससे यहां हड़कंप मच गया। हालांकि विभागीय अधिकारी किसान के रस्सी लेकर कार्यालय आने की बात को नकार रहे हैं और एक व्यक्ति के शिकायत करने आने और उसकी शिकायत का निस्तारण कर देने की बात कह रहे हैं।
तहसील महरौनी अंतर्गत एक ग्राम निवासी किसान ने अपनी दादी के नाम से गल्ला मंडी में खुले क्रय केंद्र पर दो साल पहले मसूर बेची थी। लेकिन उसके बेचे गए अनाज का भुगतान अभी नहीं हुआ था। वह भुगतान के लिए यहां से वहां चक्कर काट रहा था। इसको लेकर उक्त किसान लगातार शिकायत और प्रार्थना पत्र दे रहा था। हाल ही में उसने इसकी शिकायत आईजीआरए पोर्टल पर भी की थी। बृहस्पतिवार को उक्त किसान विकास भवन में स्थित एआर कॉआपरेटिव पहुंच गया। एआर कॉआपरेटिव अर्विन मेहर ने बताया कि रस्सी लेकर इस प्रकार कोई भी किसान उनके कार्यालय नहीं आया था। एक शिकायतकर्ता जरूर अपनी शिकायत लेकर आया था। जिसकी शिकायत का निस्तारण कर दिया गया है। यह खबर विकास भवन में दिन भर चर्चा का विषय बनी रही।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। दो साल से क्रय केंद्र पर बेची गई मसूर का रुपये न मिलने पर किसान बृहस्पतिवार को विकास भवन में स्थित एआर कॉआपरेटिव ऑफिस रस्सी लेकर पहुंच गया। जिससे यहां हड़कंप मच गया। हालांकि विभागीय अधिकारी किसान के रस्सी लेकर कार्यालय आने की बात को नकार रहे हैं और एक व्यक्ति के शिकायत करने आने और उसकी शिकायत का निस्तारण कर देने की बात कह रहे हैं।
तहसील महरौनी अंतर्गत एक ग्राम निवासी किसान ने अपनी दादी के नाम से गल्ला मंडी में खुले क्रय केंद्र पर दो साल पहले मसूर बेची थी। लेकिन उसके बेचे गए अनाज का भुगतान अभी नहीं हुआ था। वह भुगतान के लिए यहां से वहां चक्कर काट रहा था। इसको लेकर उक्त किसान लगातार शिकायत और प्रार्थना पत्र दे रहा था। हाल ही में उसने इसकी शिकायत आईजीआरए पोर्टल पर भी की थी। बृहस्पतिवार को उक्त किसान विकास भवन में स्थित एआर कॉआपरेटिव पहुंच गया। एआर कॉआपरेटिव अर्विन मेहर ने बताया कि रस्सी लेकर इस प्रकार कोई भी किसान उनके कार्यालय नहीं आया था। एक शिकायतकर्ता जरूर अपनी शिकायत लेकर आया था। जिसकी शिकायत का निस्तारण कर दिया गया है। यह खबर विकास भवन में दिन भर चर्चा का विषय बनी रही।
विज्ञापन