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बजट के अभाव में अटका जेपीसी पर सोलर प्लांट का कार्य

Tue, 07 Nov 2017 01:30 AM IST
Updated Tue, 07 Nov 2017 01:30 AM IST
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बजट के अभाव में अटका जेपीसी पर सोलर प्लांट का कार्य

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बजट के अभाव में अटका सोलर प्लांट का काम
जेपीसी नहर पर बनना है छह मेगावाट का सौर ऊर्जा संयंत्र
नहर के लिए बने हैं छह केनाल पंप, अभी चार हो रहे संचालित
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। जाखलौन पंप केनाल पर बनाए जा रहे सौर ऊर्जा प्लांट का कार्य बजट के अभाव में अटक गया है। मॉडल निर्माण होने के साथ ही यहां स्विच यार्ड का कार्य भी अधूरा है। जेपीसी नहर के सुचारु संचालन के लिए यहां करीब छह मेगावाट का सौर ऊर्जा प्लांट बनाया जाना है।

राजघाट बांध की तलहटी बंदरगुढ़ा में जाखलौन पंप केनाल की 35 किलोमीटर लंबी नहर से करीब डेढ़ सौ गांवों के खेतों की सिंचाई होती है। नहर संचालन के लिए यहां छह पंप बांध की तलहटी में लगाए गए हैं। कभी बिजली वोल्टेज की कमी तो कभी अन्य तकनीकी कमियों के चलते वर्तमान में चार केनाल पंपों का ही संचालन हो रहा है। इसके चलते पूरी क्षमता के साथ नहर में सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। इस समय मात्र 29 किलोमीटर तक ही पानी पहुंच रहा है। इसके चलते हर वर्ष दर्जनों गांव सिंचाई से वंचित रह जाते हैं। पंप केनाल के लिए पूर्ण क्षमता के साथ संचालन के लिए सिंचाई विभाग द्वारा यहां जेपीसी नहर पर 3.42 मेगावाट का पीवी ऊर्जा संयत्र 24.80 करोड़ रुपये व 2.50 मेगावाट का संयंत्र 17 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया जाना है। इन संयंत्रों की स्थापना के लिए हर वर्ष बिजली विभाग को करोड़ों रुपए के बिलों के भुगतान से भी सिंचाई विभाग को मुक्ति मिल सकती है। इसके साथ ही ऑफ सीजन में तैयार होने वाली बिजली को बेचकर लाभ भी कमाया जा सकता है। सिंचाई विभाग द्वारा करीब डेढ़ वर्ष पूर्व इसके लिए जाखलौन पंप केनाल की नहर के ऊपर ही जगह की बचत करने के उद्देश्य से सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित करने की योजना तैयार की गई और इसका मॉडल भी नहर पर स्थापित किया गया, इसमें काफी हद तक सफलता भी मिली। मॉडल तैयार होने के बाद स्विच यार्ड को कमरे का निर्माण भी किया गया, लेकिन यह काम भी अधूरा ही बना हुआ है। सौर ऊर्जा संयंत्र के लिए पैनल आदि विभिन्न जरुरी उपकरण भी मंगा लिए गए, लेकिन शासन से बजट नहीं मिलने के कारण उक्त सौर ऊर्जा प्लांट का कार्य डेढ़ वर्ष से लगातार अटका हुआ है। करीब डेढ़ वर्ष पूर्व ही सिंचाई विभाग द्वारा जाखलौन पंप केनाल पर सोलर ग्रिड स्थापित करने के लिए टैंडर प्रक्रिया भी पूरी हो गई थी। लेकिन, अब बजट नहीं मिलने के कारण सौर ऊर्जा संयंत्र का कार्य अटका पड़ा है।
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इनका कहना है
जाखलौन पंप केनाल की नहर पर सौर ऊर्जा संयंत्र की स्थापना होना है। बजट नहीं मिलने की वजह से कार्य रुका है। बजट मिलते ही कार्य शुरु कराया जाएगा।
कर्मेंद्र अग्रवाल, अधिशासी अभियंता सिंचाई खंड द्वितीय।
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