फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   परिवहन नियमों की अनदेखी कर धड़ल्ले से चल रही बस एजेंसी

परिवहन नियमों की अनदेखी कर धड़ल्ले से चल रही बस एजेंसी

Tue, 28 Aug 2018 01:24 AM IST
Updated Tue, 28 Aug 2018 01:24 AM IST
विज्ञापन
परिवहन नियमों की अनदेखी कर धड़ल्ले से चल रही बस एजेंसी
नियमों की अनदेखी कर चल रही बस एजेंसी
विज्ञापन

- परिवहन विभाग के अफसर बने बेपरवाह
- जिले में एक भी पंजीकृत नहीं टूरिस्ट बस एजेंसी
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। जिले में कई बस एजेंसी परिवहन नियमों को धता बताते हुए टूरिस्ट परमिट लेकर यात्रियों को सफर करा रहे हैं। जिन अधिकारियों के कंधों पर नियमों का पालन कराने की जिम्मेदारी हैं। वह खुद इसको लेकर उदासीन बने हुए हैं। जिससे एजेंसी चालक मालामाल हो रहे हैं। सहायक परिवहन अधिकारी सत्येंद्र कुमार के मुताबिक जिले में एक भी टूरिस्ट एजेंसी पंजीकृत नहीं है।
जिले में कई बस एजेंसी परिवहन नियमों की अनदेखी कर धड़ल्ले से संचालित हो रही हैं। टूरिस्ट बसों का परमिट नियमित समय के लिए नहीं दिया जाता है। बस के आने जाने के लिए परिवहन विभाग को सूचित करना होता है। लेकिन जिले में कई टूरिस्ट बसों के संचालक नियमों की अनदेखी कर रहे हैं। इस ओर विभाग भी उदासीन बना हुआ है। जिसका टूरिस्ट बस के संचालक फायदा उठा रहे हैं। इन बसों के संचालक प्रतिदिन जिले के सुदूर क्षेत्रों में अपनी निजी बसों को भेजकर मुख्यालय पर एकत्रित कर एक बस में सफर करा देतेे हैं। अन्य क्षेत्रों से यात्रियों को लाने वाली बसों को केवल मुख्यालय तक ही सीमित रखा गया है। तालबेहट, बार व महरौनी से इंदौर के लिए बसों का संचालन किया जाता है। बसों में सवारियां भले की कम क्यों न हो, लेकिन बस अपने गंतव्य स्थान तक पहुंचती है। इन बसों में सवारियों से अधिक वजन का माल आ रहा है। जिससे बसें हमेशा ही ओवरलोड आती है। इन बसों से अन्य प्रदेशों से माल उत्तर प्रदेश में बिना किसी टैक्स के आ जाता है। क्योंकि इनमें माल भेजने के लिए बिल की आवश्यकता नहीं होती है। यदि बसों को माल का भाड़ा कम हो जाए तो यह उस दिन आना जाना बंद कर देती हैं। माल ज्यादा होने पर सवारियों की संख्या कम हो जाती है। लेकिन माल कभी सवारियों की वजह से कम नहीं होता है। जिस पर विभागीय अधिकारी अंजान बने हुए हैं।
विज्ञापन


जिले में एक भी बस टूरिस्ट एजेंसी पंजीकृत नहीं हैं। ऑल इंडिया परमिट बसों का परमिट मंडल से जारी किया जाता है। अभियान चलाकर अपंजीकृत एजेंसियों के संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - सत्येंद्र कुमार
विज्ञापन
विज्ञापन

सहायक परिवहन अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed